{"_id":"69befd399e1db776a400447d","slug":"gas-crisis-in-sector-15-rehri-market-shopkeepers-worried-food-prices-rise-panchkula-news-c-87-1-pan1010-134332-2026-03-22","type":"story","status":"publish","title_hn":"Panchkula News: सेक्टर-15 रेहड़ी मार्केट में गैस संकट, दुकानदार परेशान<bha>;<\/bha> खाने-पीने की चीजों के दाम बढ़े","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Panchkula News: सेक्टर-15 रेहड़ी मार्केट में गैस संकट, दुकानदार परेशान<bha>;</bha> खाने-पीने की चीजों के दाम बढ़े
विज्ञापन
विज्ञापन
गैस सिलेंडर न मिलने से कई दुकानें बंद, लकड़ी-कोयले की कीमतों में भी उछाल
संवाद न्यूज एजेंसी
पंचकूला। सेक्टर-15 की रेहड़ी मार्केट में गैस की किल्लत ने दुकानदारों का कारोबार प्रभावित कर दिया है। गैस सिलेंडर न मिलने के कारण कई दुकानें बंद हो गई हैं, जबकि खुली दुकानों में महंगे विकल्प अपनाने पड़े। इसका असर सीधे खाने-पीने की वस्तुओं के दामों पर पड़ा है।
दुकानदारों के अनुसार, गैस न मिलने से उनका काम लगभग ठप हो गया है। मजबूरी में कई लोग अब बिजली की भट्टी का उपयोग कर रहे हैं, जिससे खर्च बढ़ गया है। लकड़ी और कोयले के दामों में भी भारी बढ़ोतरी हुई है। लकड़ी पहले 500 रुपये प्रति क्विंटल मिलती थी, जो अब करीब 1000 रुपये हो गई है। कोयले की कीमतें भी बढ़ गई हैं।
बढ़ती लागत के चलते टिक्की, कुलचे, बर्गर, चाउमीन, चाय सहित अन्य खाद्य पदार्थों के दाम में करीब 10 रुपये तक की बढ़ोतरी कर दी गई है। ग्राहकों को अब पहले के मुकाबले ज्यादा पैसे चुकाने पड़ रहे हैं।
दुकानदारों का कहना है कि दो दिन पहले तक वे 5000 रुपये में कमर्शियल गैस सिलेंडर खरीद रहे थे, लेकिन अब वह भी उपलब्ध नहीं है। मार्केट प्रधान रिपुदमन और सुनील कुमार ने प्रशासन से मांग की है कि गैस की नियमित आपूर्ति सुनिश्चित की जाए, ताकि कारोबार पटरी पर लौट सके।
Trending Videos
संवाद न्यूज एजेंसी
पंचकूला। सेक्टर-15 की रेहड़ी मार्केट में गैस की किल्लत ने दुकानदारों का कारोबार प्रभावित कर दिया है। गैस सिलेंडर न मिलने के कारण कई दुकानें बंद हो गई हैं, जबकि खुली दुकानों में महंगे विकल्प अपनाने पड़े। इसका असर सीधे खाने-पीने की वस्तुओं के दामों पर पड़ा है।
दुकानदारों के अनुसार, गैस न मिलने से उनका काम लगभग ठप हो गया है। मजबूरी में कई लोग अब बिजली की भट्टी का उपयोग कर रहे हैं, जिससे खर्च बढ़ गया है। लकड़ी और कोयले के दामों में भी भारी बढ़ोतरी हुई है। लकड़ी पहले 500 रुपये प्रति क्विंटल मिलती थी, जो अब करीब 1000 रुपये हो गई है। कोयले की कीमतें भी बढ़ गई हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन
बढ़ती लागत के चलते टिक्की, कुलचे, बर्गर, चाउमीन, चाय सहित अन्य खाद्य पदार्थों के दाम में करीब 10 रुपये तक की बढ़ोतरी कर दी गई है। ग्राहकों को अब पहले के मुकाबले ज्यादा पैसे चुकाने पड़ रहे हैं।
दुकानदारों का कहना है कि दो दिन पहले तक वे 5000 रुपये में कमर्शियल गैस सिलेंडर खरीद रहे थे, लेकिन अब वह भी उपलब्ध नहीं है। मार्केट प्रधान रिपुदमन और सुनील कुमार ने प्रशासन से मांग की है कि गैस की नियमित आपूर्ति सुनिश्चित की जाए, ताकि कारोबार पटरी पर लौट सके।