सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   India News ›   Mobile ban in Karnataka schools is being discussed parents are also putting pressure Deputy CM Shivakumar

Karnataka: कर्नाटक के स्कूलों में मोबाइल बैन पर चर्चा तेज, डीके शिवकमार बोले- अभिभावक भी बना रहे दबाव

न्यूज डेस्क, अमर उजाला, बंगलूरू Published by: अमन तिवारी Updated Mon, 23 Feb 2026 04:48 PM IST
विज्ञापन
सार

कर्नाटक के डिप्टी सीएम डी.के. शिवकुमार ने कहा कि स्कूलों में मोबाइल बैन करने पर विचार चल रहा है। अभिभावक भी यही चाहते हैं। उन्होंने बेंगलुरु की झीलों का पानी पीने योग्य न होने की रिपोर्ट पर कहा कि यह पानी केवल ग्राउंडवॉटर रिचार्ज के लिए है। साथ ही, नरेगा मजदूरी को लेकर केंद्र के खिलाफ विरोध प्रदर्शन की भी जानकारी दी।

Mobile ban in Karnataka schools is being discussed parents are also putting pressure Deputy CM Shivakumar
डीके शिवकुमार, उपमुख्यमंत्री कर्नाटक - फोटो : ANI
विज्ञापन

विस्तार

कर्नाटक के डिप्टी चीफ मिनिस्टर डी.के. शिवकुमार ने सोमवार को कहा कि राज्य के स्कूलों में मोबाइल फोन पर रोक लगाने के मुद्दे पर चर्चा चल रही है। उन्होंने बताया कि बच्चों के माता-पिता की तरफ से भी ऐसा करने का दबाव है। मीडिया से बात करते हुए शिवकुमार ने कहा कि कई देशों ने इस तरह के कदम उठाए हैं और दुनिया भर में इस पर बात हो रही है। स्कूलों में बच्चों के मोबाइल फोन के इस्तेमाल पर रोक लगाने के बारे में पूछे जाने पर उन्होंने कहा, मोबाइल फोन का गलत इस्तेमाल कैसे हो रहा है, यह सार्वजनिक रूप से बताना ठीक नहीं है, लेकिन इस पर गंभीरता से विचार किया जा रहा है।
Trending Videos


क्या बोले गृह मंत्री?
वहीं कर्नाटक के गृह मंत्री जी परमेश्वर ने कहा कि 16 साल से कम उम्र के बच्चों को मोबाइल देना उनकी पढ़ाई पर बुरा असर डाल रहा है। उन्होंने बताया कि कई देशों ने अध्ययन के बाद स्कूलों और कॉलेजों में मोबाइल पर रोक लगाई है। मुख्यमंत्री ने भी इस मुद्दे पर चर्चा की है और फायदे-नुकसान देखने के बाद फैसला लिया जाएगा।
विज्ञापन
विज्ञापन


ये भी पढ़ें: Karnataka: दलित नवविवाहित जोड़े को मंदिर में प्रवेश करने से रोका गया, एक आरोपी गिरफ्तार, चार फरार

डिप्टी सीएम ने झीलों की रिपोर्ट पर क्या कहा?
दलित मुख्यमंत्री की मांग पर पूछे गए सवाल पर शिवकुमार ने कहा कि मंत्री महादेवप्पा हमारे राष्ट्रीय नेता हैं और मैं उन्हें शुभकामनाएं देता हूं। बंगलूरू की झीलों के पानी पर आई रिपोर्ट को लेकर उन्होंने साफ कहा कि सरकार ने कभी नहीं कहा कि झील का पानी पीने या नहाने के लिए है। झीलें भूजल स्तर बढ़ाने के लिए हैं। पीने का पानी बीडब्ल्यूएसएसबी के द्वारा अलग से साफ करके सप्लाई किया जाता है।

कांग्रेस के विरोध प्रदर्शन पर उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार ने 'विकसित भारत-रोजगार और आजीविका गारंटी मिशन (ग्रामीण)' कानून पर कोई स्पष्ट निर्देश नहीं दिए हैं। पुराने काम की मजदूरी भी जारी नहीं की गई है। उन्होंने आरोप लगाया कि मजदूरों और गरीबों के साथ अन्याय हो रहा है। इसी मुद्दे पर चिक्काबल्लापुर में 'नरेगा बचाओ आंदोलन' के तहत बड़ा प्रदर्शन आयोजित किया गया है।

अन्य वीडियो-
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News apps, iOS Hindi News apps और Amarujala Hindi News apps अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

एप में पढ़ें

Followed