{"_id":"69cc271562e05463970be0b4","slug":"raksha-got-first-place-in-poetry-recitation-kangra-news-c-399-1-dsl1017-449592-2026-04-01","type":"story","status":"publish","title_hn":"Kangra News: काव्य पाठ में रक्षा ने पाया प्रथम स्थान","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Kangra News: काव्य पाठ में रक्षा ने पाया प्रथम स्थान
संवाद न्यूज एजेंसी, कांगड़ा
Updated Wed, 01 Apr 2026 01:27 AM IST
विज्ञापन
अरनी विश्वविद्यालय में विभिन्न प्रतियोगिताओं में विजेता प्रतिभागी स्टाफ के साथ। -स्रोत : विश्व
विज्ञापन
कांगड़ा (वि.)। अरनी विश्वविद्यालय में साहित्यिक उत्सव का आयोजन किया गया। इसमें विभिन्न विद्यालयों एवं विश्वविद्यालयों के विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। इस अंतर-विद्यालय प्रतियोगिता के अंतर्गत वाद-विवाद, भाषण तथा काव्य पाठ जैसी प्रतियोगिताएं आयोजित की गईं। प्रतिभागियों ने अभिव्यक्ति, तर्कशक्ति और रचनात्मकता का उत्कृष्ट प्रदर्शन किया।प्रतियोगिता के परिणामों में काव्य पाठ में रक्षा ने प्रथम, निधि भारद्वाज ने द्वितीय तथा कार्तिक ने तृतीय स्थान प्राप्त किया। भाषण प्रतियोगिता में डेचन लाम्बू प्रथम, वनीता द्वितीय तथा सानिया एवं अक्षीश जग्गी तृतीय रहे। वाद-विवाद प्रतियोगिता में दीक्षांत एवं मुस्कान सैनी ने प्रथम, सुधांशु एवं कृष अंडोत्रा ने द्वितीय तथा यासिर एवं पारुल दया ने तृतीय स्थान प्राप्त किया।
कार्यक्रम में कुलाधिपति डॉ. विवेक सिंह मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। इस आयोजन का उद्देश्य भारतीय ज्ञान प्रणाली के आधार पर विद्यार्थियों में भाषाई दक्षता, तार्किक चिंतन, सांस्कृतिक मूल्यों और नैतिक दृष्टिकोण का विकास करना रहा। साथ ही उन्हें एक ऐसा मंच प्रदान करना था जहां वे आत्मविश्वास के साथ विचारों को प्रभावी ढंग से प्रस्तुत कर सकें।
इस प्रकार के कार्यक्रम विद्यार्थियों में संप्रेषण कौशल, नेतृत्व क्षमता, प्रतिस्पर्धात्मक भावना और सृजनात्मक अभिव्यक्ति को प्रोत्साहित करते हैं, जो उनके समग्र व्यक्तित्व विकास में सहायक होते हैं।
कुलाधिपति डॉ. विवेक सिंह ने कहा कि साहित्यिक गतिविधियां विद्यार्थियों के व्यक्तित्व विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती हैं। ऐसे मंच छात्रों को अभिव्यक्ति को निखारने के साथ-साथ आत्मविश्वास बढ़ाने का अवसर प्रदान करते हैं।
Trending Videos
कार्यक्रम में कुलाधिपति डॉ. विवेक सिंह मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। इस आयोजन का उद्देश्य भारतीय ज्ञान प्रणाली के आधार पर विद्यार्थियों में भाषाई दक्षता, तार्किक चिंतन, सांस्कृतिक मूल्यों और नैतिक दृष्टिकोण का विकास करना रहा। साथ ही उन्हें एक ऐसा मंच प्रदान करना था जहां वे आत्मविश्वास के साथ विचारों को प्रभावी ढंग से प्रस्तुत कर सकें।
विज्ञापन
विज्ञापन
इस प्रकार के कार्यक्रम विद्यार्थियों में संप्रेषण कौशल, नेतृत्व क्षमता, प्रतिस्पर्धात्मक भावना और सृजनात्मक अभिव्यक्ति को प्रोत्साहित करते हैं, जो उनके समग्र व्यक्तित्व विकास में सहायक होते हैं।
कुलाधिपति डॉ. विवेक सिंह ने कहा कि साहित्यिक गतिविधियां विद्यार्थियों के व्यक्तित्व विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती हैं। ऐसे मंच छात्रों को अभिव्यक्ति को निखारने के साथ-साथ आत्मविश्वास बढ़ाने का अवसर प्रदान करते हैं।