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Sonipat News: खरीफ फसलों के बीमा की अंतिम तिथि 14 अगस्त तक बढ़ी
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सोनीपत। खरीफ सीजन में किसानों के लिए राहत भरी खबर है। प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना के तहत खरीफ फसलों के बीमा की अंतिम तिथि बढ़ाकर 14 अगस्त कर दी गई है। कृषि विभाग ने किसानों से समय रहते बीमा कराने की अपील की है।
जो किसान अपनी फसल का बीमा नहीं करवाना चाहते उन्हें 7 अगस्त तक संबंधित बैंक में ऑप्ट-आउट फॉर्म जमा करना होगा। ऐसा न करने पर योजना के निर्धारित नियम लागू होंगे। प्राकृतिक आपदा या प्रतिकूल मौसम से फसल उत्पादन प्रभावित होने पर बीमा कंपनी पात्र किसानों को मुआवजा देती है। पहले बीमा की अंतिम तिथि 31 जुलाई थी जिसे अब 14 अगस्त किया गया है। खरीफ सीजन में धान, बाजरा और मक्का जैसी फसलों पर किसानों को दो प्रतिशत प्रीमियम देना होगा, जबकि कपास की फसल के लिए पांच प्रतिशत प्रीमियम निर्धारित किया गया है।
योजना में बीमा प्रीमियम का बड़ा हिस्सा केंद्र और राज्य सरकार वहन करती हैं जबकि किसान को निर्धारित अंश देना होता है। कृषि विभाग सोनीपत के उपनिदेशक डॉ. वीरेंद्र आर्य ने कहा कि किसानों को योजना के प्रति जागरूक किया जा रहा है। जो किसान योजना से बाहर रहना चाहते हैं वह निर्धारित समय तक संबंधित बैंक में ऑप्ट-आउट फॉर्म जमा करें।
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जो किसान अपनी फसल का बीमा नहीं करवाना चाहते उन्हें 7 अगस्त तक संबंधित बैंक में ऑप्ट-आउट फॉर्म जमा करना होगा। ऐसा न करने पर योजना के निर्धारित नियम लागू होंगे। प्राकृतिक आपदा या प्रतिकूल मौसम से फसल उत्पादन प्रभावित होने पर बीमा कंपनी पात्र किसानों को मुआवजा देती है। पहले बीमा की अंतिम तिथि 31 जुलाई थी जिसे अब 14 अगस्त किया गया है। खरीफ सीजन में धान, बाजरा और मक्का जैसी फसलों पर किसानों को दो प्रतिशत प्रीमियम देना होगा, जबकि कपास की फसल के लिए पांच प्रतिशत प्रीमियम निर्धारित किया गया है।
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योजना में बीमा प्रीमियम का बड़ा हिस्सा केंद्र और राज्य सरकार वहन करती हैं जबकि किसान को निर्धारित अंश देना होता है। कृषि विभाग सोनीपत के उपनिदेशक डॉ. वीरेंद्र आर्य ने कहा कि किसानों को योजना के प्रति जागरूक किया जा रहा है। जो किसान योजना से बाहर रहना चाहते हैं वह निर्धारित समय तक संबंधित बैंक में ऑप्ट-आउट फॉर्म जमा करें।
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