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Chamba News: बीमा कंपनी को 4.75 लाख चुकाने के आदेश
Mon, 03 Aug 2026 10:37 PM IST
शिमला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, चम्बा
संवाद न्यूज एजेंसी, चम्बा
Updated Mon, 03 Aug 2026 10:37 PM IST
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बांध में डूबी कार के बीमा दावे पर उपभोक्ता आयोग ने सुनाया फैसला
चालक के रक्त में अल्कोहल मिलने के आधार पर ठुकराया था दावा
आयोग ने कहा- गले-सड़े शव के नमूनों पर आधारित रिपोर्ट निर्णायक नहीं
संवाद न्यूज एजेंसी
चंबा। जिला उपभोक्ता आयोग धर्मशाला-चंबा की अदालत ने भरमौर के उलांसा निवासी मनमोहन सिंह की शिकायत पर सुनवाई करते हुए इफको टोकियो जनरल इंश्योरेंस कंपनी को वाहन का बीमा दावा स्वीकार करने के निर्देश दिए हैं।
कंपनी को बीमित घोषित मूल्य 4,75,607 रुपये शिकायत दायर करने की तिथि से भुगतान तक नौ प्रतिशत वार्षिक ब्याज, 20 हजार रुपये मानसिक क्षतिपूर्ति और 10 हजार रुपये मुकदमेबाजी खर्च अदा करने के आदेश दिए हैं। जिला उपभोक्ता आयोग के अध्यक्ष हेमांशु मिश्रा, सदस्य आरती सूद और नारायण ठाकुर की पीठ ने यह फैसला सुनाया।
शिकायत के अनुसार मनमोहन सिंह की ऑल्टो कार 25 जून, 2023 को खड़ामुख के पास दुर्घटनाग्रस्त होकर बांध में गिर गई थी। हादसे में चालक की मौत हो गई थी। उसका शव 16 दिन बाद मिला जबकि वाहन बांध से नहीं निकाला जा सका। इसके बाद वाहन को पूर्ण क्षति मानते हुए बीमा दावा प्रस्तुत किया गया। बीमा कंपनी ने क्षेत्रीय फोरेंसिक विज्ञान प्रयोगशाला (आरएफएसएल) की रिपोर्ट का हवाला देते हुए दावा खारिज कर दिया। रिपोर्ट में चालक के रक्त में निर्धारित सीमा से अधिक एथिल अल्कोहल पाए जाने का उल्लेख था। कंपनी का तर्क था कि चालक नशे की हालत में वाहन चला रहा था। इसलिए पॉलिसी की शर्तों के तहत दावा देय नहीं है। हालांकि, आयोग ने माना कि शव सड़ी-गली अवस्था में 16 दिन बाद मिला था। नमूनों की जांच भी विलंब से हुई। ऐसे में शरीर के अपघटन और नमूनों के संरक्षण की स्थिति को देखते हुए अल्कोहल के कृत्रिम रूप से बनने की संभावना से इन्कार नहीं किया जा सकता। आयोग ने कहा कि केवल इस रिपोर्ट के आधार पर चालक के नशे में होने का निर्णायक निष्कर्ष नहीं निकाला जा सकता। बीमा कंपनी नुकसान के आकलन संबंधी सर्वेयर की विस्तृत रिपोर्ट भी प्रस्तुत नहीं कर सकी।
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चालक के रक्त में अल्कोहल मिलने के आधार पर ठुकराया था दावा
आयोग ने कहा- गले-सड़े शव के नमूनों पर आधारित रिपोर्ट निर्णायक नहीं
संवाद न्यूज एजेंसी
चंबा। जिला उपभोक्ता आयोग धर्मशाला-चंबा की अदालत ने भरमौर के उलांसा निवासी मनमोहन सिंह की शिकायत पर सुनवाई करते हुए इफको टोकियो जनरल इंश्योरेंस कंपनी को वाहन का बीमा दावा स्वीकार करने के निर्देश दिए हैं।
कंपनी को बीमित घोषित मूल्य 4,75,607 रुपये शिकायत दायर करने की तिथि से भुगतान तक नौ प्रतिशत वार्षिक ब्याज, 20 हजार रुपये मानसिक क्षतिपूर्ति और 10 हजार रुपये मुकदमेबाजी खर्च अदा करने के आदेश दिए हैं। जिला उपभोक्ता आयोग के अध्यक्ष हेमांशु मिश्रा, सदस्य आरती सूद और नारायण ठाकुर की पीठ ने यह फैसला सुनाया।
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शिकायत के अनुसार मनमोहन सिंह की ऑल्टो कार 25 जून, 2023 को खड़ामुख के पास दुर्घटनाग्रस्त होकर बांध में गिर गई थी। हादसे में चालक की मौत हो गई थी। उसका शव 16 दिन बाद मिला जबकि वाहन बांध से नहीं निकाला जा सका। इसके बाद वाहन को पूर्ण क्षति मानते हुए बीमा दावा प्रस्तुत किया गया। बीमा कंपनी ने क्षेत्रीय फोरेंसिक विज्ञान प्रयोगशाला (आरएफएसएल) की रिपोर्ट का हवाला देते हुए दावा खारिज कर दिया। रिपोर्ट में चालक के रक्त में निर्धारित सीमा से अधिक एथिल अल्कोहल पाए जाने का उल्लेख था। कंपनी का तर्क था कि चालक नशे की हालत में वाहन चला रहा था। इसलिए पॉलिसी की शर्तों के तहत दावा देय नहीं है। हालांकि, आयोग ने माना कि शव सड़ी-गली अवस्था में 16 दिन बाद मिला था। नमूनों की जांच भी विलंब से हुई। ऐसे में शरीर के अपघटन और नमूनों के संरक्षण की स्थिति को देखते हुए अल्कोहल के कृत्रिम रूप से बनने की संभावना से इन्कार नहीं किया जा सकता। आयोग ने कहा कि केवल इस रिपोर्ट के आधार पर चालक के नशे में होने का निर्णायक निष्कर्ष नहीं निकाला जा सकता। बीमा कंपनी नुकसान के आकलन संबंधी सर्वेयर की विस्तृत रिपोर्ट भी प्रस्तुत नहीं कर सकी।
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