{"_id":"6a7ce00520db5581ad046b2f","slug":"protest-news-jammu-news-c-10-jmu1062-985146-2026-08-13","type":"story","status":"publish","title_hn":"Jammu News: आज बिजली विभाग के कर्मचारी \nकरेंगे प्रदर्शन, कामकाज रहेगा ठप","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Jammu News: आज बिजली विभाग के कर्मचारी करेंगे प्रदर्शन, कामकाज रहेगा ठप
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
छह अधिकारियों को निलंबित करने का विरोध
अमर उजाला ब्यूरो
जम्मू। बिजली विभाग में छह अधिकारियों को निलंबित करने के विरोध में कर्मचारी वीरवार को हड़ताल पर रहेंगे। स्थायी और अस्थायी कर्मचारी काम नहीं करेंगे। हालांकि एमडी को 48 घंटे का समय दिया गया था। इसके बावजूद निलंबन आदेश वापस नहीं लिया गया है। जम्मू-कश्मीर पावर इंप्लाइज एंड इंजीनियर्स को-ऑर्डिनेशन कमेटी के अध्यक्ष सचिन टिक्कू ने बताया कि एमडी की ओर से जारी आदेश में छह अफसरों को सस्पेंड किया गया है। इन अफसरों ने बिजली चोरी होने पर कार्रवाई की है। एफआईआर दर्ज करवाई है। इस पर ग्राहकों ने भी प्राथमिकी दर्ज करवाई है। अब कर्मचारियों को बाहर किया जा रहा है। यह सरासर अन्याय है। टिक्कू ने कहा कि रिकॉर्ड से पता चलता है कि डिफाल्टर्स (नियम तोड़ने वालों) के खिलाफ कार्रवाई की गई है। इस पर कर्मचारियों को निलंबित करना अनुचित है। आदेश को वापस लेना चाहिए। हड़ताल में अस्थायी कर्मचारी, नियमित कर्मचारी भाग लेंगे।
-- -- -- --
बिजली गुल होने पर आ सकती है परेशानी
बिजली गुल होने पर परेशानी आ सकती है। कर्मियों की हड़ताल से फाॅल्ट ठीक होने में भी समय लग सकता है। सबसे ज्यादा परेशानी ग्रामीण इलाकों में आ सकती है। कार्यालयों में भी कामकाज ठप रहेगा। जरूरी आदेश जारी नहीं हो पाएंगे।
विज्ञापन
अमर उजाला ब्यूरो
जम्मू। बिजली विभाग में छह अधिकारियों को निलंबित करने के विरोध में कर्मचारी वीरवार को हड़ताल पर रहेंगे। स्थायी और अस्थायी कर्मचारी काम नहीं करेंगे। हालांकि एमडी को 48 घंटे का समय दिया गया था। इसके बावजूद निलंबन आदेश वापस नहीं लिया गया है। जम्मू-कश्मीर पावर इंप्लाइज एंड इंजीनियर्स को-ऑर्डिनेशन कमेटी के अध्यक्ष सचिन टिक्कू ने बताया कि एमडी की ओर से जारी आदेश में छह अफसरों को सस्पेंड किया गया है। इन अफसरों ने बिजली चोरी होने पर कार्रवाई की है। एफआईआर दर्ज करवाई है। इस पर ग्राहकों ने भी प्राथमिकी दर्ज करवाई है। अब कर्मचारियों को बाहर किया जा रहा है। यह सरासर अन्याय है। टिक्कू ने कहा कि रिकॉर्ड से पता चलता है कि डिफाल्टर्स (नियम तोड़ने वालों) के खिलाफ कार्रवाई की गई है। इस पर कर्मचारियों को निलंबित करना अनुचित है। आदेश को वापस लेना चाहिए। हड़ताल में अस्थायी कर्मचारी, नियमित कर्मचारी भाग लेंगे।
बिजली गुल होने पर आ सकती है परेशानी
बिजली गुल होने पर परेशानी आ सकती है। कर्मियों की हड़ताल से फाॅल्ट ठीक होने में भी समय लग सकता है। सबसे ज्यादा परेशानी ग्रामीण इलाकों में आ सकती है। कार्यालयों में भी कामकाज ठप रहेगा। जरूरी आदेश जारी नहीं हो पाएंगे।
विज्ञापन