गोरखपुर: एयरपोर्ट पर रात नौ बजे की समय सीमा के चलते रद्द हुई थी मुंबई से आने वाली फ्लाइट, स्पाइसजेट ने दी सफाई
गोरखपुर एयरपोर्ट रक्षा मंत्रालय के अधीन संचालित होता है। यहां विमानों के संचालन के लिए रात नौ बजे तक का वॉच आवर निर्धारित है। एक नवंबर को इस समय सीमा को आगे बढ़ाने की अनुमति नहीं मिल सकी, जिसके चलते मुंबई से आने वाली स्पाइसजेट की उड़ान का संचालन नहीं हो पाया।
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मुंबई से गोरखपुर आने वाली स्पाइसजेट की उड़ान एसजी553 एक नवंबर को रद्द किए जाने और यात्रियों के विमान के पास जमीन पर सोते हुए तस्वीरों के सामने के बाद स्पाइसजेट ने अपना स्पष्टीकरण जारी किया है। इसके अनुसार, यह उड़ान एयरपोर्ट पर निर्धारित समय सीमा समाप्त होने के कारण रद्द करनी पड़ी। उड़ान रद्द होने से यात्रियों को परेशानी का सामना करना पड़ा। हालांकि, यात्रियों की सुविधा के लिए अगले दिन स्पाइसजेट ने अतिरिक्त उड़ान संचालित की थी।
उड़ान संचालन की अनुमति नहीं थी, तो क्यों कराई बोर्डिंग?
विमान रद्द कर दिए जाने के कारण, कुछ यात्रियों ने विमान के पास जमीन पर रात बिताई। सोशल मीडिया पर साझा किए गए वीडियो में कई यात्री विमान के नजदीक जमीन पर सोते नजर आए। यात्रियों ने सवाल उठाया कि जब गोरखपुर एयरपोर्ट पर रात नौ बजे के बाद उड़ान संचालन की अनुमति नहीं थी, तो उन्हें विमान में बोर्डिंग क्यों कराई गई?
रक्षा मंत्रालय के अधीन संचालित होता है गोरखपुर
गोरखपुर एयरपोर्ट रक्षा मंत्रालय के अधीन संचालित होता है। यहां विमानों के संचालन के लिए रात नौ बजे तक का वॉच आवर निर्धारित है। एक नवंबर को इस समय सीमा को आगे बढ़ाने की अनुमति नहीं मिल सकी, जिसके चलते मुंबई से आने वाली स्पाइसजेट की उड़ान का संचालन नहीं हो पाया।
स्पाइसजेट के प्रवक्ता के अनुसार, उड़ान रद्द होने से यात्रियों को हुई असुविधा को देखते हुए एयरलाइन ने दो नवंबर को अतिरिक्त व्यावसायिक उड़ान एसजी9553 की व्यवस्था की। इस उड़ान के जरिये एक नवंबर को रद्द हुई फ्लाइट के यात्रियों को उनके गंतव्य तक पहुंचाने में मदद की गई। एयरलाइन ने स्पष्ट किया कि उड़ान रद्द होने की वजह गोरखपुर एयरपोर्ट पर लागू परिचालन समय की पाबंदी थी। यात्रियों की ओर से साझा किए गए वीडियो और शिकायतों के बाद यह मामला चर्चा में आया था।