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Faridabad News: डिजिटल अरेस्ट कर ठगी के मामले में दो आरोपी और गिरफ्तार
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मुंबई क्राइम ब्रांच का इंस्पेक्टर बनकर दिया था वारदात को अंजाम
पुलिस छह आरोपियों को पहले कर चुकी है गिरफ्तार
संवाद न्यूज एजेंसी
फरीदाबाद। डिजिटल अरेस्ट कर ठगी करने वाले दो और आरोपियों को एनआईटी साइबर थाना पुलिस ने बिहार के सिवान से गिरफ्तार किया है। आरोपियों ने खुद को मुंबई क्राइम ब्रांच का इंस्पेक्टर बताकर फरीदाबाद की एक महिला को मनी लॉन्ड्रिंग के केस में फंसाने की धमकी दी थी और डरा-धमकार उनसे करीब तीस लाख रुपये ऐंठ लिए थे। पकड़े गए आरोपियों की पहचान मासूम कुमार और सुजित कुमार के रूप में हुई है। पुलिस इस मामले में पहले ही छह आरोपियों को जेल भेज चुकी है।
पुलिस के अनुसार जून 2025 में पीड़ित महिला के पास एक कॉल आई थी। फोन करने वाले ने खुद को पुलिस अफसर बताते हुए कहा कि महिला का नाम जेट एयरवेज मनी लॉन्ड्रिंग केस में आया है और उन्हें घर में ही डिजिटल अरेस्ट किया जाता है। ठगों ने वीडियो कॉल पर फर्जी जज और सीनियर अफसरों से बात कराकर केस खत्म करने के नाम पर रुपयों की मांग की। डर के मारे महिला ने उनके बताए खाते में तीस लाख बीस हजार रुपये ट्रांसफर कर दिए। जांच में सामने आया कि आरोपी सुजित बैंक खाता ऑपरेट करता था, जबकि मासूम ने यह खाता ठगों को मुहैया कराया था। दोनों आरोपियों को कोर्ट में पेश कर जेल भेज दिया गया है।
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संवाद न्यूज एजेंसी
फरीदाबाद। डिजिटल अरेस्ट कर ठगी करने वाले दो और आरोपियों को एनआईटी साइबर थाना पुलिस ने बिहार के सिवान से गिरफ्तार किया है। आरोपियों ने खुद को मुंबई क्राइम ब्रांच का इंस्पेक्टर बताकर फरीदाबाद की एक महिला को मनी लॉन्ड्रिंग के केस में फंसाने की धमकी दी थी और डरा-धमकार उनसे करीब तीस लाख रुपये ऐंठ लिए थे। पकड़े गए आरोपियों की पहचान मासूम कुमार और सुजित कुमार के रूप में हुई है। पुलिस इस मामले में पहले ही छह आरोपियों को जेल भेज चुकी है।
पुलिस के अनुसार जून 2025 में पीड़ित महिला के पास एक कॉल आई थी। फोन करने वाले ने खुद को पुलिस अफसर बताते हुए कहा कि महिला का नाम जेट एयरवेज मनी लॉन्ड्रिंग केस में आया है और उन्हें घर में ही डिजिटल अरेस्ट किया जाता है। ठगों ने वीडियो कॉल पर फर्जी जज और सीनियर अफसरों से बात कराकर केस खत्म करने के नाम पर रुपयों की मांग की। डर के मारे महिला ने उनके बताए खाते में तीस लाख बीस हजार रुपये ट्रांसफर कर दिए। जांच में सामने आया कि आरोपी सुजित बैंक खाता ऑपरेट करता था, जबकि मासूम ने यह खाता ठगों को मुहैया कराया था। दोनों आरोपियों को कोर्ट में पेश कर जेल भेज दिया गया है।
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