{"_id":"6974c68d406851d329069f55","slug":"work-on-restoration-of-electricity-water-and-roads-started-in-chaupal-and-saranh-rampur-hp-news-c-178-1-ssml1033-152889-2026-01-24","type":"story","status":"publish","title_hn":"Rampur Bushahar News: चौपाल और सराहन में बिजली, पानी और सड़क बहाली का काम शुरू","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Rampur Bushahar News: चौपाल और सराहन में बिजली, पानी और सड़क बहाली का काम शुरू
विज्ञापन
विज्ञापन
बहाली में बर्फ से हो रही परेशानी
विद्युत बोर्ड के आठ कर्मचारी सरांह में फंसे, 70 मजदूरों की आवश्यकता
नेरवा डिपो की 11 बसें अभी भी फंसी
रियूणी और देहा के बीच चार फीट बर्फ से सड़क खोलने में हो रही परेशानी
संवाद न्यूज एजेंसी
रोहड़ू। मौसम खुलने के बाद विभागीय कर्मचारी पूरे दिन बिजली, पानी और सड़कों को बहाल करने में जुटे हुए हैं। हालांकि, उन्हें बर्फ के बीच कई कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है। विद्युत बोर्ड के आठ कर्मचारी सरांह में फंसे हुए हैं। वहीं, बोर्ड ने मजदूर बढ़ाने के लिए ठेकेदारों से संपर्क किया है।
हिमपात के दूसरे दिन भी चौपाल-शिमला मुख्य मार्ग वाहनों के लिए नहीं खुल सका। नेरवा डिपो की 11 बसें विभिन्न स्थानों पर फंसी हुई हैं। लोक निर्माण विभाग के सहायक अभियंता सुनील शर्मा ने बताया कि विभाग की मशीनरी सभी मुख्य मार्गों सहित संपर्क सड़कों को खोलने में जुटी हुई हैं। नेरवा-चौपाल-शिमला मुख्य मार्ग को खोलने के लिए दोनों ओर से मशीनरी लगाई गई हैं। रियूणी और देहा के बीच कई स्थानों पर चार फीट तक बर्फ जमा होने के कारण सड़क खोलने में समय लग रहा है। कुछ संपर्क मार्गों को पहले ही खोल दिया गया है। उन्होंने कहा कि मौसम साफ रहने की स्थिति में सोमवार शाम तक अधिकांश मार्ग बहाल कर दिए जाएंगे।
विद्युत मंडल चौपाल के अधिशासी अभियंता गोवर्धन दिलटा ने बताया कि बर्फबारी से बिजली की लाइनों को भारी क्षति पहुंची है। अधिकांश लाइनें जंगलों से गुजरती हैं, जहां चार फीट तक बर्फ गिरी हुई है। बंद रास्तों के कारण मजदूरों को जंगलों से गुजरती लाइनों तक पहुंचने में कठिनाई हो रही है। सरांह में आठ कर्मचारी फंसे हैं। उन्होंने कहा कि लाइनों की मरम्मत के लिए कम से कम 70 मजदूरों की आवश्यकता है, जिसके लिए ठेकेदारों से संपर्क किया गया है।
दिलटा ने बताया कि शनिवार रात तक चंबी तक 22 केवी की वैकल्पिक लाइन चालू कर दी जाएगी। 22 केवी कंट्रोल स्टेशन झिकनीपुल तक लाइन चालू करने में अभी समय लगेगा।
हिमाचल पथ परिवहन निगम के ट्रैफिक मैनेजर अनिल शर्मा ने बताया कि नेरवा डिपो की 11 बसें विभिन्न स्थानों पर फंसीं हैं। बर्फबारी से डिपो के 21 रूट प्रभावित हुए हैं।
Trending Videos
विद्युत बोर्ड के आठ कर्मचारी सरांह में फंसे, 70 मजदूरों की आवश्यकता
नेरवा डिपो की 11 बसें अभी भी फंसी
रियूणी और देहा के बीच चार फीट बर्फ से सड़क खोलने में हो रही परेशानी
संवाद न्यूज एजेंसी
रोहड़ू। मौसम खुलने के बाद विभागीय कर्मचारी पूरे दिन बिजली, पानी और सड़कों को बहाल करने में जुटे हुए हैं। हालांकि, उन्हें बर्फ के बीच कई कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है। विद्युत बोर्ड के आठ कर्मचारी सरांह में फंसे हुए हैं। वहीं, बोर्ड ने मजदूर बढ़ाने के लिए ठेकेदारों से संपर्क किया है।
हिमपात के दूसरे दिन भी चौपाल-शिमला मुख्य मार्ग वाहनों के लिए नहीं खुल सका। नेरवा डिपो की 11 बसें विभिन्न स्थानों पर फंसी हुई हैं। लोक निर्माण विभाग के सहायक अभियंता सुनील शर्मा ने बताया कि विभाग की मशीनरी सभी मुख्य मार्गों सहित संपर्क सड़कों को खोलने में जुटी हुई हैं। नेरवा-चौपाल-शिमला मुख्य मार्ग को खोलने के लिए दोनों ओर से मशीनरी लगाई गई हैं। रियूणी और देहा के बीच कई स्थानों पर चार फीट तक बर्फ जमा होने के कारण सड़क खोलने में समय लग रहा है। कुछ संपर्क मार्गों को पहले ही खोल दिया गया है। उन्होंने कहा कि मौसम साफ रहने की स्थिति में सोमवार शाम तक अधिकांश मार्ग बहाल कर दिए जाएंगे।
विज्ञापन
विज्ञापन
विद्युत मंडल चौपाल के अधिशासी अभियंता गोवर्धन दिलटा ने बताया कि बर्फबारी से बिजली की लाइनों को भारी क्षति पहुंची है। अधिकांश लाइनें जंगलों से गुजरती हैं, जहां चार फीट तक बर्फ गिरी हुई है। बंद रास्तों के कारण मजदूरों को जंगलों से गुजरती लाइनों तक पहुंचने में कठिनाई हो रही है। सरांह में आठ कर्मचारी फंसे हैं। उन्होंने कहा कि लाइनों की मरम्मत के लिए कम से कम 70 मजदूरों की आवश्यकता है, जिसके लिए ठेकेदारों से संपर्क किया गया है।
दिलटा ने बताया कि शनिवार रात तक चंबी तक 22 केवी की वैकल्पिक लाइन चालू कर दी जाएगी। 22 केवी कंट्रोल स्टेशन झिकनीपुल तक लाइन चालू करने में अभी समय लगेगा।
हिमाचल पथ परिवहन निगम के ट्रैफिक मैनेजर अनिल शर्मा ने बताया कि नेरवा डिपो की 11 बसें विभिन्न स्थानों पर फंसीं हैं। बर्फबारी से डिपो के 21 रूट प्रभावित हुए हैं।