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Sirmour News: अदालत 3 .
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चरस मामले में दो आशा कार्यकर्ताओं को मिली जमानत
नाहन। एनडीपीएस अधिनियम के तहत चरस के एक मामले में विशेष अदालत ने उत्तराखंड की दो महिलाओं को सशर्त जमानत दे दी है। अदालत ने जिला देहरादून निवासी आरोपी बबीता और आशिया को 50-50 हजार रुपये के निजी मुचलके और दो-दो जमानतदार पर रिहा करने का आदेश दिया।
15 फरवरी 2026 को पुलिस थाना पुरुवाला में दर्ज मामले में बोबरी चौक पर बबीता, आशिया परवीन और शानू राय के कब्जे 835 ग्राम चरस बरामद की थी। आरोपियों ने दलील दी कि वह साल 2006 से उत्तराखंड के विकासनगर में सरकारी स्वास्थ्य योजना के तहत आशा कार्यकर्ता हैं। कथित बरामदगी का बैग सह-आरोपी शानू राय के कब्जे में था। अदालत ने स्पष्ट किया है कि शर्तों के उल्लंघन पर जमानतें रद्द की जा सकतीं हैं। दोनों आरोपी वर्तमान में न्यायिक हिरासत पर जेल में बंद है। संवाद
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नाहन। एनडीपीएस अधिनियम के तहत चरस के एक मामले में विशेष अदालत ने उत्तराखंड की दो महिलाओं को सशर्त जमानत दे दी है। अदालत ने जिला देहरादून निवासी आरोपी बबीता और आशिया को 50-50 हजार रुपये के निजी मुचलके और दो-दो जमानतदार पर रिहा करने का आदेश दिया।
15 फरवरी 2026 को पुलिस थाना पुरुवाला में दर्ज मामले में बोबरी चौक पर बबीता, आशिया परवीन और शानू राय के कब्जे 835 ग्राम चरस बरामद की थी। आरोपियों ने दलील दी कि वह साल 2006 से उत्तराखंड के विकासनगर में सरकारी स्वास्थ्य योजना के तहत आशा कार्यकर्ता हैं। कथित बरामदगी का बैग सह-आरोपी शानू राय के कब्जे में था। अदालत ने स्पष्ट किया है कि शर्तों के उल्लंघन पर जमानतें रद्द की जा सकतीं हैं। दोनों आरोपी वर्तमान में न्यायिक हिरासत पर जेल में बंद है। संवाद
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