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Bhiwani News: ड्रॉपआउट बच्चों को स्कूल लौटाने की जिम्मेदारी मुखियाओं को सौंपी
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भिवानी। शिक्षा विभाग ने सरकारी स्कूलों में जीरो ड्रॉपआउट लक्ष्य हासिल करने के लिए ड्रॉपआउट बच्चों को वापस स्कूलों में लाने की जिम्मेदारी स्कूल मुखियाओं को सौंप दी है। दाखिला बढ़ाने के लिए चल रहा विशेष अभियान 20 अप्रैल तक जारी रहेगा, जिसके तहत शिक्षक घर-घर जाकर बच्चों को स्कूल से जोड़ने का प्रयास कर रहे हैं।
विभाग ने दाखिला ग्राफ बढ़ाने के लिए शिक्षकों को बच्चों को स्कूल तक लाने की जिम्मेदारी दी है जबकि स्कूल मुखिया विद्यार्थियों को अगली कक्षा में प्रवेश दिलाने की प्रक्रिया संभालेंगे। प्रवेश उत्सव का शेड्यूल तीन चरणों में तैयार किया गया है जिसमें जागरूकता, नामांकन और निगरानी तक हर स्तर पर जिम्मेदारियां तय की गई हैं। इसमें स्कूल मुखिया, शिक्षक, एसएमसी और पंचायतों की सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित की गई है।
दूसरे चरण में कक्षा पांच और आठ के विद्यार्थियों के नए स्कूलों में नामांकन को प्राथमिकता दी जाएगी। इसके साथ ही ड्रॉपआउट बच्चों को दोबारा स्कूल से जोड़ने और स्थानांतरण के मामलों में विद्यार्थियों का समायोजन किया जाएगा। ऑनलाइन मूल्यांकन के माध्यम से सीखने के स्तर का आकलन किया जाएगा और स्कूल स्तर पर एसएमसी की बैठकें भी आयोजित होंगी।
जिला शिक्षा अधिकारी डॉ. निर्मल दहिया ने बताया कि विभाग के निर्देशानुसार सरकारी स्कूलों में नामांकन अभियान लगातार जारी है।
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विभाग ने दाखिला ग्राफ बढ़ाने के लिए शिक्षकों को बच्चों को स्कूल तक लाने की जिम्मेदारी दी है जबकि स्कूल मुखिया विद्यार्थियों को अगली कक्षा में प्रवेश दिलाने की प्रक्रिया संभालेंगे। प्रवेश उत्सव का शेड्यूल तीन चरणों में तैयार किया गया है जिसमें जागरूकता, नामांकन और निगरानी तक हर स्तर पर जिम्मेदारियां तय की गई हैं। इसमें स्कूल मुखिया, शिक्षक, एसएमसी और पंचायतों की सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित की गई है।
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दूसरे चरण में कक्षा पांच और आठ के विद्यार्थियों के नए स्कूलों में नामांकन को प्राथमिकता दी जाएगी। इसके साथ ही ड्रॉपआउट बच्चों को दोबारा स्कूल से जोड़ने और स्थानांतरण के मामलों में विद्यार्थियों का समायोजन किया जाएगा। ऑनलाइन मूल्यांकन के माध्यम से सीखने के स्तर का आकलन किया जाएगा और स्कूल स्तर पर एसएमसी की बैठकें भी आयोजित होंगी।
जिला शिक्षा अधिकारी डॉ. निर्मल दहिया ने बताया कि विभाग के निर्देशानुसार सरकारी स्कूलों में नामांकन अभियान लगातार जारी है।

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