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Bhiwani News: सीबीएलयू में तीन से पांच अप्रैल तक होगी राष्ट्रीय महिला विद्यार्थी पार्लियामेंट
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चौधरी बंसीलाल विश्वविद्यालय में आयोजित पत्रकार वार्ता को संबोधित करतीं डॉ सोनल शेखावत व अन्य।
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भिवानी। चौधरी बंसीलाल विश्वविद्यालय में तीन से पांच अप्रैल तक राष्ट्रीय स्तर की महिला विद्यार्थी पार्लियामेंट का आयोजन किया जाएगा जिसमें देशभर के 20 विश्वविद्यालयों की टीमें हिस्सा लेंगी। हरियाणा में पहली बार इस तरह का आयोजन सीबीएलयू में होना बड़ी उपलब्धि माना जा रहा है।
कुलपति प्रो. दीप्ति धर्माणी के दिशा-निर्देशन और कुलसचिव डॉ. जितेंद्र भारद्वाज की उपस्थिति में आयोजित इस कार्यक्रम की जानकारी डीन स्टूडेंट वेलफेयर डॉ. सुरेश मलिक ने विश्वविद्यालय के ओल्ड परिसर में आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में दी। उन्होंने कहा कि महिला सशक्तीकरण की दिशा में यह पार्लियामेंट महत्वपूर्ण और कारगर पहल साबित होगी। इससे महिला विद्यार्थियों को कम्युनिकेशन स्किल्स विकसित करने और राजनीति में आने के लिए प्रोत्साहन मिलेगा साथ ही अपनी अभिव्यक्ति की झिझक दूर करने का अवसर भी मिलेगा।
उन्होंने बताया कि प्रतिभागी छात्राओं के ठहरने के लिए राधा स्वामी सत्संग भवन में आवासीय सुविधा संत कंवर महाराज द्वारा उपलब्ध कराई गई है जबकि विश्वविद्यालय प्रशासन की ओर से सभी जरूरी व्यवस्थाएं सुनिश्चित की जाएंगी। इससे पहले राष्ट्रीय स्तर के ऐसे आयोजन ओडिशा, गुजरात और मध्य प्रदेश में हो चुके हैं और यह चौथा आयोजन हरियाणा में हो रहा है।
कार्यक्रम में देशभर के 20 विश्वविद्यालयों की टीमें लेंगी हिस्सा
कार्यक्रम की आयोजन सचिव डॉ. सोनल शेखावत ने बताया कि ‘विकसित भारत 2047 : नारी की भूमिका’ विषय पर आयोजित इस महिला विद्यार्थी संसद में मुख्य अतिथि के रूप में सूचना आयुक्त नीता खेड़ा और समापन समारोह में वरिष्ठ आईपीएस अधिकारी गीता भारती शामिल होंगी। एसोसिएशन ऑफ इंडियन यूनिवर्सिटीज की यह चौथी राष्ट्रीय महिला विद्यार्थी संसद तीन अप्रैल को सुबह 11 बजे विश्वविद्यालय के नए परिसर में शुरू होगी। उन्होंने बताया कि इस आयोजन से महिला विद्यार्थियों को संसदीय कार्यप्रणाली को समझने और अपनी प्रतिभा को निखारने का अवसर मिलेगा। देशभर के 20 विश्वविद्यालयों की टीमों की भागीदारी के लिए एंट्री हो चुकी है। प्रोफेसर ऑफ प्रेक्टिस अजय मल्होत्रा ने बताया कि इस संसद का मुख्य उद्देश्य युवा नेतृत्व, लोकतांत्रिक मूल्यों और महिला सशक्तीकरण को बढ़ावा देना है। इस मौके पर डॉ. स्नेहलता, जनसंपर्क सेल समन्वयक ऋषि शर्मा, डॉ. उमा शाह और वीरेंद्र भी मौजूद रहे।
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कुलपति प्रो. दीप्ति धर्माणी के दिशा-निर्देशन और कुलसचिव डॉ. जितेंद्र भारद्वाज की उपस्थिति में आयोजित इस कार्यक्रम की जानकारी डीन स्टूडेंट वेलफेयर डॉ. सुरेश मलिक ने विश्वविद्यालय के ओल्ड परिसर में आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में दी। उन्होंने कहा कि महिला सशक्तीकरण की दिशा में यह पार्लियामेंट महत्वपूर्ण और कारगर पहल साबित होगी। इससे महिला विद्यार्थियों को कम्युनिकेशन स्किल्स विकसित करने और राजनीति में आने के लिए प्रोत्साहन मिलेगा साथ ही अपनी अभिव्यक्ति की झिझक दूर करने का अवसर भी मिलेगा।
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उन्होंने बताया कि प्रतिभागी छात्राओं के ठहरने के लिए राधा स्वामी सत्संग भवन में आवासीय सुविधा संत कंवर महाराज द्वारा उपलब्ध कराई गई है जबकि विश्वविद्यालय प्रशासन की ओर से सभी जरूरी व्यवस्थाएं सुनिश्चित की जाएंगी। इससे पहले राष्ट्रीय स्तर के ऐसे आयोजन ओडिशा, गुजरात और मध्य प्रदेश में हो चुके हैं और यह चौथा आयोजन हरियाणा में हो रहा है।
कार्यक्रम में देशभर के 20 विश्वविद्यालयों की टीमें लेंगी हिस्सा
कार्यक्रम की आयोजन सचिव डॉ. सोनल शेखावत ने बताया कि ‘विकसित भारत 2047 : नारी की भूमिका’ विषय पर आयोजित इस महिला विद्यार्थी संसद में मुख्य अतिथि के रूप में सूचना आयुक्त नीता खेड़ा और समापन समारोह में वरिष्ठ आईपीएस अधिकारी गीता भारती शामिल होंगी। एसोसिएशन ऑफ इंडियन यूनिवर्सिटीज की यह चौथी राष्ट्रीय महिला विद्यार्थी संसद तीन अप्रैल को सुबह 11 बजे विश्वविद्यालय के नए परिसर में शुरू होगी। उन्होंने बताया कि इस आयोजन से महिला विद्यार्थियों को संसदीय कार्यप्रणाली को समझने और अपनी प्रतिभा को निखारने का अवसर मिलेगा। देशभर के 20 विश्वविद्यालयों की टीमों की भागीदारी के लिए एंट्री हो चुकी है। प्रोफेसर ऑफ प्रेक्टिस अजय मल्होत्रा ने बताया कि इस संसद का मुख्य उद्देश्य युवा नेतृत्व, लोकतांत्रिक मूल्यों और महिला सशक्तीकरण को बढ़ावा देना है। इस मौके पर डॉ. स्नेहलता, जनसंपर्क सेल समन्वयक ऋषि शर्मा, डॉ. उमा शाह और वीरेंद्र भी मौजूद रहे।