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Fatehabad News: जाखल को नहरी पानी का इंतजार
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जाखल में लगी पानी की मोटर
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जाखल। भाखड़ा नहर का पेयजल जाखल तक पहुंचाने की योजना वर्षों बाद भी जमीन पर नहीं उतर सकी है। अधिकारियों के अनुसार परियोजना के लिए पांच से छह एकड़ भूमि उपलब्ध न होने से काम आगे नहीं बढ़ पा रहा। इस कारण शहरवासी अभी भी नहरी पानी का इंतजार कर रहे हैं।
शहर में पेयजल आपूर्ति मुख्य रूप से ट्यूबवेल और सबमर्सिबल पर निर्भर है। गर्मी बढ़ने के साथ पानी की मांग भी बढ़ गई है जिससे जलापूर्ति व्यवस्था पर अतिरिक्त दबाव पड़ रहा है। कई इलाकों में कम दबाव से पानी पहुंच रहा है जबकि कुछ स्थानों पर आपूर्ति का समय भी प्रभावित हो रहा है। इसके चलते लोगों को रोजमर्रा की जरूरतें पूरी करने में परेशानी उठानी पड़ रही है।
स्थानीय नागरिकों का कहना है कि ट्यूबवेल का पानी अपेक्षाकृत अधिक खारा है। इसका असर घरों में लगे आरओ सिस्टम पर पड़ रहा है। इस कारण वे बार-बार खराब हो जाते हैं। इसके अलावा पानी की गुणवत्ता को लेकर भी लोगों में चिंता बनी हुई है। लोगों का कहना है कि भाखड़ा नहर का पानी मिलने से पेयजल की गुणवत्ता बेहतर होगी और उनको लंबे समय से चली आ रही समस्या से राहत मिलेगी।
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शहर के लोगों का कहना है कि जाखल तक नहरी पानी पहुंचाने की मांग कई वर्षों से उठाई जा रही है। समय-समय पर यह मुद्दा राजनीतिक और प्रशासनिक चर्चाओं में भी रहा लेकिन अब तक कोई ठोस परिणाम सामने नहीं आया। बढ़ती आबादी के साथ पेयजल की मांग भी बढ़ रही है, जबकि उपलब्ध संसाधनों पर दबाव लगातार बढ़ता जा रहा है।
संबंधित अधिकारियों का कहना है कि योजना को साकार करने के लिए आवश्यक भूमि उपलब्ध होते ही आगे की प्रक्रिया शुरू की जा सकती है। फिलहाल जमीन की कमी सबसे बड़ी बाधा बनी हुई है। संवाद
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ये बोले शहरवासी
शहर में वर्षों से भाखड़ा नहर का पानी लाने की बातें हो रही हैं लेकिन आज तक कोई समाधान नहीं हुआ। ट्यूबवेल का पानी कई बार पीने योग्य भी नहीं लगता। जल्द भाखड़ा नहर का पानी मिलना चाहिए।
- दीपक खनेजा, शहरवासी
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गर्मी के दिनों में पानी की सबसे ज्यादा परेशानी होती है। कई बार सुबह से शाम तक पानी का इंतजार करना पड़ता है। सरकार को इस समस्या के समाधान पर गंभीरता से काम करना चाहिए।
- कांत जैन, शहरवासी
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-जाखल शहर में मूलभूत सुविधाओं की स्थिति अभी भी कमजोर है। स्वच्छ पेयजल हर नागरिक का अधिकार है। प्रशासन को जनता की समस्या समझनी चाहिए। जल्द भाखड़ा पानी की मांग पूरी होनी चाहिए।
- जतिंदर शर्मा, शहरवासी
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-शहरवासियों की नहरी पानी की मांग जायज है। भाखड़ा का पानी मिलने से लोगों की समस्या को दूर होगी। प्रदेश सरकार और प्रशासन से मांग है कि जल्द ही इस समस्या को दूर करवाया जाएगा।
- किरन शर्मा, मंडल अध्यक्ष, भाजपा जाखल
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जमीन की अनुपलब्धता के कारण जाखल तक नहरी पानी पहुंचने में बाधा आ रही है। यदि प्रशासन को पांच, छह एकड़ उपयुक्त जमीन मिल जाए तो नहरी पानी की व्यवस्था की जा सकती है। जमीन मिलने पर ही यह समस्या दूर हो सकती है।
- मुख्तयार सिंह, जेई जनस्वास्थ्य विभाग टोहाना
शहर में पेयजल आपूर्ति मुख्य रूप से ट्यूबवेल और सबमर्सिबल पर निर्भर है। गर्मी बढ़ने के साथ पानी की मांग भी बढ़ गई है जिससे जलापूर्ति व्यवस्था पर अतिरिक्त दबाव पड़ रहा है। कई इलाकों में कम दबाव से पानी पहुंच रहा है जबकि कुछ स्थानों पर आपूर्ति का समय भी प्रभावित हो रहा है। इसके चलते लोगों को रोजमर्रा की जरूरतें पूरी करने में परेशानी उठानी पड़ रही है।
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स्थानीय नागरिकों का कहना है कि ट्यूबवेल का पानी अपेक्षाकृत अधिक खारा है। इसका असर घरों में लगे आरओ सिस्टम पर पड़ रहा है। इस कारण वे बार-बार खराब हो जाते हैं। इसके अलावा पानी की गुणवत्ता को लेकर भी लोगों में चिंता बनी हुई है। लोगों का कहना है कि भाखड़ा नहर का पानी मिलने से पेयजल की गुणवत्ता बेहतर होगी और उनको लंबे समय से चली आ रही समस्या से राहत मिलेगी।
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संबंधित अधिकारियों का कहना है कि योजना को साकार करने के लिए आवश्यक भूमि उपलब्ध होते ही आगे की प्रक्रिया शुरू की जा सकती है। फिलहाल जमीन की कमी सबसे बड़ी बाधा बनी हुई है। संवाद
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ये बोले शहरवासी
शहर में वर्षों से भाखड़ा नहर का पानी लाने की बातें हो रही हैं लेकिन आज तक कोई समाधान नहीं हुआ। ट्यूबवेल का पानी कई बार पीने योग्य भी नहीं लगता। जल्द भाखड़ा नहर का पानी मिलना चाहिए।
- दीपक खनेजा, शहरवासी
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गर्मी के दिनों में पानी की सबसे ज्यादा परेशानी होती है। कई बार सुबह से शाम तक पानी का इंतजार करना पड़ता है। सरकार को इस समस्या के समाधान पर गंभीरता से काम करना चाहिए।
- कांत जैन, शहरवासी
-जाखल शहर में मूलभूत सुविधाओं की स्थिति अभी भी कमजोर है। स्वच्छ पेयजल हर नागरिक का अधिकार है। प्रशासन को जनता की समस्या समझनी चाहिए। जल्द भाखड़ा पानी की मांग पूरी होनी चाहिए।
- जतिंदर शर्मा, शहरवासी
-शहरवासियों की नहरी पानी की मांग जायज है। भाखड़ा का पानी मिलने से लोगों की समस्या को दूर होगी। प्रदेश सरकार और प्रशासन से मांग है कि जल्द ही इस समस्या को दूर करवाया जाएगा।
- किरन शर्मा, मंडल अध्यक्ष, भाजपा जाखल
जमीन की अनुपलब्धता के कारण जाखल तक नहरी पानी पहुंचने में बाधा आ रही है। यदि प्रशासन को पांच, छह एकड़ उपयुक्त जमीन मिल जाए तो नहरी पानी की व्यवस्था की जा सकती है। जमीन मिलने पर ही यह समस्या दूर हो सकती है।
- मुख्तयार सिंह, जेई जनस्वास्थ्य विभाग टोहाना