{"_id":"6a593340c522786a46097e25","slug":"a-bridge-will-be-built-over-the-balsamand-canal-to-connect-camry-road-with-the-canal-at-a-cost-of-rs-49-crore-hisar-news-c-21-hsr1020-911445-2026-07-17","type":"story","status":"publish","title_hn":"Hisar News: बालसमंद नहर पर कैमरी रोड को जोड़ने के लिए 4.9 करोड़ रुपये से बनेगा पुल","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Hisar News: बालसमंद नहर पर कैमरी रोड को जोड़ने के लिए 4.9 करोड़ रुपये से बनेगा पुल
विज्ञापन
कैमरी रोड को साऊथ बाईपास पर जोड़ने के लिए यहां बनेगा आरसीसी पुल। अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विज्ञापन
हिसार। कैमरी रोड क्षेत्र के लोगों को जल्द ही आवागमन की बड़ी राहत मिलने वाली है। बालसमंद नहर पर करीब 4.9 करोड़ रुपये की लागत से नए पुल का निर्माण किया जाएगा। पुल बनने के बाद कैमरी रोड पर बसी 12 से अधिक कॉलोनियों के करीब 20 हजार लोगों को सीधा संपर्क मार्ग मिलेगा। इससे सेक्टर 16-17 और साउथ बाईपास पहुंचने के लिए दो रेलवे ओवरब्रिज (आरओबी) से होकर लंबा रास्ता तय करने की मजबूरी समाप्त हो जाएगी। लोक निर्माण विभाग (पीडब्ल्यूडी) इस परियोजना को करीब 18 माह में पूरा करेगा।
डीएवी स्कूल रोड के सामने बालसमंद नहर पर बनने वाले इस आरसीसी पुल के निर्माण की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। विभाग ने इसके लिए निजी कंपनियों से आवेदन मांगे हैं। प्रस्तावित पुल की चौड़ाई 7 मीटर होगी, जबकि वर्तमान में इस मार्ग पर 5.5 मीटर चौड़ाई की व्यवस्था है। इससे यातायात का सुगम प्रवाह सुनिश्चित हो सकेगा।
पुल बनने के बाद कैमरी रोड क्षेत्र की कॉलोनियों में रहने वाले लोगों को शहर तक पहुंचने के लिए नया और सीधा मार्ग मिलेगा। इससे समय और दूरी दोनों की बचत होगी। परियोजना से क्षेत्रीय विकास को भी गति मिलने की उम्मीद है। करीब छह माह पहले इस परियोजना के लिए बजट को मंजूरी मिली थी।
विज्ञापन
पुल निर्माण के साथ नहर किनारे नई सड़क भी विकसित की जाएगी जिससे यातायात सुविधाएं और बेहतर होंगी। शुरुआती चरण में इस परियोजना की अनुमानित लागत करीब 8 करोड़ रुपये आंकी गई थी लेकिन संशोधित योजना के तहत इसे 4.9 करोड़ रुपये में पूरा किया जाएगा।
-- -- -- -- -- -- -
योगराज शर्मा ने उठाई थी मांग
इस आरसीसी पुल के निर्माण की मांग को आगे बढ़ाने में सामाजिक कार्यकर्ता योगराज शर्मा की अहम भूमिका रही। उन्होंने लगातार इस परियोजना को लेकर अधिकारियों से संपर्क बनाए रखा। शुरुआती दौर में लोक निर्माण विभाग और सिंचाई विभाग के अधिकारियों ने दो बार इस प्रस्ताव को अस्वीकार कर दिया था। इसके बाद योगराज शर्मा ने यह प्रस्ताव लोक निर्माण एवं जन स्वास्थ्य अभियांत्रिकी मंत्री रणबीर गंगवा के समक्ष रखा। मंत्री की सहमति के बाद परियोजना तैयार करने की प्रक्रिया शुरू हुई।
-- -- -- -- -- -- -
मंत्री रणबीर गंगवा के विशेष निर्देश पर इस आरसीसी पुल की योजना को मंजूरी मिली। पहले अधिकारियों ने इसे व्यवहारिक नहीं माना था, लेकिन मंत्री ने समाधान निकालने के निर्देश दिए और पुल का डिजाइन भी अपने समक्ष तैयार करवाया। पुल बनने से हिसार के पश्चिमी क्षेत्र के लोगों का शहर के अन्य हिस्सों से संपर्क बेहतर होगा। इससे दैनिक आवागमन के साथ-साथ आपातकालीन सेवाओं की पहुंच भी आसान और तेज होगी।
संदीप बाना, चीफ मरीन इंजीनियर एवं तकनीकी सलाहकार, रोड डी-कंजेशन कमेटी, हिसार।
डीएवी स्कूल रोड के सामने बालसमंद नहर पर बनने वाले इस आरसीसी पुल के निर्माण की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। विभाग ने इसके लिए निजी कंपनियों से आवेदन मांगे हैं। प्रस्तावित पुल की चौड़ाई 7 मीटर होगी, जबकि वर्तमान में इस मार्ग पर 5.5 मीटर चौड़ाई की व्यवस्था है। इससे यातायात का सुगम प्रवाह सुनिश्चित हो सकेगा।
विज्ञापन
पुल बनने के बाद कैमरी रोड क्षेत्र की कॉलोनियों में रहने वाले लोगों को शहर तक पहुंचने के लिए नया और सीधा मार्ग मिलेगा। इससे समय और दूरी दोनों की बचत होगी। परियोजना से क्षेत्रीय विकास को भी गति मिलने की उम्मीद है। करीब छह माह पहले इस परियोजना के लिए बजट को मंजूरी मिली थी।
विज्ञापन
पुल निर्माण के साथ नहर किनारे नई सड़क भी विकसित की जाएगी जिससे यातायात सुविधाएं और बेहतर होंगी। शुरुआती चरण में इस परियोजना की अनुमानित लागत करीब 8 करोड़ रुपये आंकी गई थी लेकिन संशोधित योजना के तहत इसे 4.9 करोड़ रुपये में पूरा किया जाएगा।
योगराज शर्मा ने उठाई थी मांग
इस आरसीसी पुल के निर्माण की मांग को आगे बढ़ाने में सामाजिक कार्यकर्ता योगराज शर्मा की अहम भूमिका रही। उन्होंने लगातार इस परियोजना को लेकर अधिकारियों से संपर्क बनाए रखा। शुरुआती दौर में लोक निर्माण विभाग और सिंचाई विभाग के अधिकारियों ने दो बार इस प्रस्ताव को अस्वीकार कर दिया था। इसके बाद योगराज शर्मा ने यह प्रस्ताव लोक निर्माण एवं जन स्वास्थ्य अभियांत्रिकी मंत्री रणबीर गंगवा के समक्ष रखा। मंत्री की सहमति के बाद परियोजना तैयार करने की प्रक्रिया शुरू हुई।
मंत्री रणबीर गंगवा के विशेष निर्देश पर इस आरसीसी पुल की योजना को मंजूरी मिली। पहले अधिकारियों ने इसे व्यवहारिक नहीं माना था, लेकिन मंत्री ने समाधान निकालने के निर्देश दिए और पुल का डिजाइन भी अपने समक्ष तैयार करवाया। पुल बनने से हिसार के पश्चिमी क्षेत्र के लोगों का शहर के अन्य हिस्सों से संपर्क बेहतर होगा। इससे दैनिक आवागमन के साथ-साथ आपातकालीन सेवाओं की पहुंच भी आसान और तेज होगी।
संदीप बाना, चीफ मरीन इंजीनियर एवं तकनीकी सलाहकार, रोड डी-कंजेशन कमेटी, हिसार।