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Panipat News: कंपनियों के क्रेडिट लिमिट खत्म करने से हांफने लगे पेट्रोल पंपों के टैंक

संवाद न्यूज एजेंसी, पानीपत Updated Fri, 27 Mar 2026 03:56 AM IST
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Petrol pump tanks are gasping as companies exhaust their credit limits.
जीटी रोड स्काईलार्क पेट्रोल पंप पर तेल लेने के लिए लगी लाइन। संवाद
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पानीपत। एलपीजी सिलिंडर के साथ अब पेट्रोल और डीजल के लिए कतार लगने लगी है। पेट्रोल पंपों पर सुबह व शाम तक लोग अधिक तेल डलवाने आ रहे हैं। पहले सीमित मात्रा में पेट्रोल और डीजल लेने वाले वाहन चालक अब टंकी भरवा रहे हैं। इससे डीजल और पेट्रोल की मांग बढ़ गई है। वहीं तेल कंपनियों के क्रेडिट लिमिट खत्म करने और अतिरिक्त या बढ़ा हुआ तेल देने से इंकार कर दिया है। ऐसे में पेट्रोल पंपों के टैंक हांफने लगे हैं। कंपनी के एक साथ क्रेडिट लिमिट बंद करने से 30 से 40 प्रतिशत पेट्रोल पंपों पर संकट आ गया है। संचालकों ने इसके लिए बैंकों से क्रेडिट लिमिट कराना शुरू कर दी है।
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पश्चिमी एशिया में तनाव के बाद पहले एलपीजी सिलिंडर पर संकट आया। इसमें कुछ सामान्य स्थिति हुई तो अब पेट्रोल और डीजल की मांग बढ़ गई है। शहर के पेट्रोल पंपों पर सुबह ही वाहन चालक तेल लेने के लिए पहुंच रहे हैं। इसके साथ दिन में जरूरत अनुसार तेल लेते हैं। पंपों पर शाम को फिर से लंबी लग गई। असंध रोड स्थित एक पेट्रोल पंप के कारिंदे ने बताया कि पहले दोपहर वाहन चालक 100 से 500 रुपये तक का ही तेल डलवाते थे। अब हर कोई टंकी भरवा रहा है। इसी तरह डीजल की गाड़ियों में लोग टंकी भरवा रहे हैं। इससे डीजल के साथ पेट्रोल की मांग भी बढ़ गई है। संवाद
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गेहूं के सीजन के लिए चिंता
जिले में करीब 120 पेट्रोल पंप हैं। तेल कंपनियों ने पेट्रोल पंप संचालकों की कंपनी क्रेडिट लिमिट बंद कर दी है। इससे 30 से 40 प्रतिशत पंप प्रभावित हैं। वे अपने स्तर या फिर बैंक से क्रेडिट लिमिट कराने लगे हैं। तेल कंपनी ने पंपों को सामान्य दिनों की तरह आपूर्ति दी है। कंपनी अतिरिक्त आपूर्ति नहीं कर रही है। पंप संचालक गेहूं का सीजन शुरू होने पर अतिरिक्त लागत के चलते चिंतित हैं। अनेजा पेट्रोल पंप के संचालक अंकित अनेजा ने बताया कि कंपनी के पास पर्याप्त मात्रा में तेल है। किसी भी पंप की आपूर्ति कम नहीं की है। पंपों पर पेट्रोल और डीजल की मांग अधिक हो गई है। ऐसे में लोगों को आपाधापी नहीं मचानी चाहिए।
वर्जन :
तेल कंपनियों को इस स्थिति में पंप संचालकों का साथ देना चाहिए। गेहूं के सीजन में मांग अधिक होने पर आपूर्ति भी बढ़ानी चाहिए। कंपनी को क्रेडिट लिमिट एक साथ बंद करने की बजाय कुछ समय देना चाहिए। इस स्थिति में 30 से 40 प्रतिशत पंप प्रभावित हैं।
संजीव चौधरी, प्रदेशाध्यक्ष, पेट्रोलियम डीलर्स एसोसिएशन।
वर्जन :
पेट्रोल पंपों पर तेल की पर्याप्त आपूर्ति है। इन पर किसी प्रकार की दिक्कत नहीं है। एजेंसियों पर एलपीजी सिलिंडर भी पर्याप्त आ रहे हैं। लोगों को संयम बनाकर रखना चाहिए।

दिव्या, डीएफएससी।
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