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Yamuna Nagar News: पंचकूला में पांच किसानों को मिला आम रत्न सम्मान
Mon, 13 Jul 2026 01:09 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, यमुना नगर
संवाद न्यूज एजेंसी, यमुना नगर
Updated Mon, 13 Jul 2026 01:09 AM IST
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पिंजौर में आम रत्न पुरस्कार विजेता डीएचओ डॉ. दिलबाग सिंह के साथ। विभाग
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संवाद न्यूज एजेंसी
यमुनानगर। पंचकूला जिले के पिंजौर स्थित यादवेंद्र गार्डन में आयोजित 33वें हरियाणा मैंगो मेले में इस बार यमुनानगर के आम उत्पादकों का दबदबा देखने को मिला। राज्य स्तर पर दिए गए सात आम रत्न सम्मान में से पांच पर अकेले यमुनानगर जिले के किसानों ने अपना कब्जा जमा लिया।
मेले में प्रदेश के कृषि मंत्री श्याम सिंह राणा व पर्यटन मंत्री अरविंद शर्मा ने उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले किसानों को नकद पुरस्कार, स्मृति चिन्ह और प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया। यमुनानगर के गांव ताजेवाला के अमित मेहता, छछरौली के मयंक, प्रतापनगर क्षेत्र के गांव कलेसर के पंकज, कलेसर की रीना रानी तथा बूड़िया के आदित्य जैन को आम रत्न पुरस्कार से नवाजा गया। इन किसानों की ओर से तैयार की गई चौसा, दशहरी, लंगड़ा और रामकेला किस्म के आमों को स्वाद, गुणवत्ता और उत्पादन के लिए विशेष रूप से सराहा गया। मेले में यमुनानगर के किसानों की सफलता केवल पुरस्कारों तक सीमित नहीं रही।
जिला बागवानी विभाग की सक्रिय भूमिका भी चर्चा का विषय बनी। कृषि मंत्री श्याम सिंह राणा ने जिला उद्यान अधिकारी (डीएचओ) डॉ. दिलबाग सिंह लितानी व उद्यान विकास अधिकारी छछरौली डॉ. जितेंद्र की सराहना करते हुए कहा कि जिले के आम उत्पादक किसानों को और अधिक सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएं, ताकि वे आधुनिक तकनीकों को अपनाकर उत्पादन और गुणवत्ता दोनों में नई ऊंचाइयों तक पहुंच सकें। यमुनानगर लंबे समय से हरियाणा में आम उत्पादन का प्रमुख केंद्र माना जाता है।
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यहां की जलवायु और मिट्टी चौसा, दशहरी, लंगड़ा सहित कई लोकप्रिय किस्मों के लिए अनुकूल मानी जाती है। यही कारण है कि जिले के बागवान लगातार राज्य स्तर पर अपनी अलग पहचान बना रहे हैं। विशेषज्ञों का मानना है कि यदि किसानों को आधुनिक बागवानी तकनीक, सिंचाई, विपणन और भंडारण की बेहतर सुविधाएं मिलें तो यमुनानगर का आम राष्ट्रीय स्तर पर भी नई पहचान बना सकता है।
अन्य बागवानों को मिलेगी प्रेरणा : डॉ. दिलबाग सिंह
जिला उद्यान अधिकारी डॉ. दिलबाग सिंह लितानी ने कहा कि जिले के किसान आधुनिक बागवानी तकनीकों को अपनाकर बेहतर गुणवत्ता का उत्पादन कर रहे हैं। विभाग की ओर से समय-समय पर प्रशिक्षण, तकनीकी मार्गदर्शन और विभिन्न योजनाओं का लाभ किसानों तक पहुंचाया जा रहा है। किसानों की इस उपलब्धि से अन्य बागवानों को भी प्रेरणा मिलेगी और भविष्य में यमुनानगर का प्रदर्शन और बेहतर होगा। साथ ही विभाग आम उत्पादकों को अधिक से अधिक सरकारी योजनाओं से जोड़ने का प्रयास कर रहा है, ताकि जिले की बागवानी को नई गति मिल सके।
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यमुनानगर। पंचकूला जिले के पिंजौर स्थित यादवेंद्र गार्डन में आयोजित 33वें हरियाणा मैंगो मेले में इस बार यमुनानगर के आम उत्पादकों का दबदबा देखने को मिला। राज्य स्तर पर दिए गए सात आम रत्न सम्मान में से पांच पर अकेले यमुनानगर जिले के किसानों ने अपना कब्जा जमा लिया।
मेले में प्रदेश के कृषि मंत्री श्याम सिंह राणा व पर्यटन मंत्री अरविंद शर्मा ने उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले किसानों को नकद पुरस्कार, स्मृति चिन्ह और प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया। यमुनानगर के गांव ताजेवाला के अमित मेहता, छछरौली के मयंक, प्रतापनगर क्षेत्र के गांव कलेसर के पंकज, कलेसर की रीना रानी तथा बूड़िया के आदित्य जैन को आम रत्न पुरस्कार से नवाजा गया। इन किसानों की ओर से तैयार की गई चौसा, दशहरी, लंगड़ा और रामकेला किस्म के आमों को स्वाद, गुणवत्ता और उत्पादन के लिए विशेष रूप से सराहा गया। मेले में यमुनानगर के किसानों की सफलता केवल पुरस्कारों तक सीमित नहीं रही।
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जिला बागवानी विभाग की सक्रिय भूमिका भी चर्चा का विषय बनी। कृषि मंत्री श्याम सिंह राणा ने जिला उद्यान अधिकारी (डीएचओ) डॉ. दिलबाग सिंह लितानी व उद्यान विकास अधिकारी छछरौली डॉ. जितेंद्र की सराहना करते हुए कहा कि जिले के आम उत्पादक किसानों को और अधिक सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएं, ताकि वे आधुनिक तकनीकों को अपनाकर उत्पादन और गुणवत्ता दोनों में नई ऊंचाइयों तक पहुंच सकें। यमुनानगर लंबे समय से हरियाणा में आम उत्पादन का प्रमुख केंद्र माना जाता है।
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यहां की जलवायु और मिट्टी चौसा, दशहरी, लंगड़ा सहित कई लोकप्रिय किस्मों के लिए अनुकूल मानी जाती है। यही कारण है कि जिले के बागवान लगातार राज्य स्तर पर अपनी अलग पहचान बना रहे हैं। विशेषज्ञों का मानना है कि यदि किसानों को आधुनिक बागवानी तकनीक, सिंचाई, विपणन और भंडारण की बेहतर सुविधाएं मिलें तो यमुनानगर का आम राष्ट्रीय स्तर पर भी नई पहचान बना सकता है।
अन्य बागवानों को मिलेगी प्रेरणा : डॉ. दिलबाग सिंह
जिला उद्यान अधिकारी डॉ. दिलबाग सिंह लितानी ने कहा कि जिले के किसान आधुनिक बागवानी तकनीकों को अपनाकर बेहतर गुणवत्ता का उत्पादन कर रहे हैं। विभाग की ओर से समय-समय पर प्रशिक्षण, तकनीकी मार्गदर्शन और विभिन्न योजनाओं का लाभ किसानों तक पहुंचाया जा रहा है। किसानों की इस उपलब्धि से अन्य बागवानों को भी प्रेरणा मिलेगी और भविष्य में यमुनानगर का प्रदर्शन और बेहतर होगा। साथ ही विभाग आम उत्पादकों को अधिक से अधिक सरकारी योजनाओं से जोड़ने का प्रयास कर रहा है, ताकि जिले की बागवानी को नई गति मिल सके।