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Bilaspur News: बंबर ठाकुर फायरिंग केस में आरोपी कुलदीप उर्फ सुसू को जमानत

संवाद न्यूज एजेंसी, बिलासपुर Updated Wed, 25 Mar 2026 11:50 PM IST
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Bail granted to Kuldeep alias Susu, accused in Bamber Thakur firing case
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अदालत से
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बिलासपुर अदालत का फैसला, एक लाख के निजी मुचलके पर रिहाई के आदेश

संवाद न्यूज एजेंसी
बिलासपुर। बीते वर्ष होली के दिन पूर्व विधायक बंबर ठाकुर पर हुए फायरिंग के मामले में आरोपी कुलदीप उर्फ सुसू को अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश की अदालत ने जमानत दे दी है। अदालत ने अपने आदेश में कहा कि मामले की जांच पूरी हो चुकी है और पुलिस चालान भी पेश किया जा चुका है। ऐसे में आरोपी को आगे हिरासत में रखने की आवश्यकता नहीं है।
अदालत ने यह भी माना कि आरोपी के कब्जे से कोई हथियार या आपत्तिजनक सामग्री बरामद नहीं हुई है। मामला 14 मार्च 2025 का है, जब बिलासपुर में होली के दिन पूर्व विधायक बंबर ठाकुर और उनके पीएसओ पर गोलीबारी हुई थी। इस घटना में कुछ लोग घायल हुए थे। पुलिस ने इस मामले में साजिश रचने, हथियार उपलब्ध कराने और फायरिंग कराने के आरोप में कई लोगों को नामजद किया था। पुलिस के अनुसार कुलदीप उर्फ सुसू पर आरोप था कि उसने सह-आरोपियों के साथ मिलकर हमले की साजिश रची, शूटरों की व्यवस्था की और हथियार उपलब्ध कराए। हालांकि अदालत ने पाया कि उसके खिलाफ मुख्य रूप से सह-आरोपियों के बयानों के आधार पर मामला बनाया गया है। अदालत ने जमानत देते समय कई महत्वपूर्ण बिंदुओं पर विचार किया। आरोपी घटना के समय बिलासपुर में मौजूद नहीं था, उसके खिलाफ कोई प्रत्यक्ष साक्ष्य या बरामदगी नहीं हुई, कॉल डिटेल और वित्तीय जांच में भी कोई ठोस कड़ी नहीं मिली, सह-आरोपियों के बयान ही मुख्य आधार हैं, जो कानूनी रूप से सीमित महत्व रखते हैं। मामले के मुख्य आरोपी पहले ही जमानत पर हैं। अदालत ने आरोपी को एक लाख रुपये के निजी मुचलके और इतनी ही राशि के जमानती पर रिहा करने के आदेश दिए हैं। साथ ही कुछ शर्तें भी लगाई गई हैं। आरोपी को अदालत में हर पेशी पर उपस्थित होना होगा। किसी भी गवाह को प्रभावित नहीं करेगा, दोबारा अपराध में शामिल नहीं होगा, बिना अनुमति देश नहीं छोड़ेगा। अदालत ने स्पष्ट किया कि जमानत नियम है और जेल अपवाद, और लंबे समय तक ट्रायल से पहले हिरासत में रखना व्यक्ति की स्वतंत्रता के अधिकार का उल्लंघन हो सकता है।
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