{"_id":"6a7b14733c18a0ad5e09579a","slug":"ayush-medical-services-reached-villages-from-27-panchakarma-centers-aarti-chandigarh-haryana-news-c-16-1-pkl1089-1094063-2026-08-11","type":"story","status":"publish","title_hn":"27 पंचकर्म केंद्रों से गांवों तक पहुंचीं आयुष चिकित्सा सेवाएं : आरती","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
27 पंचकर्म केंद्रों से गांवों तक पहुंचीं आयुष चिकित्सा सेवाएं : आरती
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
1,771 शिविरों में 10,900 से अधिक लोगों की जांच, क्रोनिक रोगों की रोकथाम पर जोर
अमर उजाला ब्यूरो
चंडीगढ़। स्वास्थ्य मंत्री आरती सिंह राव ने कहा कि हरियाणा में क्रोनिक और जीवनशैली से जुड़ी बीमारियों की रोकथाम के लिए पंचकर्म और आयुष चिकित्सा सेवाओं का दायरा बढ़ाया जा रहा है। प्रदेश में पंचकर्म के 27 केंद्र संचालित हैं। इनमें आयुष विभाग के छह और राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन के तहत 21 केंद्र हैं। इन केंद्रों के जरिए लोगों को आयुष आधारित उपचार और स्वास्थ्य संबंधी परामर्श उपलब्ध कराया जा रहा है।
यहां जारी बयान में स्वास्थ्य मंत्री आरती सिंह राव ने बताया कि हाल में राष्ट्रीय पोषण माह/सेवा पखवाड़ा के दौरान प्रदेशभर में 1,771 आयुष स्वास्थ्य शिविर लगाए गए। इनमें 10,900 से अधिक लोगों की निशुल्क स्वास्थ्य जांच कर चिकित्सकीय परामर्श दिया गया। उन्होंने कहा कि आयुर्वेद, योग एवं प्राकृतिक चिकित्सा, यूनानी और होम्योपैथी का इस्तेमाल बीमारी के उपचार के साथ उसकी रोकथाम में भी उपयोगी है।
प्रदेश में 515 आयुर्वेदिक, 16 यूनानी और 24 होम्योपैथिक औषधालय हैं। राष्ट्रीय आयुष मिशन के तहत जिला अस्पतालों में 21 आयुष विंग, सीएचसी में 102 आयुष आईपीडी और पीएचसी में 106 आयुष ओपीडी संचालित हैं। सरकार का फोकस विशेष रूप से ग्रामीण और दूरदराज के क्षेत्रों में आयुष सेवाओं की पहुंच बढ़ाने पर है।
विज्ञापन
विज्ञापन
अमर उजाला ब्यूरो
चंडीगढ़। स्वास्थ्य मंत्री आरती सिंह राव ने कहा कि हरियाणा में क्रोनिक और जीवनशैली से जुड़ी बीमारियों की रोकथाम के लिए पंचकर्म और आयुष चिकित्सा सेवाओं का दायरा बढ़ाया जा रहा है। प्रदेश में पंचकर्म के 27 केंद्र संचालित हैं। इनमें आयुष विभाग के छह और राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन के तहत 21 केंद्र हैं। इन केंद्रों के जरिए लोगों को आयुष आधारित उपचार और स्वास्थ्य संबंधी परामर्श उपलब्ध कराया जा रहा है।
यहां जारी बयान में स्वास्थ्य मंत्री आरती सिंह राव ने बताया कि हाल में राष्ट्रीय पोषण माह/सेवा पखवाड़ा के दौरान प्रदेशभर में 1,771 आयुष स्वास्थ्य शिविर लगाए गए। इनमें 10,900 से अधिक लोगों की निशुल्क स्वास्थ्य जांच कर चिकित्सकीय परामर्श दिया गया। उन्होंने कहा कि आयुर्वेद, योग एवं प्राकृतिक चिकित्सा, यूनानी और होम्योपैथी का इस्तेमाल बीमारी के उपचार के साथ उसकी रोकथाम में भी उपयोगी है।
विज्ञापन
प्रदेश में 515 आयुर्वेदिक, 16 यूनानी और 24 होम्योपैथिक औषधालय हैं। राष्ट्रीय आयुष मिशन के तहत जिला अस्पतालों में 21 आयुष विंग, सीएचसी में 102 आयुष आईपीडी और पीएचसी में 106 आयुष ओपीडी संचालित हैं। सरकार का फोकस विशेष रूप से ग्रामीण और दूरदराज के क्षेत्रों में आयुष सेवाओं की पहुंच बढ़ाने पर है।
विज्ञापन