UP: 800 साल पुरानी अष्टधातु प्रतिमा चोरी करने वाला जैन मंदिर का सहायक और वेल्डर गिरफ्तार, एक करोड़ थी कीमत
गिरफ्तार आरोपियों की पहचान मुलायम सिंह निवासी गांव बिजोरी पाठक जनपद दमोह मध्यप्रदेश और चेतन निवासी गांव धूम मानिकपुर बादलपुर के रूप में हुई है। दोनों आरोपियों से पूछताछ की की गई है और यह भी जांच की जा रही है कि चोरी की वारदात में कोई अन्य व्यक्ति शामिल तो नहीं है।
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ग्रेटर नोएडा के ईकोटेक-3 कोतवाली पुलिस ने सुनपुरा गांव स्थित प्रचीन जैन मंदिर में हुई चोरी की वारदात का 24 घंटे के भीतर खुलासा करते हुए दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। चोरी करने वाले आरोपियों में मंदिर का सहायक और पूर्व वेल्डिंग कर्मचारी शामिल है।
पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से लगभग 800 वर्ष पुरानी अष्टधातु से निर्मित प्राचीन प्रतिमा, चांदी की पांडुकशिला के आठ टुकड़े, चांदी का नारियल और चांदी का कलश बरामद किया है। बरामद सामान की कीमत एक करोड़ से अधिक की है।
एसीपी राजीव कुमार गुप्ता के अनुसार सोमवार को सूचना मिली कि सुनपुरा गांव के जैन मंदिर में कार्यरत मुलायम और चेतन ने मंदिर परिसर से चांदी की पांडुशिला, नारियल, कलश और अष्ठधातु की प्राचीन प्रतिमा चोरी कर ली है। मामले में मंदिर के अकाउंटेंट आशीष कुमार की तहरीर के आधार पर बीएनएस की धारा-305(डी) प्राथमिकी दर्ज की गई।
घटना की गंभीरता को देखते हुए पुलिस टीम का गठन किया गया। इलेक्ट्रॉनिक सर्विलांस और गोपनीय सूचना के आधार पर मंगलवार को पुलिस ने सुनपुरा गांव क्षेत्र से दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ के दौरान आरोपियों की निशानदेही पर चोरी किया गया समस्त सामान बरामद किया गया।
गिरफ्तार आरोपियों की पहचान मुलायम सिंह निवासी गांव बिजोरी पाठक जनपद दमोह मध्यप्रदेश और चेतन निवासी गांव धूम मानिकपुर बादलपुर के रूप में हुई है। दोनों आरोपियों से पूछताछ की की गई है और यह भी जांच की जा रही है कि चोरी की वारदात में कोई अन्य व्यक्ति शामिल तो नहीं है। बरामद प्रतिमा और अन्य धार्मिक सामग्री को सुरक्षित रख लिया गया है। स्थानीय लोगों ने पुलिस की त्वरित कार्रवाई की सराहना की है।