Lucknow: बेटियों के स्कूल पर फिर संकट, अब हाईकोर्ट का नोटिस चिपका, बालिका विद्या मंदिर हाईस्कूल का मामला
खास बात ये है कि ये नोटिस बीते 11 जून को जारी हुआ था, लेकिन इसे 14 जून क़ी रात में गेट पर चिपकाया गया है। स्थानीय लोगों का कहना है कुछ लोग आए थे और नोटिस चस्पा करके चले गए हैं।
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राजधानी लखनऊ के हज़रतगंज स्थित बेटियों के विद्यालय बालिका विद्या मंदिर हाईस्कूल पर फिर नया संकट है। विद्यालय के गेट पर अब इलाहबाद हाईकोर्ट क़ी लखनऊ बेंच का नोटिस चस्पा किया गया है। नोटिस में खास बात ये है कि ये नोटिस बीते 11 जून को जारी हुआ था, लेकिन इसे 14 जून क़ी रात में गेट पर चिपकाया गया है। स्थानीय लोगों का कहना है कुछ लोग आए थे और नोटिस चस्पा करके चले गए हैं। नोटिस के मुताबिक आज ही 15 जून को अदालत में स्कूल की ओर से अदालत में पक्ष रखना होगा।
बता दें कि अभी अभी 10 जून को विद्यालय बेटियों को वापस मिल गया था। हजरतगंज थाने की उसी पुलिस को ताला खुलवाना पड़ा था जिस पुलिस ने बीते 4 जून को एडीएम कोर्ट का हवाला देकर दिनदहाड़े विपक्षी पार्टी को विद्यालय पर कब्जा दे दिया था। इसके बाद अमर उजाला ने इस मामले को प्रमुखता से उठाया था। बीते बुधवार को विद्यालय खुलने की खुशी में पहुंचे बच्चे दोपहर तक गेट पर पर इंतजार करते रहे थे उसके बाद पुलिस करीब डेढ़ बजे पहुंची तब ताला खुलवाया गया। इस दौरान पुलिसकर्मियों ने अपनी फ़जीहत होते देख मीडिया कर्मियों को भी भगाने का प्रयास किया था।
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बता दें कि एडीएम पूर्वी कोर्ट के आदेश का हवाला देकर बीते चार जून को हजरतगंज पुलिस ने दोपहर में विद्यालय को खाली करवाकर कब्जा विपक्षी पार्टी को दे दिया था। इसके बाद 250 बेटियों की पढ़ाई पर संकट आ गया था। इस मुद्दे को अमर उजाला ने पहले दिन से प्रमुखता से उठाया था। जबकि सरकार की ओर से सहायता प्राप्त विद्यालय पर इस तरह से कोई कब्जा नहीं कर सकता है। उसके बाद भी एडीएम की ओर से आदेश दिया गया। आदेश से पहले एडीएम की ओर से माध्यमिक शिक्षा विभाग को भी कोई सूचना नहीं भेजी गई थी। एकतरफा आदेश के चलते जिस तरह से विद्यालय कब्जाया गया था उससे जुड़े हर बिंदु को अमर उजाला ने उठाया था।
मौके पर नहीं मिला पूरा सामान
हजरतगंज पुलिस ने ताला खुलवाया लेकिन मौके पर पूरा सामान नहीं मिला। जबकि मैदान में पहले दिन पंखे अलमारी, विद्यालय से जुड़े दस्तावेज पड़े हुए थे। आशंका है कि विद्यालय के दस्तावेजों से छेड़छाड़ की गई है।
दबंगों ने तोड़ा फर्नीचर, बोर्ड उखाड़ा
गेट खुलने के बाद अंदर फर्नीचर टूटा हुआ मिला वहीं विद्यालय का बोर्ड भी गायब है। प्रबधंक ने इस संबंध में पुलिस से जानकारी मांगी पुलिस कुछ जवाब नहीं दे सकी है।
अमर उजाला कि पहल पर एडीएम को आना पड़ा बैकफुट पर
अमर उजाला की ओर से प्रमुखता से मुद्दे को उठाए जाने के बाद इस मामले में एडीएम पूर्वी का बीते 21 अप्रैल का अपना ही आदेश पलटना पड़ा। इसके बाद हजरतगंज पुलिस को वापस विद्यालय प्रबंधक को कब्जा दिलाए जाने का आदेश दिया गया।
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