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Noida News: नूरी की निशानदेही पर 21 किलो से अधिक गांजा बरामद
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रिमांड में खुला गांजा तस्करी का राज, खंडहरनुमा ठिकाने से मिली खेप
- पूछताछ में गिरोह के कई सदस्यों और सप्लाई चेन से जुड़े अहम सुराग हाथ लगे
माई सिटी रिपोर्टर
नोएडा। मादक पदार्थों की तस्करी के मामले में जेल में बंद कुख्यात महिला तस्कर नूरी को शुक्रवार को पुलिस न्यायालय की अनुमति से सात घंटे की कस्टडी रिमांड पर लेकर आई। पूछताछ के दौरान पुलिस ने सेक्टर-9 क्षेत्र के एक सुनसान और जर्जर मकान में छापा मारकर 21 किलो 200 ग्राम गांजा बरामद किया। पुलिस के अनुसार बरामद मादक पदार्थ की बाजार कीमत करीब साढ़े तीन से चार लाख रुपये है। रिमांड अवधि पूरी होने के बाद आरोपी महिला को दोबारा न्यायिक अभिरक्षा में जेल भेज दिया गया।
नूरी एनडीपीएस एक्ट के एक पुराने मामले में लंबे समय से फरार चल रही थी। लगातार दबिश के बाद उसने 23 जुलाई को अदालत में आत्मसमर्पण किया था। इसके बाद विवेचना को आगे बढ़ाने और छिपाए गए मादक पदार्थ की बरामदगी के लिए पुलिस ने उसकी कस्टडी रिमांड मांगी थी। रिमांड के दौरान नूरी की निशानदेही पर पुलिस सेक्टर-9 स्थित एक खंडहरनुमा परिसर तक पहुंची, जहां से बड़ी मात्रा में गांजा बरामद किया गया।
इस बरामदगी के बाद पहले से दर्ज मुकदमे में एनडीपीएस एक्ट की संबंधित धाराएं बढ़ा दी गई हैं। पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि यह खेप कहां से लाई गई थी और इसे किन क्षेत्रों में खपाने की तैयारी थी। पूछताछ में नूरी ने अपने नेटवर्क से जुड़े कई लोगों के बारे में जानकारी दी है। पुलिस इन नामों का सत्यापन कर रही है। पुलिस यह भी खंगाल रही है कि तस्करी से अर्जित रकम का इस्तेमाल किन संपत्तियों और व्यवसायों में किया गया। एसीपी मयंक तिवारी ने बताया कि हाल में पुलिस ने जिन तस्करों को गांजे के साथ गिरफ्तार किया था, उनके तार भी इसी नेटवर्क से जुड़े होने की आशंका है।
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महिला सरगना के जरिए संचालित होता था गिरोह : शुरुआती जांच में सामने आया है कि गिरोह का संचालन पूरी योजना के साथ किया जाता था। पुलिस के अनुसार नूरी ने कई लोगों को अलग-अलग जिम्मेदारियां दे रखी थीं, जिससे पूरी सप्लाई चेन बिना किसी बाधा के चलती रहे। जांच में यह भी देखा जा रहा है कि किन इलाकों में नियमित रूप से मादक पदार्थ पहुंचाए जाते थे।
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- पूछताछ में गिरोह के कई सदस्यों और सप्लाई चेन से जुड़े अहम सुराग हाथ लगे
माई सिटी रिपोर्टर
नोएडा। मादक पदार्थों की तस्करी के मामले में जेल में बंद कुख्यात महिला तस्कर नूरी को शुक्रवार को पुलिस न्यायालय की अनुमति से सात घंटे की कस्टडी रिमांड पर लेकर आई। पूछताछ के दौरान पुलिस ने सेक्टर-9 क्षेत्र के एक सुनसान और जर्जर मकान में छापा मारकर 21 किलो 200 ग्राम गांजा बरामद किया। पुलिस के अनुसार बरामद मादक पदार्थ की बाजार कीमत करीब साढ़े तीन से चार लाख रुपये है। रिमांड अवधि पूरी होने के बाद आरोपी महिला को दोबारा न्यायिक अभिरक्षा में जेल भेज दिया गया।
नूरी एनडीपीएस एक्ट के एक पुराने मामले में लंबे समय से फरार चल रही थी। लगातार दबिश के बाद उसने 23 जुलाई को अदालत में आत्मसमर्पण किया था। इसके बाद विवेचना को आगे बढ़ाने और छिपाए गए मादक पदार्थ की बरामदगी के लिए पुलिस ने उसकी कस्टडी रिमांड मांगी थी। रिमांड के दौरान नूरी की निशानदेही पर पुलिस सेक्टर-9 स्थित एक खंडहरनुमा परिसर तक पहुंची, जहां से बड़ी मात्रा में गांजा बरामद किया गया।
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इस बरामदगी के बाद पहले से दर्ज मुकदमे में एनडीपीएस एक्ट की संबंधित धाराएं बढ़ा दी गई हैं। पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि यह खेप कहां से लाई गई थी और इसे किन क्षेत्रों में खपाने की तैयारी थी। पूछताछ में नूरी ने अपने नेटवर्क से जुड़े कई लोगों के बारे में जानकारी दी है। पुलिस इन नामों का सत्यापन कर रही है। पुलिस यह भी खंगाल रही है कि तस्करी से अर्जित रकम का इस्तेमाल किन संपत्तियों और व्यवसायों में किया गया। एसीपी मयंक तिवारी ने बताया कि हाल में पुलिस ने जिन तस्करों को गांजे के साथ गिरफ्तार किया था, उनके तार भी इसी नेटवर्क से जुड़े होने की आशंका है।
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महिला सरगना के जरिए संचालित होता था गिरोह : शुरुआती जांच में सामने आया है कि गिरोह का संचालन पूरी योजना के साथ किया जाता था। पुलिस के अनुसार नूरी ने कई लोगों को अलग-अलग जिम्मेदारियां दे रखी थीं, जिससे पूरी सप्लाई चेन बिना किसी बाधा के चलती रहे। जांच में यह भी देखा जा रहा है कि किन इलाकों में नियमित रूप से मादक पदार्थ पहुंचाए जाते थे।