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Bilaspur News: टूटी पेयजल लाइन, एक माह से पानी को तरसे ग्रामीण

Tue, 18 Aug 2026 12:24 AM IST
Shimla Bureau शिमला ब्यूरो
Updated Tue, 18 Aug 2026 12:24 AM IST
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Drinking water line broken, villagers thirsty for water for a month
ब्रह्मपुखर के पास फोरलेन की खुदाई के दौरान क्षतिग्रस्त हुई पाइप लाइन की आजतक नहीं हुई मरम्मत
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प्राकृतिक जलस्रोतों का सहारा लेने को मजबूर लोग
संवाद न्यूज एजेंसी
जुखाला (बिलासपुर)। शिमला-मटौर फोरलेन निर्माण कार्य की वजह से ब्रह्मपुखर के समीप क्षतिग्रस्त हुई पेयजल पाइप लाइन ग्रामीणों के लिए परेशानी का सबब बनी हुई है। पाइप लाइन टूटने के करीब एक माह बाद भी क्षेत्र में पेयजल आपूर्ति पूरी तरह सामान्य नहीं हो पाई है। लंबे समय से पानी की समस्या से जूझ रहे लोगों को रोजमर्रा की जरूरतों के लिए प्राकृतिक जलस्रोतों का रुख करना पड़ रहा है। बरसात के मौसम में यह परेशानी और बढ़ गई है।
ग्रामीणों के अनुसार फोरलेन निर्माण के दौरान मशीनरी की चपेट में आने से पेयजल आपूर्ति करने वाली पाइप लाइन क्षतिग्रस्त हुई थी। पाइप लाइन टूटने के बाद क्षेत्र में पानी की सप्लाई प्रभावित हो गई। शुरुआत में लोगों को उम्मीद थी कि निर्माण कंपनी और संबंधित विभाग जल्द ही इसकी मरम्मत करवाकर आपूर्ति बहाल कर देंगे, लेकिन एक माह बीतने के बाद भी समस्या का स्थायी समाधान नहीं हो सका है। पानी की नियमित आपूर्ति नहीं होने से ग्रामीणों को पीने और घरेलू उपयोग के लिए प्राकृतिक जलस्रोतों पर निर्भर रहना पड़ रहा है। कई लोगों को पानी लाने के लिए दूर जाना पड़ रहा है। ग्रामीणों का कहना है कि गर्मी के बाद अब बरसात के मौसम में भी पेयजल संकट झेलना पड़ रहा है। सबसे अधिक परेशानी बच्चों, बुजुर्गों और महिलाओं को हो रही है। ग्रामीणों ने बताया कि फोरलेन निर्माण क्षेत्र में लगातार काम चल रहा है। ऐसे में पेयजल जैसी मूलभूत सुविधा की पाइप लाइनों को नुकसान पहुंचने के बाद उनकी तुरंत मरम्मत करवाना जरूरी है। यदि क्षतिग्रस्त लाइन को समय पर ठीक कर दिया जाता तो लोगों को इतने लंबे समय तक परेशानी नहीं झेलनी पड़ती। स्थानीय लोगों लेख राम, बाबू राम, धर्मपाल, गोपाल, संजय, ललित, विकास, बलदेव कुमार, कमलेश नड्डा, लाल चंद, प्रेम लाल, मुकेश नड्डा, कालू राम, चंगू राम, देश राज और शमशेर सिंह ने कहा कि एक माह से पेयजल समस्या बनी हुई है। ग्रामीणों का आरोप है कि समस्या की जानकारी संबंधित पक्षों को होने के बावजूद स्थायी तौर पर समाधान करने में देरी हो रही है। उन्होंने प्रशासन और निर्माण कंपनी से मामले को गंभीरता से लेते हुए जल्द पाइप लाइन की मरम्मत करवाने की मांग की है। ग्रामीणों ने कहा कि फोरलेन निर्माण क्षेत्र में काम के दौरान यदि किसी पेयजल लाइन को नुकसान पहुंचता है तो उसकी वैकल्पिक व्यवस्था भी तत्काल की जानी चाहिए, ताकि लोगों को पेयजल संकट का सामना न करना पड़े। उन्होंने नियमित जलापूर्ति बहाल होने तक प्रभावित क्षेत्र में वैकल्पिक पेयजल व्यवस्था करवाने की मांग भी उठाई है।
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कोट
फोरलेन निर्माण के दौरान क्षतिग्रस्त हुए पाइपों को जोड़ने का कार्य किया जा रहा है। पाइप लाइन की मरम्मत का काम पूरा होते ही क्षेत्र में पेयजल आपूर्ति बहाल कर दी जाएगी। विभाग की ओर से जल्द समस्या दूर करने के प्रयास किए जा रहे हैं।
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-शुभम शर्मा, कनिष्ठ अभियंता,जलशक्ति विभाग
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