यूपी: राजभर का अखिलेश पर तंज, बोले- वो रोज बदलते हैं फॉर्मूला, नीला रंग अपनाने से दलित वोट नहीं मिलने वाला
ओमप्रकाश राजभर ने अखिलेश यादव और समाजवादी पार्टी पर निशाना साधते हुए कहा कि नीला रंग अपनाने से दलित वोट नहीं मिलेगा। उन्होंने अखिलेश पर बार-बार राजनीतिक फॉर्मूला बदलने का आरोप लगाया। राजभर ने सपा पर दलित हितों की अनदेखी, योजनाओं के नाम बदलने और अनुशासनहीनता को लेकर भी हमला बोला।
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अंबेडकरनगर के प्रभारी मंत्री और सुभासपा अध्यक्ष ओमप्रकाश राजभर ने बुधवार को एक बार फिर समाजवादी पार्टी और अखिलेश यादव पर तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा कि केवल नीला रंग अपना लेने से दलितों का वोट नहीं मिलेगा। राष्ट्रीय सुहेलदेव सेना के गठन पर उन्होंने कहा कि सेना को वह 24 वर्षों से चला रहे हैं। उनके मुताबिक संगठन में एक लाख सैनिक और 21 हजार कमांडर हैं, जिनकी वर्दी भी अलग है।
नीला रंग सपा की देन नहीं
सपा के ड्रेस कोड पर निशाना साधते हुए राजभर ने कहा कि नीला रंग सपा की देन नहीं है। बसपा और वह लंबे समय से इस रंग का इस्तेमाल करते आ रहे हैं। उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि सपा अब रंग की नकल कर रही है। अखिलेश यादव पर निशाना साधते हुए बोले कि वह रोज अपना फॉर्मूला बदलते हैं और पीडीए को भी बार-बार बदल रहे हैं। उन्होंने कहा, ‘पीडीए में पी से पहली बार हारे, डी से दूसरी बार हारे और ए से मतलब अबकी बार फिर हारेंगे।
झांसी और हापुड़ की घटनाओं का जिक्र करते हुए राजभर ने आरोप लगाया कि अखिलेश यादव अपने लोगों को अनुशासन का पाठ नहीं पढ़ा रहे हैं। उन्होंने कहा कि आए दिन उनके लोग वारदात कर रहे हैं। सुहेलदेव सेना से सीख लेकर उन्हें अनुशासन सिखाया जाना चाहिए।
गेस्ट हाउस कांड को भी सपा को याद रखना चाहिए
राजभर ने अखिलेश यादव पर दलित हितों की अनदेखी का भी आरोप लगाया। कहा कि प्रमोशन में आरक्षण समाप्त किया गया और महापुरुषों के नाम पर शुरू की गई योजनाओं को बंद किया गया। कांशीराम और बाबा साहब के नाम पर बने जिलों के नाम बदलने का भी उन्होंने आरोप लगाया। मायावती के साथ हुए गेस्ट हाउस कांड को भी सपा को याद रखना चाहिए।
सहारनपुर में मस्जिद ढहाए जाने के मामले पर भी राजभर ने सपा-कांग्रेस पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि आज ये लोग फातिहा पढ़ रहे हैं, जबकि कोर्ट का नोटिस आने पर जवाब देना चाहिए था। आरोप लगाया कि विपक्षी दल ऐसे मामलों में राजनीति कर रहे हैं।