Rahul-Scindia Meet: संसद में राहुल और सिंधिया की मुलाकात, हाथ थामे…चार साल बाद एक फ्रेम में नजर आए दोनों
Rahul-Scindia Meet: संसद भवन में राहुल गांधी और केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया दोनों नेता चार साल हाथ में हाथ मिला कर मिलते दिखे। यह तस्वीर सोशल मीडिया पर वायरल हो गई। चार साल बाद दोनों नेता एक साथ नजर आए।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
मंगलवार को संसद भवन में आयोजित 'हमारा संविधान, हमारा स्वाभिमान' कार्यक्रम में सभी दलों के सांसद शामिल हुए। राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने संसद के संयुक्त सत्र को संबोधित किया। इस दौरान सेंट्रल हॉल में एक अप्रत्याशित दृश्य देखने को मिला जब राहुल गांधी और ज्योतिरादित्य सिंधिया आमने-सामने आए। दोनों नेताओं ने गर्मजोशी से हाथ मिलाया और कुछ देर तक आपस में बातचीत की। इस मुलाकात की तस्वीरें सोशल मीडिया पर वायरल हो गईं और लोगों ने इसे लेकर तरह-तरह के कयास लगाने शुरू कर दिए। हालांकि, इस मुलाकात को लेकर न तो राहुल गांधी और न ही सिंधिया ने कोई टिप्पणी की है।
खरगे समेत कांग्रेस नेता रह गए हैरान
जब राहुल गांधी और ज्योतिरादित्य सिंधिया बातचीत कर रहे थे, उस समय कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे भी पास ही खड़े थे। कई अन्य कांग्रेस नेता भी यह दृश्य देखकर हैरान रह गए। हालांकि, दोनों नेताओं के बीच क्या बातचीत हुई यह सामने नहीं आया है।
दोस्ती से विरोध तक का सफर
कभी घनिष्ठ मित्र माने जाने वाले राहुल गांधी और ज्योतिरादित्य सिंधिया के संबंध 2020 के मध्य प्रदेश के सियासी घटनाक्रम के बाद बदल गए थे। सिंधिया ने अपने 22 समर्थक विधायकों के साथ कांग्रेस छोड़कर भाजपा का दामन थाम लिया था, जिससे प्रदेश में15 साल बाद बनी कमलनाथ सरकार गिर गई। इसके बाद दोनों नेताओं के बीच दूरी बढ़ गई। हालांकि दोनों ही सार्वजनिक मंचों पर एक-दूसरे पर निशाना साधते नजर आए।
प्रियंका गांधी ने साधा था निशाना
मध्य प्रदेश विधानसभा चुनाव में प्रचार के दौरान कांग्रेस की वरिष्ठ नेता प्रियंका गांधी ने ज्योतिरादित्य सिंधिया पर निशाना साधा था। गांधी ने कहा था कि भाजपा के नेता विचित्र टाइप की है। उन्होंने उस समय कहा था कि उन्होंने ज्योतिरादित्य सिंधिया के साथ उत्तरप्रदेश में काम किया था। क्या है कि वह कद में थोड़े छोटे रह गए, लेकिन अहंकार में वाह भाई वाह। प्रियंका ने आगे कहा कि उन्होंने अपने परिवार की परंपरा अच्छे से निभाई। विश्वासघात बहुतों ने किया, लेकिन इन्होंने ग्वालियर और चंबल की जनता को धोखा दिया है। इस पर सिंधिया ने भी पलटवार करते हुए प्रियंका गांधी का पार्ट टाइम अभिनेत्री कहा था और आईने में झाक लेने की सलाह दी थी।
दिसंबर 2018 में एक साथ आए थे नजर
The two most powerful warriors are patience and time.
— Rahul Gandhi (@RahulGandhi) December 13, 2018
- Leo Tolstoy pic.twitter.com/MiRq2IlrIg
