यूपी: चुनावी मोड में अखिलेश यादव, बोले- यह 37 सांसद 2027 के विधानसभा चुनाव में जीत दिलाएंगे
Akhilesh in election mode: 2027 में होने वाले विधानसभा चुनाव से पहले अखिलेश यादव चुनावी मोड मोड में आ गए हैं। लखनऊ में उन्होंने सभी सांसदों की बैठक की।
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लखनऊ में समाजवादी पार्टी अध्यक्ष अखिलेश यादव ने मंगलवार को सपा के सभी सांसदों की मीटिंग बुलाई। अखिलेश अपने सांसदों से आगामी चुनावी रणनीति और संगठन मजबूत करने की चर्चा की। हर संसदीय क्षेत्र की विधानसभा सीटों की स्थिति पर चर्चा हुई। इस दौरान अखिलेश यादव ने अपने सांसदों में कहा कि यह 37 सांसद 2027 के विधानसभा चुनाव में जीत दिलाएंगे।
#WATCH लखनऊ, उत्तर प्रदेश: समाजवादी पार्टी के सांसद ज़िया उर रहमान बर्क ने कहा, "हमने अहम बैठक की है ताकि हम मजबूती के साथ चुनाव लड़ें और अपनी सरकार बनाए। हमारी पार्टी मजबूत है और एक है। जनता के भरोसे और उनकी मदद से सभी सांसद मिलकर प्रयास करेंगे कि हम अखिलेश यादव को मुख्यमंत्री… pic.twitter.com/NYnFs8lNt8
विज्ञापन— ANI_HindiNews (@AHindinews) January 20, 2026विज्ञापन
हमने अहम बैठक की है..
समाजवादी पार्टी के सांसद ज़िया उर रहमान बर्क ने कहा, "हमने अहम बैठक की है ताकि हम मजबूती के साथ चुनाव लड़ें और अपनी सरकार बनाए। हमारी पार्टी मजबूत है और एक है। जनता के भरोसे और उनकी मदद से सभी सांसद मिलकर प्रयास करेंगे कि हम अखिलेश यादव को मुख्यमंत्री बनाए।"
अखिलेश ने कैंट में विनय शंकर तिवारी को लगाकर दिए भविष्य के संकेत
सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव ने लखनऊ कैंट विधानसभा क्षेत्र में संगठन को मजबूत करने और एसआईआर संबंधी कामों पर निगरानी के लिए पूर्व मंत्री हरिशंकर तिवारी के पुत्र पूर्व विधायक विनय शंकर तिवारी को लगाकर भविष्य की अपनी रणनीति का संकेत दे दिया है। उप मुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक कैंट विधानसभा क्षेत्र से भाजपा के विधायक हैं।
सपा के प्रदेश अध्यक्ष श्याम लाल पाल की ओर से इस संबंध में महानगर अध्यक्ष फाखिर सिद्दीकी को पत्र भेजा गया है। पत्र मिलने की पुष्टि करते हुए सिद्दीकी ने अमर उजाला को बताया कि कैंट में हम पूरी दमदारी से चुनाव लड़ने की तैयारी कर रहे हैं।
विनय शंकर तिवारी को मिल सकती ये सीट
सपा नेतृत्व के इस पत्र में कहा गया है कि अखिलेश यादव के निर्देश पर पूर्व विधायक विनय शंकर तिवारी व पूर्व मंत्री तेज नारायण उर्फ पवन पांडेय को लखनऊ महानगर की कैंट विधानसभा क्षेत्र में लगाया गया है। इन्हें संगठनात्मक ढांचा मजबूत करने के साथ एसआईआर के तहत फार्म नंबर 6, 7 व 8 का काम पूर्ण कराने और आपत्तियों के निस्तारण के लिए प्रभारी भी बनाया गया है।
लखनऊ की कैंट विधानसभा सीट ब्राह्मण बहुल मानी जाती है। इस विधानसभा सीट से भाजपा के टिकट पर वर्ष 2022 में उप मुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक चुनाव जीते थे। पाठक और विनय शंकर तिवारी कभी बसपा में साथ-साथ थे। सपा द्वारा विनय शंकर तिवारी को कैट विधानसभा क्षेत्र की जिम्मेदारी दिए जाने के बाद इसे आगामी विधानसभा चुनाव से जोड़कर देखा जा रहा है।
सपा नेतृत्व ने बरेली जिला कार्यकारिणी को अध्यक्ष समेत भंग कर दिया है। सपा सूत्रों के मुताबिक, जल्दी ही वहां नई कमेटी का गठन होगा। इसके लिए सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव ने होमवर्क पूरा कर लिया है। समाजवादी पृष्ठभूमि के पुराने कार्यकर्ता को नया जिलाध्यक्ष बनाया जाएगा।
