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Kaithal News: हेपेटाइटिस-ए के बाद अब टाइफाइड की चपेट में सजूमा के ग्रामीण
Wed, 15 Jul 2026 06:04 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, कैथल
संवाद न्यूज एजेंसी, कैथल
Updated Wed, 15 Jul 2026 06:04 AM IST
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गांव में पानी की लीकेज को दुरुस्त करने में जुटी जन स्वास्थ्य विभाग की टीमें।
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कैथल। गांव सजूमा में हैपेटाइटिस-ए के बाद अब टाइफाइड ने ग्रामीणों को अपनी चपेट में ले लिया है। स्वास्थ्य विभाग की जांच में अब तक टाइफाइड के नौ मरीजों की पुष्टि हो चुकी है। वहीं, हैपेटाइटिस-ए के संक्रमितों की संख्या बढ़कर 33 हो गई है।
गांव में लगातार सामने आ रहे मामलों को देखते हुए स्वास्थ्य विभाग और जन स्वास्थ्य विभाग ने निगरानी और उपचार व्यवस्था तेज कर दी है। स्वास्थ्य विभाग के अनुसार डोर-टू-डोर सर्वे के दौरान 89 लोगों के टाइफाइड के सैंपल लिए गए थे। इनमें नौ की रिपोर्ट पॉजिटिव और 80 की निगेटिव आई है।
वहीं मंगलवार को हैपेटाइटिस-ए के 18 नए संदिग्ध मरीजों के सैंपल लिए गए, जिनकी रिपोर्ट का इंतजार है। अब तक गांव में हैपेटाइटिस-ए की जांच के लिए 107 लोगों के सैंपल लिए जा चुके हैं, जिनमें 33 मरीज संक्रमित पाए गए हैं।
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ग्रामीणों में बीमारी फैलने के बाद स्वास्थ्य विभाग की टीमें लगातार गांव में डेरा डाले हुए हैं। अब तक पूरे गांव को दो बार डोर टू डोर सर्वे पूरा कर चुका है। संदिग्ध मरीजों की पहचान कर उनका उपचार किया जा रहा है।
साथ ही लोगों को साफ पानी पीने, स्वच्छता बनाए रखने और बीमारी के लक्षण दिखाई देने पर तुरंत स्वास्थ्य टीम से संपर्क करने की सलाह दी जा रही है।
गांव में 24 घंटे स्वास्थ्य टीम और एंबुलेंस तैनात : गांव सजूमा में स्थिति पर लगातार नजर रखी जा रही है। गांव में 24 घंटे स्वास्थ्य विभाग की टीमें और एंबुलेंस तैनात हैं। ग्रामीणों को मौके पर ही मुफ्त जांच और उपचार की सुविधा दी जा रही है। शिविर में हेपेटाइटिस-ए एवं ई, स्क्रब टाइफस, लेप्टोस्पायरोसिस, टाइफाइड तथा लिवर फंक्शन से जुड़े जरूरी परीक्षण किए जा रहे हैं। विभाग की ओर से मरीजों का उपचार शुरू कर दिया गया है। संवाद
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गांव में लगातार सामने आ रहे मामलों को देखते हुए स्वास्थ्य विभाग और जन स्वास्थ्य विभाग ने निगरानी और उपचार व्यवस्था तेज कर दी है। स्वास्थ्य विभाग के अनुसार डोर-टू-डोर सर्वे के दौरान 89 लोगों के टाइफाइड के सैंपल लिए गए थे। इनमें नौ की रिपोर्ट पॉजिटिव और 80 की निगेटिव आई है।
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वहीं मंगलवार को हैपेटाइटिस-ए के 18 नए संदिग्ध मरीजों के सैंपल लिए गए, जिनकी रिपोर्ट का इंतजार है। अब तक गांव में हैपेटाइटिस-ए की जांच के लिए 107 लोगों के सैंपल लिए जा चुके हैं, जिनमें 33 मरीज संक्रमित पाए गए हैं।
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ग्रामीणों में बीमारी फैलने के बाद स्वास्थ्य विभाग की टीमें लगातार गांव में डेरा डाले हुए हैं। अब तक पूरे गांव को दो बार डोर टू डोर सर्वे पूरा कर चुका है। संदिग्ध मरीजों की पहचान कर उनका उपचार किया जा रहा है।
साथ ही लोगों को साफ पानी पीने, स्वच्छता बनाए रखने और बीमारी के लक्षण दिखाई देने पर तुरंत स्वास्थ्य टीम से संपर्क करने की सलाह दी जा रही है।
गांव में 24 घंटे स्वास्थ्य टीम और एंबुलेंस तैनात : गांव सजूमा में स्थिति पर लगातार नजर रखी जा रही है। गांव में 24 घंटे स्वास्थ्य विभाग की टीमें और एंबुलेंस तैनात हैं। ग्रामीणों को मौके पर ही मुफ्त जांच और उपचार की सुविधा दी जा रही है। शिविर में हेपेटाइटिस-ए एवं ई, स्क्रब टाइफस, लेप्टोस्पायरोसिस, टाइफाइड तथा लिवर फंक्शन से जुड़े जरूरी परीक्षण किए जा रहे हैं। विभाग की ओर से मरीजों का उपचार शुरू कर दिया गया है। संवाद

गांव में पानी की लीकेज को दुरुस्त करने में जुटी जन स्वास्थ्य विभाग की टीमें।