{"_id":"6a7610f41ba18e7a930155be","slug":"after-the-operation-the-anganwadi-workers-health-deteriorated-family-creates-a-commotion-over-her-death-sirsa-news-c-128-1-sir1004-162819-2026-08-07","type":"story","status":"publish","title_hn":"Sirsa News: ऑपरेशन के बाद आंगनबाड़ी कार्यकर्ता की बिगड़ी तबीयत, मौत पर परिजनों का हंगामा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Sirsa News: ऑपरेशन के बाद आंगनबाड़ी कार्यकर्ता की बिगड़ी तबीयत, मौत पर परिजनों का हंगामा
Fri, 07 Aug 2026 10:38 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, सिरसा
संवाद न्यूज एजेंसी, सिरसा
Updated Fri, 07 Aug 2026 10:38 PM IST
विज्ञापन
शहर के निजी अस्पताल के बाहर हंगामा करते परिजन।
- फोटो : 1
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
सिरसा। डबवाली रोड स्थित एक निजी अस्पताल में ऑपरेशन के बाद उपचाराधीन गांव केलनियां निवासी आंगनबाड़ी कार्यकर्ता सुरता देवी (45) की शुक्रवार सुबह को मौत हो गई। घटना के बाद परिजनों ने अस्पताल परिसर में हंगामा कर उपचार में लापरवाही का आरोप लगाया।
सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंची और स्थिति को शांत कराया। बाद में शव को पोस्टमार्टम के लिए नागरिक अस्पताल भेज दिया गया। मौत के कारणों का खुलासा पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद होगा। सुरता देवी के पुत्र मुकेश कुमार ने बताया कि मां पिछले तीन माह से रीढ़ की हड्डी (स्पाइन) संबंधी बीमारी का उपचार करवा रही थीं।
डॉक्टर ने उसे 15-20 दिन की दवाइयां देने के साथ ऑपरेशन कराने की सलाह दी थी। डॉक्टर की सलाह पर उन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया। वीरवार शाम ऑपरेशन किया गया और बताया कि प्रक्रिया सफल रही।
विज्ञापन
आरोप है कि शाम करीब साढ़े सात बजे उनकी मां की तबीयत अचानक बिगड़ने लगी। उन्होंने अस्पताल स्टाफ को सूचना दी लेकिन समय पर उचित उपचार नहीं मिला। हार्ट अटैक आने के बाद लापरवाही के कारण उनकी मां की जान चली गई। उनके पिता रामकुमार की पहले मौत हो चुकी है। वे दो भाई हैं।
विज्ञापन
सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंची और स्थिति को शांत कराया। बाद में शव को पोस्टमार्टम के लिए नागरिक अस्पताल भेज दिया गया। मौत के कारणों का खुलासा पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद होगा। सुरता देवी के पुत्र मुकेश कुमार ने बताया कि मां पिछले तीन माह से रीढ़ की हड्डी (स्पाइन) संबंधी बीमारी का उपचार करवा रही थीं।
विज्ञापन
डॉक्टर ने उसे 15-20 दिन की दवाइयां देने के साथ ऑपरेशन कराने की सलाह दी थी। डॉक्टर की सलाह पर उन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया। वीरवार शाम ऑपरेशन किया गया और बताया कि प्रक्रिया सफल रही।
विज्ञापन
आरोप है कि शाम करीब साढ़े सात बजे उनकी मां की तबीयत अचानक बिगड़ने लगी। उन्होंने अस्पताल स्टाफ को सूचना दी लेकिन समय पर उचित उपचार नहीं मिला। हार्ट अटैक आने के बाद लापरवाही के कारण उनकी मां की जान चली गई। उनके पिता रामकुमार की पहले मौत हो चुकी है। वे दो भाई हैं।