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Hisar News: एक मेडिकल स्टोर मिला अवैध तो दो में मिलीं नशे की दवाएं
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मेडिकल स्टोर की जांच करते ड्रग कंट्रोल ऑफिसर अजय लुहाच।
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हिसार। प्रदेश के सात जिलों के नौ ड्रग कंट्रोल अधिकारियों और एक वरिष्ठ ड्रग कंट्रोल अधिकारी ने मंगलवार को जिले के 29 मेडिकल स्टोरों की जांच की। इस दौरान एक मेडिकल स्टोर अवैध रूप से संचालित होता मिला जबकि दो मेडिकल स्टोरों से नशे की दवाएं बरामद हुईं। इनका कोई रिकॉर्ड उपलब्ध नहीं था। अधिकारियों के अनुसार संबंधित संचालकों के खिलाफ ड्रग्स एंड कॉस्मेटिक्स एक्ट के तहत कार्रवाई की जाएगी।
जिला पुलिस को सूचना मिली थी कि कुछ मेडिकल स्टोरों पर प्रतिबंधित दवाओं की बिक्री की जा रही है। इसके बाद स्थानीय अधिकारियों ने मुख्यालय से कार्रवाई की अनुमति मांगी। अनुमति मिलने पर सात जिलों के ड्रग कंट्रोल अधिकारियों और एक वरिष्ठ ड्रग कंट्रोल अधिकारी की टीम गठित की गई। पुलिस विभाग के सहयोग से मंगलवार सुबह 11 बजे शुरू हुआ अभियान शाम 7 बजे तक चला।
अधिकारियों के अनुसार जहाजपुल स्थित कमल मेडिकोज और गांव सिसाय स्थित मधु मेडिकल हॉल से नशीली दवाएं बरामद की गईं। एक मेडिकल स्टोर से टेपेंटाडोल-100 की 40 गोलियां मिलीं जिनका कोई रिकॉर्ड नहीं था। दूसरे मेडिकल स्टोर पर भी नशीली दवाएं मिलीं, लेकिन उनके बिक्री रिकॉर्ड उपलब्ध नहीं थे। इसके अलावा गांव मतलोडा स्थित दुर्गा मेडिकल हॉल की जांच में पाया गया कि उसके पास लाइसेंस ही नहीं था। वहां से 20 प्रकार की एलोपैथिक दवाएं बरामद की गईं।
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टीम में शामिल रहे अधिकारी
हिसार जोन की वरिष्ठ ड्रग कंट्रोल अधिकारी सरिका मलिक की देखरेख में हिसार से अजय लुहाच, भिवानी से सुरेंद्र कुमार, सिरसा से सुनील महला व केशव वशिष्ठ, फतेहाबाद से दिनेश राणा, जींद से गीता गोयल, झज्जर से प्रतिभा यादव, रोहतक से मंदीप मान और करनाल से विकास राठी शामिल रहे।
पुलिस विभाग के साथ मिलकर यह अभियान चलाया गया। इसमें एक मेडिकल स्टोर बिना लाइसेंस के संचालित मिलता पाया गया, जबकि दो मेडिकल स्टोरों से नशीली दवाएं बरामद हुईं। संबंधित मामलों में नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
- अजय लुहाच, ड्रग कंट्रोल ऑफिसर, हिसार।
जिला पुलिस को सूचना मिली थी कि कुछ मेडिकल स्टोरों पर प्रतिबंधित दवाओं की बिक्री की जा रही है। इसके बाद स्थानीय अधिकारियों ने मुख्यालय से कार्रवाई की अनुमति मांगी। अनुमति मिलने पर सात जिलों के ड्रग कंट्रोल अधिकारियों और एक वरिष्ठ ड्रग कंट्रोल अधिकारी की टीम गठित की गई। पुलिस विभाग के सहयोग से मंगलवार सुबह 11 बजे शुरू हुआ अभियान शाम 7 बजे तक चला।
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अधिकारियों के अनुसार जहाजपुल स्थित कमल मेडिकोज और गांव सिसाय स्थित मधु मेडिकल हॉल से नशीली दवाएं बरामद की गईं। एक मेडिकल स्टोर से टेपेंटाडोल-100 की 40 गोलियां मिलीं जिनका कोई रिकॉर्ड नहीं था। दूसरे मेडिकल स्टोर पर भी नशीली दवाएं मिलीं, लेकिन उनके बिक्री रिकॉर्ड उपलब्ध नहीं थे। इसके अलावा गांव मतलोडा स्थित दुर्गा मेडिकल हॉल की जांच में पाया गया कि उसके पास लाइसेंस ही नहीं था। वहां से 20 प्रकार की एलोपैथिक दवाएं बरामद की गईं।
टीम में शामिल रहे अधिकारी
हिसार जोन की वरिष्ठ ड्रग कंट्रोल अधिकारी सरिका मलिक की देखरेख में हिसार से अजय लुहाच, भिवानी से सुरेंद्र कुमार, सिरसा से सुनील महला व केशव वशिष्ठ, फतेहाबाद से दिनेश राणा, जींद से गीता गोयल, झज्जर से प्रतिभा यादव, रोहतक से मंदीप मान और करनाल से विकास राठी शामिल रहे।
पुलिस विभाग के साथ मिलकर यह अभियान चलाया गया। इसमें एक मेडिकल स्टोर बिना लाइसेंस के संचालित मिलता पाया गया, जबकि दो मेडिकल स्टोरों से नशीली दवाएं बरामद हुईं। संबंधित मामलों में नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
- अजय लुहाच, ड्रग कंट्रोल ऑफिसर, हिसार।