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Udhampur News: वर्दी पर दाग बर्दाश्त नहीं, नशा तस्करी में कांस्टेबल बर्खास्त, 2025 में हुआ था गिरफ्तार
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उधमपुर। पुलिस ने नशा तस्करी में शामिल अपने ही विभाग के कर्मचारी के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की है। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (एसएसपी) आमोद अशोक नागपुरे के निर्देश पर मादक पदार्थों की तस्करी में संलिप्त पाए गए कांस्टेबल अर्जुन शर्मा को तत्काल प्रभाव से बर्खास्त कर दिया गया है।
मामले का खुलासा साल 2025 में हुआ था जब पुलिस चौकी टिकरी की टीम ने नियमित नाका चेकिंग के दौरान कांस्टेबल को पकड़ा था। तलाशी लेने पर उससे हेरोइन बरामद हुई थी। अपराध की पुष्टि फॉरेंसिक साइंस लेबोरेटरी (एफएसएल) की रिपोर्ट में भी हुई जिससे कांस्टेबल के खिलाफ साक्ष्य और पुख्ता हो गए। थाना रेहम्बल में एनडीपीएस अधिनियम के तहत एफआईआर दर्ज की गई थी। इसके साथ ही विभाग ने आंतरिक जांच भी शुरू की। इस दौरान कांस्टेबल पर लगाए गए सभी आरोप सही मिले। प्रशासन की ओर से जारी कारण बताओ नोटिस का संतोषजनक उत्तर न मिलने पर उसे सेवा से बर्खास्त करने का आदेश जारी कर दिया गया।
विभाग का संदेश, कानून से ऊपर कोई नहीं
पुलिस विभाग ने स्पष्ट किया है कि वर्दी की आड़ में किसी भी प्रकार की अवैध गतिविधि को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। यह भी दोहराया कि नशे के खिलाफ जारी युद्ध में कोई भी व्यक्ति कानून से ऊपर नहीं है, चाहे वह विभाग का ही कर्मी क्यों न हो। एसएसपी की सख्त कार्रवाई को विभाग की पारदर्शिता और जवाबदेही सुनिश्चित करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। पुलिस का कहना है कि ऐसी कार्रवाई से न केवल अपराधियों में भय पैदा होगा बल्कि आम जनता का विभाग पर विश्वास भी सुदृढ़ होगा।
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मामले का खुलासा साल 2025 में हुआ था जब पुलिस चौकी टिकरी की टीम ने नियमित नाका चेकिंग के दौरान कांस्टेबल को पकड़ा था। तलाशी लेने पर उससे हेरोइन बरामद हुई थी। अपराध की पुष्टि फॉरेंसिक साइंस लेबोरेटरी (एफएसएल) की रिपोर्ट में भी हुई जिससे कांस्टेबल के खिलाफ साक्ष्य और पुख्ता हो गए। थाना रेहम्बल में एनडीपीएस अधिनियम के तहत एफआईआर दर्ज की गई थी। इसके साथ ही विभाग ने आंतरिक जांच भी शुरू की। इस दौरान कांस्टेबल पर लगाए गए सभी आरोप सही मिले। प्रशासन की ओर से जारी कारण बताओ नोटिस का संतोषजनक उत्तर न मिलने पर उसे सेवा से बर्खास्त करने का आदेश जारी कर दिया गया।
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विभाग का संदेश, कानून से ऊपर कोई नहीं
पुलिस विभाग ने स्पष्ट किया है कि वर्दी की आड़ में किसी भी प्रकार की अवैध गतिविधि को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। यह भी दोहराया कि नशे के खिलाफ जारी युद्ध में कोई भी व्यक्ति कानून से ऊपर नहीं है, चाहे वह विभाग का ही कर्मी क्यों न हो। एसएसपी की सख्त कार्रवाई को विभाग की पारदर्शिता और जवाबदेही सुनिश्चित करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। पुलिस का कहना है कि ऐसी कार्रवाई से न केवल अपराधियों में भय पैदा होगा बल्कि आम जनता का विभाग पर विश्वास भी सुदृढ़ होगा।