UP: 332 नायब तहसीलदार बने तहसीलदार, लेवल-10 वेतनमान लागू होने पर अब मिलेगी इतनी सैलरी; जानें अपडेट
उत्तर प्रदेश सरकार ने राजस्व परिषद में कार्यरत 332 नायब तहसीलदारों को तहसीलदार पद पर पदोन्नति दी है। 13 अगस्त 2026 को जारी आदेश डीपीसी की संस्तुति के आधार पर हुआ। पदोन्नत अधिकारियों को लेवल-10 वेतनमान मिलेगा, जिसमें ₹56,100 से ₹1,77,500 तक मूल वेतन निर्धारित है। दो वर्ष की परिवीक्षा भी होगी।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
उत्तर प्रदेश की योगी सरकार ने राजस्व परिषद में कार्यरत 332 नायब तहसीलदारों को तहसीलदार पद पर पदोन्नति दी है। चयन वर्ष 2026-27 के नियमित चयन के तहत यह पदोन्नति की गई है। राजस्व परिषद की ओर से पदोन्नति का आदेश 13 अगस्त 2026 को जारी किया गया। अधिकारियों की पदोन्नति का निर्णय छह और सात अगस्त को हुई विभागीय पदोन्नति समिति (डीपीसी) की बैठक में की गई संस्तुति के आधार पर लिया गया है।
पदोन्नत सभी नायब तहसीलदार अब तहसीलदार पद का कार्यभार ग्रहण करेंगे। आदेश के अनुसार, कार्यभार ग्रहण करने की तिथि से अधिकारियों की दो वर्ष की परिवीक्षा अवधि होगी। इस दौरान उन्हें पदोन्नति से संबंधित निर्धारित शर्तों और शासनादेशों का पालन करना होगा। संबंधित अधिकारियों को नई जिम्मेदारी के साथ राजस्व प्रशासन से जुड़े महत्वपूर्ण कार्यों का निर्वहन करना होगा।
पदोन्नति के बाद अधिकारियों को तहसीलदार पद के लिए निर्धारित वेतनमान का लाभ मिलेगा। इसके तहत वेतन मैट्रिक्स का लेवल-10 लागू होगा। लेवल-10 में मूल वेतन 56,100 रुपये से शुरू होकर अधिकतम 1,77,500 रुपये तक निर्धारित है। पदोन्नति से लंबे समय से नायब तहसीलदार पद पर कार्यरत अधिकारियों को करियर में आगे बढ़ने का अवसर मिला है। राजस्व परिषद के इस आदेश के बाद अब संबंधित अधिकारियों की तैनाती और कार्यभार ग्रहण की प्रक्रिया पूरी की जाएगी।