{"_id":"6a70c8a7d06945d0ec025398","slug":"rajnagar-bhandar-road-remains-incomplete-even-after-30-years-chamba-news-c-88-1-ssml1007-192056-2026-08-03","type":"story","status":"publish","title_hn":"Chamba News: 30 साल बाद भी अधूरी रही राजनगर-भंडार सड़क","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Chamba News: 30 साल बाद भी अधूरी रही राजनगर-भंडार सड़क
Mon, 03 Aug 2026 10:28 PM IST
शिमला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, चम्बा
संवाद न्यूज एजेंसी, चम्बा
Updated Mon, 03 Aug 2026 10:28 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
ग्रामीणों ने मुख्यमंत्री को ज्ञापन सौंपकर की नाबार्ड से बजट उपलब्ध करवाने की मांग
रूपणी पंचायत के लोग बोले- वन स्वीकृति, डीपीआर तैयार सिर्फ धनराशि का इंतजार
संवाद न्यूज एजेंसी
सरोल (चंबा)। पंचायत रूपणी के ग्रामीणों ने जिला परिषद की पूर्व प्रत्याशी मंजरी शर्मा की अगुवाई में मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू को ज्ञापन सौंपा।
राजनगर-भंडार सड़क निर्माण के लिए नाबार्ड योजना के तहत शीघ्र धनराशि जारी करने की मांग की है। मनोज कुमार, दलीप कुमार, किशन चंद, सुरेंद्र कुमार ने बताया कि सड़क का निर्माण कार्य वर्ष 1996-97 में शुरू हुआ था। तीन दशक बाद भी परियोजना पूरी नहीं हो सकी है। सड़क अधूरी होने से स्थानीय लोगों को आवाजाही में परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। करीब चार किलोमीटर लंबी सड़क के लिए आवश्यक वन स्वीकृति पहले ही मिल चुकी है। लोक निर्माण विभाग ने डीपीआर भी तैयार कर ली है। बावजूद इसके नाबार्ड से बजट स्वीकृत न होने से निर्माण कार्य शुरू नहीं हो रहा है। यह रूपणी पंचायत के दर्जनों गांवों को जोड़ने वाली महत्वपूर्ण संपर्क सड़क है। बरसात के मौसम में कच्चे और अधूरे मार्ग की स्थिति और अधिक खराब हो जाती है। ज्ञापन के माध्यम से ग्रामीणों ने मुख्यमंत्री से आग्रह किया कि जनहित से जुड़े इस महत्वपूर्ण मामले में व्यक्तिगत हस्तक्षेप कर नाबार्ड से आवश्यक धनराशि शीघ्र स्वीकृत एवं जारी करवाई जाए। ग्रामीणों ने उम्मीद जताई कि प्रदेश सरकार इस मांग पर सकारात्मक निर्णय लेकर क्षेत्र के लोगों को बेहतर सड़क सुविधा उपलब्ध कराएगी।
--
विज्ञापन
रूपणी पंचायत के लोग बोले- वन स्वीकृति, डीपीआर तैयार सिर्फ धनराशि का इंतजार
संवाद न्यूज एजेंसी
सरोल (चंबा)। पंचायत रूपणी के ग्रामीणों ने जिला परिषद की पूर्व प्रत्याशी मंजरी शर्मा की अगुवाई में मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू को ज्ञापन सौंपा।
राजनगर-भंडार सड़क निर्माण के लिए नाबार्ड योजना के तहत शीघ्र धनराशि जारी करने की मांग की है। मनोज कुमार, दलीप कुमार, किशन चंद, सुरेंद्र कुमार ने बताया कि सड़क का निर्माण कार्य वर्ष 1996-97 में शुरू हुआ था। तीन दशक बाद भी परियोजना पूरी नहीं हो सकी है। सड़क अधूरी होने से स्थानीय लोगों को आवाजाही में परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। करीब चार किलोमीटर लंबी सड़क के लिए आवश्यक वन स्वीकृति पहले ही मिल चुकी है। लोक निर्माण विभाग ने डीपीआर भी तैयार कर ली है। बावजूद इसके नाबार्ड से बजट स्वीकृत न होने से निर्माण कार्य शुरू नहीं हो रहा है। यह रूपणी पंचायत के दर्जनों गांवों को जोड़ने वाली महत्वपूर्ण संपर्क सड़क है। बरसात के मौसम में कच्चे और अधूरे मार्ग की स्थिति और अधिक खराब हो जाती है। ज्ञापन के माध्यम से ग्रामीणों ने मुख्यमंत्री से आग्रह किया कि जनहित से जुड़े इस महत्वपूर्ण मामले में व्यक्तिगत हस्तक्षेप कर नाबार्ड से आवश्यक धनराशि शीघ्र स्वीकृत एवं जारी करवाई जाए। ग्रामीणों ने उम्मीद जताई कि प्रदेश सरकार इस मांग पर सकारात्मक निर्णय लेकर क्षेत्र के लोगों को बेहतर सड़क सुविधा उपलब्ध कराएगी।