{"_id":"6a81257855315dc6ee09a50a","slug":"haryana-roadways-tire-comes-off-bus-traveling-from-hisar-to-suratgarh-via-bagla-50-60-passengers-were-on-board-2026-08-16","type":"story","status":"publish","title_hn":"Haryana Roadways: हिसार से सूरतगढ़ वाया बगला जाने वाली बस का टायर निकला, 50-60 यात्री थे सवार","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Haryana Roadways: हिसार से सूरतगढ़ वाया बगला जाने वाली बस का टायर निकला, 50-60 यात्री थे सवार
Sun, 16 Aug 2026 08:20 AM IST
Naveen
संवाद न्यूज एजेंसी, बालसमंद (हिसार)
संवाद न्यूज एजेंसी, बालसमंद (हिसार)
Published by: Naveen
Updated Sun, 16 Aug 2026 08:20 AM IST
सार
परिचालक ने बताया कि रोडवेज वर्कशॉप के हालात संतोषजनक नहीं हैं। कई बार बसों का आवश्यक रखरखाव और मरम्मत का काम समय पर पूरा नहीं हो पाता। उन्होंने यह भी कहा कि ड्राइवरों के सामने भी बसों को निर्धारित रूट पर ले जाने की मजबूरी होती है।
विज्ञापन
हरियाणा रोडवेज की बस
- फोटो : संवाद
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
हरियाणा रोडवेज की भादरा के नजदीक रतनपुरा गांव के पास हादसे का शिकार होते-होते बची। हिसार से सुबह करीब 6:20 बजे सूरतगढ़ के लिए रवाना हुई इस बस का अचानक टायर निकल गया। बस में उस समय लगभग 50 से 60 यात्री सवार थे।
विज्ञापन
चालक की सूझबूझ और सतर्कता के कारण बस को समय रहते नियंत्रित कर लिया गया, जिससे एक बड़ा हादसा टल गया और सभी यात्रियों की जान बच गई। घटना के बाद बस में सवार यात्रियों में कुछ देर के लिए अफरा-तफरी का माहौल बन गया था। बस के परिचालक सुभाष ने बताया कि यह घटना सुबह करीब साढ़े सात बजे हुई, जब बस हिसार से सूरतगढ़ की ओर जा रही थी।
विज्ञापन
इस घटना ने लंबी दूरी की रोडवेज बसों की फिटनेस और नियमित तकनीकी जांच पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। यात्रियों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए बसों को रूट पर भेजने से पहले उनकी पूरी तरह से जांच करने की मांग उठ रही है।
विज्ञापन
नाम न छापने की शर्त पर एक अन्य परिचालक ने बताया कि रोडवेज वर्कशॉप के हालात संतोषजनक नहीं हैं। कई बार बसों का आवश्यक रखरखाव और मरम्मत का काम समय पर पूरा नहीं हो पाता। उन्होंने यह भी कहा कि ड्राइवरों के सामने भी बसों को निर्धारित रूट पर ले जाने की मजबूरी होती है।
राहत कार्यों में देरी को लेकर भी सवाल उठे हैं। बताया गया है कि यह हादसा स्वतंत्रता दिवस के दिन सुबह करीब साढ़े सात बजे हुआ था। उस समय हिसार जिले की एकमात्र क्रेन नायब सैनी के कार्यक्रम में राज्य स्तरीय स्वतंत्रता दिवस समारोह के लिए हांसी गई हुई थी। इससे यह सवाल खड़ा होता है कि हिसार जैसे बड़े जिले में आपात स्थिति के लिए क्या केवल एक ही क्रेन उपलब्ध है, और हांसी में अपनी क्रेन की व्यवस्था क्यों नहीं है?
हालांकि चालक की सूझबूझ से एक बड़ा हादसा टल गया, लेकिन इस घटना ने हरियाणा रोडवेज की बसों की फिटनेस, वर्कशॉप के रखरखाव और आपातकालीन परिस्थितियों के लिए उपलब्ध संसाधनों की पर्याप्तता पर गंभीर प्रश्नचिह्न लगा दिए हैं।