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Panchkula News: दवाएं सस्ती, एमएसएमई को मिलेगा सहारा, टैक्सपेयर्स खाली हाथ

Chandigarh Bureau चंडीगढ़ ब्यूरो
Updated Mon, 02 Feb 2026 02:03 AM IST
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Medicines will be cheaper, MSMEs will get support, but taxpayers will be left empty-handed.
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शिक्षाविद बोले- शिक्षा को कौशल और रोजगार से जोड़ना सही कदम, आयकर में छूट न मिलने पर नाराजगी
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माई सिटी रिपोर्टर
पंचकूला। केंद्रीय बजट इस बार रविवार को पेश किया गया, जिसको लेकर शहर में अलग-अलग वर्गों से प्रतिक्रियाएं सामने आई हैं। बजट के बाद बुजुर्गों, व्यवसायियों और शिक्षाविदों ने इसे कुल मिलाकर उपयोगी बताया है। जहां बुजुर्गों ने गंभीर बीमारियों की दवाइयों को सस्ता किए जाने पर संतोष जताया, वहीं व्यवसायियों ने एमएसएमई सेक्टर के लिए बढ़ाए गए फंड को सकारात्मक कदम बताया। शिक्षाविदों ने शिक्षा को कौशल और रोजगार से जोड़ने की पहल की सराहना की है।
सरकार की ओर से एमएसएमई सेक्टर के लिए 10 हजार करोड़ रुपये का अतिरिक्त प्रावधान किए जाने से छोटे और मध्यम उद्योगों को आगे बढ़ने का अवसर मिलेगा। वहीं शिक्षा के क्षेत्र में इंफ्रास्ट्रक्चर, तकनीक और रिसर्च को लेकर किए गए ऐलान को भविष्य की जरूरतों के अनुरूप बताया जा रहा है।
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योजना उद्योगों को गति देगी
बजट में एमएसएमई सेक्टर के लिए 10 हजार करोड़ रुपये का प्रावधान स्वागत योग्य है। इससे वे एमएसएमई आगे बढ़ सकेंगी जो बड़े स्तर पर काम करना चाहती हैं। टियर-2 और टियर-3 शहरों में कॉर्पोरेट मित्र बनाने की योजना उद्योगों को गति देगी। यह बजट व्यवसाय के विस्तार के लिए अच्छा है। - रजनीश गर्ग, अध्यक्ष, लघु उद्योग भारती, पंचकूला

व्यापार बढ़ाने की दिशा में बजट
बजट में बायोफार्मा इनोवेशन, मैन्युफैक्चरिंग, इलेक्ट्रॉनिक प्रोडक्शन और टेक्सटाइल सेक्टर को बढ़ावा देने की बात कही गई है। यदि ये योजनाएं जमीनी स्तर पर लागू होती हैं, तो व्यापार और रोजगार दोनों को लाभ मिलेगा। - राकेश गर्ग, महासचिव, इंडस्ट्रीज एसोसिएशन, पंचकूला

शिक्षा को प्राथमिकता देना स्वागत योग्य
केंद्रीय बजट में शिक्षा को प्राथमिकता देना स्वागत योग्य है। एआई सेंटर ऑफ एक्सीलेंस, यूनिवर्सिटी टाउनशिप, डिजिटल व क्रिएटिव लैब्स और बालिका शिक्षा से जुड़े प्रावधान दर्शाते हैं कि सरकार शिक्षा को भविष्य की अर्थव्यवस्था की नींव मान रही है। चुनौती इन योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन की होगी। - डॉ. अनिल पांडेय, असिस्टेंट प्रोफेसर, पीजी कॉलेज सेक्टर-1

शिक्षा क्षेत्र के लिए मजबूत बजट
इस साल का शिक्षा बजट काफी अच्छा है। शिक्षा को स्किल्स, रोजगार और समावेशन से जोड़ा गया है। हर जिले में लड़कियों के लिए हॉस्टल, स्कूलों में एवीजीसी क्रिएटर लैब और इंफ्रास्ट्रक्चर अपग्रेड जैसे प्रावधान शिक्षा के स्तर को बेहतर बनाएंगे। - रीकृत सेराई, एमडी, सतलुज स्कूल, पंचकूला
बुजुर्गों को दवाओं में राहत
गंभीर बीमारियों की दवाओं पर कस्टम ड्यूटी हटाना सराहनीय कदम है। इससे इलाज का खर्च कम होगा। हालांकि टैक्सपेयर्स और बुजुर्गों के लिए आयकर में और राहत की उम्मीद थी, जो पूरी नहीं हो सकी।
-एसके नैय्यर, सीनियर सिटीजन, सेक्टर-15

बजट औसत लेकिन कुछ अच्छे संकेत
इस बजट में बुजुर्गों के लिए नई बड़ी घोषणाएं नहीं हैं, लेकिन लिथियम-आयन बैटरी से जुड़ी मशीनों पर टैक्स छूट बढ़ाना भविष्य की ऊर्जा जरूरतों को देखते हुए अच्छा कदम है। - अविनाश मलिक, सीनियर सिटीजन, सेक्टर-20
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