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Noida News: पटवारियों के निजी कार्यालयों में कामकाज और निजी सहायकों पर उठे सवाल
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संवाद न्यूज एजेंसी
पटवारियों के निजी कार्यालयों में कामकाज और निजी सहायकों पर उठे सवाल
पुन्हाना। लघु सचिवालय में लाखों रुपये की लागत से पटवारियों के लिए पटवार घर बनाए जाने के बावजूद कई पटवारियों के निजी मकानों में कार्यालय चलाने और वहां निजी सहायकों के जरिए कामकाज करने का मामला सरकार तक पहुंच गया है। स्थानीय निवासी अजहरुद्दीन पुत्र अमीन ने राजस्व एवं आपदा प्रबंधन मंत्री विपुल गोयल को शिकायत भेजकर पटवारियों पर निजी सहायक रखने और उनके माध्यम से कथित तौर पर रिश्वतखोरी किए जाने के गंभीर आरोप लगाए हैं। बताया गया है कि मंत्री कार्यालय ने शिकायत को कार्रवाई के लिए जिला उपायुक्त कार्यालय भेजा है।
शिकायत में आरोप लगाया गया है कि पुन्हाना तहसील में कार्यरत कई पटवारियों ने अपने कार्यालयों में दो-दो निजी सहायक रखे हुए हैं। आरोप है कि ये सहायक लोगों से राजस्व संबंधी कार्य कराने के नाम पर रकम लेते हैं। शिकायतकर्ता के अनुसार कुछ पटवारी सप्ताह में केवल एक-दो दिन कार्यालय आते हैं, जबकि बाकी दिनों में निजी सहायक ही लोगों के काम देखते हैं।
सरकारी रिकॉर्ड में दखल का भी आरोप
शिकायत में निजी सहायकों पर सरकारी रिकॉर्ड से जुड़े कार्यों में कथित रूप से दखल देने और लोगों से भारी रकम वसूलने के आरोप भी लगाए गए हैं। शिकायतकर्ता ने दावा किया है कि तहसीलदार से लेकर एसडीएम स्तर तक अधिकारियों को निजी सहायकों की मौजूदगी की जानकारी है।
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सीसीटीवी से जांच की मांग
शिकायतकर्ता के मुताबिक लघु सचिवालय में लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज से भी इसकी जांच की जा सकती है कि पटवारी निर्धारित केबिन में बैठते हैं या निजी कार्यालयों में। आरोप है कि पटवारियों के लिए बनाए गए केबिन खाली पड़े रहते हैं, जिससे राजस्व संबंधी कार्यों के लिए आने वाले लोगों को परेशानी होती है। शिकायतकर्ता ने मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषी पाए जाने वालों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है।
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पटवारियों के निजी कार्यालयों में कामकाज और निजी सहायकों पर उठे सवाल
पुन्हाना। लघु सचिवालय में लाखों रुपये की लागत से पटवारियों के लिए पटवार घर बनाए जाने के बावजूद कई पटवारियों के निजी मकानों में कार्यालय चलाने और वहां निजी सहायकों के जरिए कामकाज करने का मामला सरकार तक पहुंच गया है। स्थानीय निवासी अजहरुद्दीन पुत्र अमीन ने राजस्व एवं आपदा प्रबंधन मंत्री विपुल गोयल को शिकायत भेजकर पटवारियों पर निजी सहायक रखने और उनके माध्यम से कथित तौर पर रिश्वतखोरी किए जाने के गंभीर आरोप लगाए हैं। बताया गया है कि मंत्री कार्यालय ने शिकायत को कार्रवाई के लिए जिला उपायुक्त कार्यालय भेजा है।
शिकायत में आरोप लगाया गया है कि पुन्हाना तहसील में कार्यरत कई पटवारियों ने अपने कार्यालयों में दो-दो निजी सहायक रखे हुए हैं। आरोप है कि ये सहायक लोगों से राजस्व संबंधी कार्य कराने के नाम पर रकम लेते हैं। शिकायतकर्ता के अनुसार कुछ पटवारी सप्ताह में केवल एक-दो दिन कार्यालय आते हैं, जबकि बाकी दिनों में निजी सहायक ही लोगों के काम देखते हैं।
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सरकारी रिकॉर्ड में दखल का भी आरोप
शिकायत में निजी सहायकों पर सरकारी रिकॉर्ड से जुड़े कार्यों में कथित रूप से दखल देने और लोगों से भारी रकम वसूलने के आरोप भी लगाए गए हैं। शिकायतकर्ता ने दावा किया है कि तहसीलदार से लेकर एसडीएम स्तर तक अधिकारियों को निजी सहायकों की मौजूदगी की जानकारी है।
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सीसीटीवी से जांच की मांग
शिकायतकर्ता के मुताबिक लघु सचिवालय में लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज से भी इसकी जांच की जा सकती है कि पटवारी निर्धारित केबिन में बैठते हैं या निजी कार्यालयों में। आरोप है कि पटवारियों के लिए बनाए गए केबिन खाली पड़े रहते हैं, जिससे राजस्व संबंधी कार्यों के लिए आने वाले लोगों को परेशानी होती है। शिकायतकर्ता ने मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषी पाए जाने वालों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है।