सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Rohtak News ›   Students of three more government schools in the district will move towards self-reliance.

Rohtak News: पीजीआईडीएस में अब 10 मिनट में दांतों की थ्रीडी फोटो होगी तैयार

Rohtak Bureau रोहतक ब्यूरो
Updated Wed, 04 Feb 2026 02:49 AM IST
विज्ञापन
Students of three more government schools in the district will move towards self-reliance.
27-पीजीआईडीएस में नई मशीनों का शुभारंभ करते कुलपति डॉ. एचके अग्रवाल व अन्य। पीजीआई
विज्ञापन
रोहतक। जिन लोगों को नए दांत लगवाने होते हैं, उन्हें कई बार डेंटल सर्जन के चक्कर काटने पडते हैं। वहीं, दांत का नाप लेने के लिए जब सर्जन केमिकल का इस्तेमाल करते तो लोगों को उल्टियां आने लग जाती हैं। इससे मरीज को परेशानी होती है।
Trending Videos

पोस्ट ग्रेजुएट इंस्टीट्यूट ऑफ डेंटल साइंसेज (पीजीआईडीएस) में विश्व स्तरीय मशीन आने से मरीजों को इस समस्या से राहत मिलेगी। पंडित भगवत दयाल शर्मा स्वास्थ्य विज्ञान विश्वविद्यालय के कुलपति प्रोफेसर डाॅ. एचके अग्रवाल ने इसकी जानकारी दी है। वह मंगलवार को पीजीआईडीएस में आईं कई अत्याधुनिक सुविधाओं का शुभारंभ कर रहे थे।
विज्ञापन
विज्ञापन

उन्होंने कहा कि पीजीआईडीएस में करीब 42 लाख की लागत से विभिन्न प्रकार की 11 मशीनें खरीदी गई हैं। अल्ट्रा माॅडर्न इंट्रा ओरल स्कैनर थ्रीडी मशीन दंत चिकित्सा सेवाओं में नई ऊंचाइयों का आगाज होने वाला है। यह मशीन उत्तर भारत के कुछ ही अस्पताल में उपलब्ध है। मशीन से सिर्फ 10 मिनट के अंदर जबड़े की थ्रीडी इमेज मिल सकेगी। इससे क्राउन कटिंग की जरूरत नहीं पड़ेगी। फोटो को सीधे लैब में भेजकर मरीज के दांत बनकर आ जाएंगे।
इसमें सात फास्ट टेबल टॉप ऑटोक्लेव शामिल हैं। ये स्वचालित हैं और प्रत्येक की कीमत 4.5 लाख रुपये है। कुल लागत 31.5 लाख रुपये है। निदेशक डाॅ. एसके सिंघल ने बताया कि तीन आरवीजी मशीनों का भी उद्घाटन किया गया।
ये अंडर ग्रेजुएट क्लीनिक के लिए डिजाइन की गई हैं। एक्स-रे में 80 प्रतिशत कम विकिरण खुराक के साथ तेज परिणाम देती है। प्रत्येक मशीन की कीमत 86,500 रुपए है। कुल लागत 2,59,500 रुपए है।
प्राचार्य डाॅ. संजय तिवारी ने बताया कि अल्ट्रा माॅडर्न इंट्रा ओरल स्कैनर उपकरण थ्रीडी प्रिंटिंग और थ्रीडी स्कैनिंग की सुविधा प्रदान करता है। इससे दंत छापों को डिजिटल प्रारूप में परिवर्तित किया जा सकता है। इसकी कीमत 7.5 लाख रुपये है।
पहले जहां उपकरणों को स्टेरलाइज करने में 1 से 2 घंटे लग जाते थे। वहीं, अब 20 मिनट में उपकरणों को इंफेक्शन मुक्त किया जा सकेगा। इस अवसर पर डीन डाॅ. अशोक चौहान, चिकित्सा अधीक्षक डाॅ. कुंदन मित्तल, डाॅ. विवेक मलिक, डाॅ. राकेश शर्मा, डाॅ. मंजूनाथ व अन्य उपस्थित रहे।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

Election
एप में पढ़ें

Followed