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दवा बिक्री के लिए दवा की पर्ची जरूरी : एडीसी
संवाद न्यूज एजेंसी, कैथल
Updated Sun, 03 May 2026 12:06 AM IST
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लघु सचिवालय में अधिकारियों के साथ बैठक करते एडीसी सुशील कुमार। विज्ञप्ति
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संवाद न्यूज एजेंसी
कैथल। एडीसी सुशील कुमार ने नशा मुक्त अभियान को लेकर सभी विभागों को समन्वय के साथ कार्य करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि बिना डॉक्टर की पर्ची के दवाओं की बिक्री पर सख्त रोक सुनिश्चित की जाए। लघु सचिवालय में आयोजित बैठक में पुलिस को चिन्हित स्थानों पर नियमित जांच के निर्देश दिए गए। नशे के हॉट स्पॉट क्षेत्रों में गश्त बढ़ाने और परित्यक्त भवनों पर निगरानी रखने को कहा गया। नगर परिषद व पालिकाओं को पुराने भवनों की सूची बनाकर निगरानी सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए।
एडीसी ने नगर परिषद और नगर पालिकाओं को निर्देश दिए कि वे क्षेत्र के पुराने भवनों की सूची तैयार कर उनकी नियमित निगरानी सुनिश्चित करें। जिला ड्रग कंट्रोलर को निर्देशित किया गया कि मेडिकल स्टोर्स की सख्त जांच की जाए ताकि कोई भी दवा विक्रेता बिना डॉक्टर की पर्ची के दवा न बेच सके।
उन्होंने कहा कि सीसीटीवी रिकॉर्डिंग की नियमित जांच होनी चाहिए और निरीक्षण के दौरान पुलिस विभाग की उपस्थिति अनिवार्य हो। शिक्षा विभाग को निर्देश दिए गए कि स्कूलों में जागरूकता शिविर, नुक्कड़ नाटक, रैलियां और स्मार्ट बोर्ड के माध्यम से विद्यार्थियों को नशे के दुष्प्रभावों के बारे में जागरूक किया जाए।
बैठक में पीटीएम के दौरान अभिभावकों को भी इस विषय पर संवेदनशील बनाने पर जोर दिया गया। साथ ही, विद्यार्थियों के बैग की जांच के लिए विशेष अभियान चलाने के निर्देश दिए गए।
सिविल सर्जन को निर्देश दिए गए कि स्वास्थ्य विभाग के माध्यम से व्यापक जागरूकता अभियान चलाया जाए। गांवों के बस स्टैंड और सार्वजनिक स्थानों पर नशा मुक्ति केंद्रों, अस्पतालों और हेल्पलाइन नंबरों की जानकारी वाले बोर्ड लगाए जाएं। जिला जेल में भी नशा मुक्ति शिविर आयोजित करने के आदेश दिए गए।
ग्रामीण क्षेत्रों में डीडीपीओ को पंचायतों के माध्यम से अभियान चलाने और स्थानीय प्रतिनिधियों से सूचनाएं एकत्र करने के निर्देश दिए गए। एसडीएम को अपने-अपने क्षेत्रों में नियमित समीक्षा बैठकें आयोजित करने के लिए कहा गया। जिला खेल अधिकारी को खेल स्टेडियमों और नर्सरियों में जागरूकता कार्यक्रम आयोजित करने के निर्देश दिए गए। बैठक में डीएसपी सुशील प्रकाश ने पुलिस विभाग की ओर से की जा रही कार्रवाई की विस्तृत रिपोर्ट प्रस्तुत की।
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उन्होंने आमजन से भी अपील की कि यदि कहीं नशे से संबंधित गतिविधियों की जानकारी मिले तो बिना भय के प्रशासन को सूचित करें। उन्होंने आश्वासन दिया कि सूचना देने वाले की पहचान गोपनीय रखी जाएगी।
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कैथल। एडीसी सुशील कुमार ने नशा मुक्त अभियान को लेकर सभी विभागों को समन्वय के साथ कार्य करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि बिना डॉक्टर की पर्ची के दवाओं की बिक्री पर सख्त रोक सुनिश्चित की जाए। लघु सचिवालय में आयोजित बैठक में पुलिस को चिन्हित स्थानों पर नियमित जांच के निर्देश दिए गए। नशे के हॉट स्पॉट क्षेत्रों में गश्त बढ़ाने और परित्यक्त भवनों पर निगरानी रखने को कहा गया। नगर परिषद व पालिकाओं को पुराने भवनों की सूची बनाकर निगरानी सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए।
एडीसी ने नगर परिषद और नगर पालिकाओं को निर्देश दिए कि वे क्षेत्र के पुराने भवनों की सूची तैयार कर उनकी नियमित निगरानी सुनिश्चित करें। जिला ड्रग कंट्रोलर को निर्देशित किया गया कि मेडिकल स्टोर्स की सख्त जांच की जाए ताकि कोई भी दवा विक्रेता बिना डॉक्टर की पर्ची के दवा न बेच सके।
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उन्होंने कहा कि सीसीटीवी रिकॉर्डिंग की नियमित जांच होनी चाहिए और निरीक्षण के दौरान पुलिस विभाग की उपस्थिति अनिवार्य हो। शिक्षा विभाग को निर्देश दिए गए कि स्कूलों में जागरूकता शिविर, नुक्कड़ नाटक, रैलियां और स्मार्ट बोर्ड के माध्यम से विद्यार्थियों को नशे के दुष्प्रभावों के बारे में जागरूक किया जाए।
बैठक में पीटीएम के दौरान अभिभावकों को भी इस विषय पर संवेदनशील बनाने पर जोर दिया गया। साथ ही, विद्यार्थियों के बैग की जांच के लिए विशेष अभियान चलाने के निर्देश दिए गए।
सिविल सर्जन को निर्देश दिए गए कि स्वास्थ्य विभाग के माध्यम से व्यापक जागरूकता अभियान चलाया जाए। गांवों के बस स्टैंड और सार्वजनिक स्थानों पर नशा मुक्ति केंद्रों, अस्पतालों और हेल्पलाइन नंबरों की जानकारी वाले बोर्ड लगाए जाएं। जिला जेल में भी नशा मुक्ति शिविर आयोजित करने के आदेश दिए गए।
ग्रामीण क्षेत्रों में डीडीपीओ को पंचायतों के माध्यम से अभियान चलाने और स्थानीय प्रतिनिधियों से सूचनाएं एकत्र करने के निर्देश दिए गए। एसडीएम को अपने-अपने क्षेत्रों में नियमित समीक्षा बैठकें आयोजित करने के लिए कहा गया। जिला खेल अधिकारी को खेल स्टेडियमों और नर्सरियों में जागरूकता कार्यक्रम आयोजित करने के निर्देश दिए गए। बैठक में डीएसपी सुशील प्रकाश ने पुलिस विभाग की ओर से की जा रही कार्रवाई की विस्तृत रिपोर्ट प्रस्तुत की।
उन्होंने आमजन से भी अपील की कि यदि कहीं नशे से संबंधित गतिविधियों की जानकारी मिले तो बिना भय के प्रशासन को सूचित करें। उन्होंने आश्वासन दिया कि सूचना देने वाले की पहचान गोपनीय रखी जाएगी।
