{"_id":"6a30654351968ceb9101c856","slug":"jammu-kashmir-news-rajouri-news-c-272-1-raj1001-107502-2026-06-16","type":"story","status":"publish","title_hn":"Rajouri News: बुधल में पेयजल स्रोत को दूषित करने की कोशिश से लोगों में रोष","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Rajouri News: बुधल में पेयजल स्रोत को दूषित करने की कोशिश से लोगों में रोष
संवाद न्यूज एजेंसी, राजौरी
Updated Tue, 16 Jun 2026 02:19 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विज्ञापन
अज्ञात लोगों के खिलाफ एफआईआर दर्ज
संवाद न्यूज एजेंसी
राजोेरी। राजोरी के बुधल क्षेत्र में पेयजल स्रोत को दूषित करने की कोशिश के मामले को लेकर स्थानीय लोगों में रोष है। यह जल स्रोत बुधल के बेहरोट गांव के निकट स्थित है। यहां से बुधल कस्बे को पानी उपलब्ध कराने वाले दो प्रमुख भंडारण टैंकों तक जलापूर्ति की जाती है।
सोशल मीडिया पर वीडियो वायरल होने के बाद यह मामला सामने आया है। जलापूर्ति पाइपलाइन से बहते पानी में खून जैसे पदार्थ के मिश्रित होने का दावा किया गया। स्थानीय निवासियों ने पुलिस विभाग और जल शक्ति विभाग से तत्काल कार्रवाई की मांग की। लोगों ने दोषियों की पहचान कर उनके खिलाफ एफआईआर दर्ज करने और उन्हें जल्द गिरफ्तार करने की मांग उठाई।
बुधल निवासी एवं वरिष्ठ भाजपा नेता मंजूर अहमद नाइक ने इसे क्षेत्र की सांप्रदायिक सद्भावना और शांति भंग करने का गंभीर प्रयास बताया। उन्होंने कहा कि बुधल के शांतिपूर्ण माहौल को खराब करने या लोगों के बीच तनाव पैदा करने की किसी भी कोशिश को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। पुलिस और जिला प्रशासन को तुरंत एफआईआर दर्ज कर दोषियों को कानून के कटघरे में लाना चाहिए।
विज्ञापन
मंजूर अहमद नाइक के नेतृत्व में बुधल के गणमान्य नागरिकों के एक प्रतिनिधिमंडल ने जल शक्ति विभाग राजोेरी के कार्यकारी अभियंता सुदेश भगत से मुलाकात कर जलाशयों और पाइपलाइनों की तत्काल सफाई एवं कीटाणुशोधन की मांग की। प्रतिनिधिमंडल ने भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए खुले जल स्रोतों को सुरक्षित करने तथा लॉक युक्त सिंटेक्स भंडारण प्रणाली स्थापित करने की भी मांग की।
स्थानीय पुजारी पंडित तिलक राज शर्मा ने कहा कि ऐसे कृत्य समाज में भय और विभाजन पैदा करने की कोशिश हैं। उन्होंने दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई और निष्पक्ष जांच की मांग की। लोगों ने प्रशासन से शीघ्र और निर्णायक कार्रवाई करने की अपील की है।
एसएसपी गौरव सिवारकार ने बताया कि पुलिस ने मामले में संबंधित धाराओं के तहत एफआईआर दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
कोट
प्रतिनिधिमंडल को आश्वस्त किया कि विभाग आवश्यक कदम उठाएगा। 24 घंटे के भीतर मांगों पर कार्रवाई की जाएगी।
- सुदेश भगत, कार्यकारी अभियंता
संवाद न्यूज एजेंसी
राजोेरी। राजोरी के बुधल क्षेत्र में पेयजल स्रोत को दूषित करने की कोशिश के मामले को लेकर स्थानीय लोगों में रोष है। यह जल स्रोत बुधल के बेहरोट गांव के निकट स्थित है। यहां से बुधल कस्बे को पानी उपलब्ध कराने वाले दो प्रमुख भंडारण टैंकों तक जलापूर्ति की जाती है।
सोशल मीडिया पर वीडियो वायरल होने के बाद यह मामला सामने आया है। जलापूर्ति पाइपलाइन से बहते पानी में खून जैसे पदार्थ के मिश्रित होने का दावा किया गया। स्थानीय निवासियों ने पुलिस विभाग और जल शक्ति विभाग से तत्काल कार्रवाई की मांग की। लोगों ने दोषियों की पहचान कर उनके खिलाफ एफआईआर दर्ज करने और उन्हें जल्द गिरफ्तार करने की मांग उठाई।
विज्ञापन
विज्ञापन
बुधल निवासी एवं वरिष्ठ भाजपा नेता मंजूर अहमद नाइक ने इसे क्षेत्र की सांप्रदायिक सद्भावना और शांति भंग करने का गंभीर प्रयास बताया। उन्होंने कहा कि बुधल के शांतिपूर्ण माहौल को खराब करने या लोगों के बीच तनाव पैदा करने की किसी भी कोशिश को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। पुलिस और जिला प्रशासन को तुरंत एफआईआर दर्ज कर दोषियों को कानून के कटघरे में लाना चाहिए।
मंजूर अहमद नाइक के नेतृत्व में बुधल के गणमान्य नागरिकों के एक प्रतिनिधिमंडल ने जल शक्ति विभाग राजोेरी के कार्यकारी अभियंता सुदेश भगत से मुलाकात कर जलाशयों और पाइपलाइनों की तत्काल सफाई एवं कीटाणुशोधन की मांग की। प्रतिनिधिमंडल ने भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए खुले जल स्रोतों को सुरक्षित करने तथा लॉक युक्त सिंटेक्स भंडारण प्रणाली स्थापित करने की भी मांग की।
स्थानीय पुजारी पंडित तिलक राज शर्मा ने कहा कि ऐसे कृत्य समाज में भय और विभाजन पैदा करने की कोशिश हैं। उन्होंने दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई और निष्पक्ष जांच की मांग की। लोगों ने प्रशासन से शीघ्र और निर्णायक कार्रवाई करने की अपील की है।
एसएसपी गौरव सिवारकार ने बताया कि पुलिस ने मामले में संबंधित धाराओं के तहत एफआईआर दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
कोट
प्रतिनिधिमंडल को आश्वस्त किया कि विभाग आवश्यक कदम उठाएगा। 24 घंटे के भीतर मांगों पर कार्रवाई की जाएगी।
- सुदेश भगत, कार्यकारी अभियंता