फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Delhi NCR ›   Ghaziabad News ›   Administration's mega plan for Kanwar Yatra: Security cordon, 24-hour control room, and direct coordination with camp organizers.

कांवड़ यात्रा पर प्रशासन का मेगा प्लान: सुरक्षा घेरा, 24 घंटे कंट्रोल रूम और शिविर संचालकों से सीधा तालमेल

Ghaziabad Bureau गाजियाबाद ब्यूरो
Updated Fri, 24 Jul 2026 02:13 AM IST
विज्ञापन
Administration's mega plan for Kanwar Yatra: Security cordon, 24-hour control room, and direct coordination with camp organizers.
गाजियाबाद। कांवड़ यात्रा को सुरक्षित और व्यवस्थित तरीके से संपन्न कराने के लिए प्रशासन ने इस बार व्यापक सुरक्षा और सुविधा योजना तैयार की है। लाखों शिवभक्तों की आवाजाही को देखते हुए पुलिस-पीएसी के साथ आरएएफ, एनडीआरएफ, सिविल डिफेंस और अन्य सुरक्षा बलों की तैनाती की जाएगी। यात्रा की निगरानी के लिए 24 घंटे सक्रिय कंट्रोल रूम बनाए जाएंगे। साथ ही शिविर संचालकों से सीधे संवाद कर जमीनी समस्याओं के समाधान की व्यवस्था की गई है।
विज्ञापन

बृहस्पतिवार को कविनगर स्थित जानकी भवन सभागार, रामलीला मैदान में जिलाधिकारी रविंद्र कुमार मांदड़ की अध्यक्षता में कांवड़ यात्रा की तैयारियों को लेकर समन्वय बैठक आयोजित की गई। बैठक में पहली बार कांवड़ शिविर संचालकों, धार्मिक एवं सामाजिक संगठनों के प्रतिनिधियों और विभागीय अधिकारियों को एक मंच पर लाया गया।
विज्ञापन

जिलाधिकारी ने कहा कि कांवड़ यात्रा जनपद का प्रमुख धार्मिक आयोजन है। इसमें लाखों शिवभक्त विभिन्न मार्गों से होकर गुजरते हैं। प्रशासन की प्राथमिकता श्रद्धालुओं की सुरक्षा, सुगमता और सुविधाओं को सुनिश्चित करना है। उन्होंने सभी विभागों को यात्रा से जुड़ी व्यवस्थाओं को समय से पूरा करने और समस्याओं का गुणवत्तापूर्ण समाधान करने के निर्देश दिए।
विज्ञापन
विज्ञापन

78.5 किलोमीटर के प्रमुख मार्गों पर विशेष निगरानी
प्रशासन ने कांवड़ यात्रा के लिए जिले में 78.5 किलोमीटर लंबे दो प्रमुख मार्ग और 81 किलोमीटर लंबे दो सहायक मार्ग चिह्नित किए हैं। इन मार्गों पर सुरक्षा और यातायात व्यवस्था के लिए विशेष इंतजाम किए जा रहे हैं। मुरादनगर स्थित गंगनहर (छोटा हरिद्वार) समेत पांच से अधिक प्रमुख मंदिरों को प्रमुख स्नान स्थलों के रूप में चिह्नित किया गया है। मुरादनगर घाट पर श्रद्धालुओं की सुरक्षा के लिए रस्सियां, बैरिकेडिंग, सुरक्षा जाल, जंजीरें, चेतावनी बोर्ड और अन्य सुरक्षा उपकरण लगाए जा रहे हैं।
निगरानी के लिए चेकपोस्ट से वॉच टावर तक
कांवड़ मार्गों पर पुलिस चेकपोस्ट, सीसीटीवी कैमरे, बैरिकेडिंग, वॉच टावर, क्विक रिस्पॉन्स टीम और कतार प्रबंधन की व्यवस्था की जा रही है। यात्रा की सतत निगरानी और विभागों के बीच समन्वय के लिए एक मुख्य कंट्रोल रूम और पांच सेक्टर कंट्रोल रूम स्थापित किए गए हैं। इनका संचालन 24 घंटे सातों दिन किया जाएगा। व्यवस्था को प्रभावी बनाने के लिए 11 जोनल मजिस्ट्रेट, 24 सेक्टर मजिस्ट्रेट और 108 सब-सेक्टर मजिस्ट्रेट नियुक्त किए गए हैं। इसके अलावा पार्किंग, होल्डिंग एरिया, सार्वजनिक परिवहन, अग्नि सुरक्षा, यातायात प्रबंधन और आपदा प्रबंधन की तैयारियों की भी समीक्षा की गई।

6,970 स्ट्रीट लाइट और 40 जनरेटर रहेंगे तैयार
कांवड़ मार्गों पर प्रकाश व्यवस्था के लिए 6,970 स्ट्रीट लाइटें लगाई जा रही हैं। बिजली आपूर्ति बाधित होने की स्थिति में 40 जनरेटर बैकअप के रूप में उपलब्ध रहेंगे। बैठक में शिविर संचालकों ने मोबाइल शौचालय, गड्ढामुक्त और स्वच्छ सड़कें, खाद्य सामग्री आपूर्ति करने वाले वाहनों को अनुमति देने समेत कई सुझाव दिए। जिलाधिकारी ने संबंधित विभागों को इन समस्याओं के जल्द समाधान के निर्देश दिए। शिविर संचालकों ने कहा कि पहली बार प्रशासन ने सीधे संवाद कर उनकी समस्याओं को गंभीरता से सुना है।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed