{"_id":"696098a275d8a72fb20d36f5","slug":"demand-for-relief-from-tet-education-ministry-sought-information-on-teachers-unions-welcomed-the-decision-2026-01-09","type":"story","status":"publish","title_hn":"टीईटी से राहत देने की मांग: शिक्षा मंत्रालय ने मांगी शिक्षकों की जानकारी, संघों ने इस निर्णय का किया स्वागत","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
टीईटी से राहत देने की मांग: शिक्षा मंत्रालय ने मांगी शिक्षकों की जानकारी, संघों ने इस निर्णय का किया स्वागत
अमर उजाला ब्यूरो, लखनऊ
Published by: ishwar ashish
Updated Fri, 09 Jan 2026 11:26 AM IST
विज्ञापन
सार
शिक्षकों को टीईटी मामले में राहत देने की मांग को लेकर शिक्षकों के प्रतिनिधिमंडल ने शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान से मुलाकात की थी जिसके बाद मंत्रालय ने शिक्षकों की जानकारी मांगी है। वहीं, संघ ने इस निर्णय का स्वागत किया है।
शिक्षामंत्री धर्मेंद्र प्रधान।
- फोटो : PTI
विज्ञापन
विस्तार
टीईटी मामले में शिक्षा मंत्रालय द्वारा सर्वोच्च न्यायालय के एक सितंबर 2025 के निर्णय के संदर्भ में राज्यों से इस निर्णय से प्रभावित होने वाले शिक्षकों की संख्या व विवरण मांगा गया है। साथ ही निर्णय का शिक्षकों की सेवा शर्तों, वेतन व वित्तीय स्थिति पर प्रभाव के बारे में जानकारी मांगी है।
Trending Videos
ऑल इंडिया प्राइमरी टीचर्स फेडरेशन के राष्ट्रीय अध्यक्ष सुशील कुमार पांडेय ने यह जानकारी देते हुए बताया कि केंद्र सरकार द्वारा लिया गया निर्णय शिक्षकों के संघर्ष की जीत है। संगठन के बैनर तले शिक्षकों ने कई कार्यक्रम चलाए थे। शिक्षामंत्री से मिलकर शिक्षकों की पीड़ा को बताया गया, साथ ही दिल्ली में देशभर के शिक्षकों ने धरना-प्रदर्शन भी किया था। उन्होंने उम्मीद जताई कि नए साल में देश भर के लाखों शिक्षक को केंद्र सरकार के माध्यम से टीईटी अनिवार्यता से राहत मिलेगी।
विज्ञापन
विज्ञापन
सभी सेवारत शिक्षकों पर टीईटी लागू करना सही नहीं
बृहस्पतिवार को अखिल भारतीय राष्ट्रीय शैक्षिक महासंघ (एबीआरएसएम) के एक प्रतिनिधिमंडल ने शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान से दिल्ली में मिलकर शिक्षक पात्रता परीक्षा (टीईटी) मामले में शिक्षकों को राहत देने की मांग उठाई। प्रतिनिधिमंडल ने सभी सेवारत शिक्षकों पर टीईटी अनिवार्य किए जाने पर गहरी चिंता जताई।
कहा कि यदि इसको पूर्ण रूप से लागू किया गया, तो इससे देश भर के लगभग 12 लाख शिक्षकों की सेवा-सुरक्षा, वरिष्ठता, पदोन्नति व आजीविका पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ने की आशंका है। एबीआरएसएम के अध्यक्ष प्रो. नारायण लाल गुप्ता, महासचिव प्रो. गीता भट्ट ने कहा कि एनसीटीई की अधिसूचना में स्पष्ट रूप से उल्लेख है कि कक्षा एक से 8वीं तक के शिक्षकों के लिए न्यूनतम योग्यताएं अधिसूचना की तिथि से प्रभावी होंगी। इससे पूर्व नियुक्त शिक्षकों को टीईटी से छूट रहेगी।
शिक्षा मंत्री ने प्रतिनिधिमंडल से इस मामले में अधिकारियों को समुचित व आवश्यक कार्यवाही करने के निर्देश दिए। प्रतिनिधिमंडल में संगठन मंत्री महेंद्र कपूर, जी लक्ष्मण, महेंद्र कुमार, शिवानंद सिंदनकेरा, प्रो. महेंद्र श्रीमाली, हनुमंत राव, राष्ट्रीय शैक्षिक महासंघ यूपी के प्रदेश अध्यक्ष प्रो. संजय मेधावी, प्रदेश महामंत्री जोगेन्द्र पाल सिंह, आदि शामिल थे।