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स्वच्छ सर्वेक्षण 2025-26: स्वच्छता में MP ने मारी बाजी, सिटीजन फीडबैक में पूरे देश में नंबर-1 बना मध्यप्रदेश
Wed, 27 May 2026 07:53 PM IST
Sandeep Kumar Tiwari
न्यूज डेस्क,अमर उजाला, भोपाल
न्यूज डेस्क,अमर उजाला, भोपाल
Published by: Sandeep Kumar Tiwari
Updated Wed, 27 May 2026 07:53 PM IST
सार
स्वच्छ सर्वेक्षण 2025-26 के सिटीजन फीडबैक में मध्यप्रदेश ने पूरे देश में पहला स्थान हासिल किया है। प्रदेश के 35.69 लाख से ज्यादा नागरिकों ने ऑनलाइन फीडबैक देकर स्वच्छता अभियान में भागीदारी की। डिजिटल फीडबैक और जनजागरूकता के मामले में एमपी ने बड़े राज्यों को पीछे छोड़ दिया है।
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भोपाल में स्वच्छ सर्वेक्षण
- फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
मध्य प्रदेश ने स्वच्छता के मैदान में बड़ा रिकॉर्ड बना दिया है। स्वच्छ सर्वेक्षण 2025-26 के तहत शहरों की सफाई को लेकर लिए जा रहे सिटीजन फीडबैक में मध्यप्रदेश देशभर में नंबर-1 पर पहुंच गया है। 2011 की जनसंख्या के आधार पर जारी आंकड़ों में प्रदेश ने सभी राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों को पीछे छोड़ दिया है। अब तक प्रदेश के 35.69 लाख से ज्यादा नागरिक ऑनलाइन प्लेटफॉर्म पर अपने शहर की सफाई को लेकर फीडबैक दर्ज कर चुके हैं। 27 मई तक के आंकड़ों में मध्यप्रदेश डिजिटल भागीदारी के मामले में भी देश में सबसे आगे दिखाई दिया।
1 करोड़ एसएमएस, 60 लाख लोगों तक सोशल मीडिया पहुंच
स्वच्छ भारत मिशन (शहरी) 2.0 के तहत इस बार राज्य स्तर पर 360 डिग्री रणनीति अपनाई गई। नगरीय निकायों के सोशल मीडिया हैंडल्स के जरिए 60 लाख से ज्यादा लोगों तक पहुंच बनाई गई। इसके अलावा कचरा गाड़ियों से प्रचार, अखबार, रेडियो, टीवी और घर-घर अभियान चलाकर लोगों को स्वच्छता और ऑनलाइन फीडबैक के लिए जागरूक किया गया। नागरिकों को प्रेरित करने के लिए 1 करोड़ से ज्यादा एसएमएस भेजे गए और सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर्स की मदद भी ली गई।
जबलपुर-इंदौर समेत कई शहरों ने दिखाया दम
नगर निगमों में जबलपुर 52.20% सिटीजन फीडबैक के साथ सबसे आगे रहा। इसके बाद इंदौर 40.07% और उज्जैन 28.30% पर रहे। नगर पालिका परिषदों में सेंधवा 69.56%, विजय राघोगढ़ 63.62% और आगर 37.94% फीडबैक के साथ टॉप पर रहे। वहीं नगर परिषदों में कैमोर 71.17%, राऊ 64.23% और शाहपुर बुरहानपुर 48.29% के साथ आगे रहे।
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यह भी पढ़ें- एमपी में शराब दुकानों पर सख्ती बढ़ी, ओवर रेटिंग और अवैध अहातों पर चलेगा विशेष अभियान
जनभागीदारी से एमपी बना स्वच्छता में अग्रणी
नगरीय विकास एवं आवास मंत्री कैलाश विजयवर्गीय ने कहा कि प्रदेश के नागरिकों की जागरूकता और सफाई मित्रों की मेहनत की वजह से मध्यप्रदेश स्वच्छता में देश का अग्रणी राज्य बना है। उन्होंने कहा कि विभाग लगातार धरातल पर काम कर रहा है ताकि नागरिकों की भागीदारी और बढ़ाई जा सके।
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1 करोड़ एसएमएस, 60 लाख लोगों तक सोशल मीडिया पहुंच
स्वच्छ भारत मिशन (शहरी) 2.0 के तहत इस बार राज्य स्तर पर 360 डिग्री रणनीति अपनाई गई। नगरीय निकायों के सोशल मीडिया हैंडल्स के जरिए 60 लाख से ज्यादा लोगों तक पहुंच बनाई गई। इसके अलावा कचरा गाड़ियों से प्रचार, अखबार, रेडियो, टीवी और घर-घर अभियान चलाकर लोगों को स्वच्छता और ऑनलाइन फीडबैक के लिए जागरूक किया गया। नागरिकों को प्रेरित करने के लिए 1 करोड़ से ज्यादा एसएमएस भेजे गए और सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर्स की मदद भी ली गई।
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जबलपुर-इंदौर समेत कई शहरों ने दिखाया दम
नगर निगमों में जबलपुर 52.20% सिटीजन फीडबैक के साथ सबसे आगे रहा। इसके बाद इंदौर 40.07% और उज्जैन 28.30% पर रहे। नगर पालिका परिषदों में सेंधवा 69.56%, विजय राघोगढ़ 63.62% और आगर 37.94% फीडबैक के साथ टॉप पर रहे। वहीं नगर परिषदों में कैमोर 71.17%, राऊ 64.23% और शाहपुर बुरहानपुर 48.29% के साथ आगे रहे।
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जनभागीदारी से एमपी बना स्वच्छता में अग्रणी
नगरीय विकास एवं आवास मंत्री कैलाश विजयवर्गीय ने कहा कि प्रदेश के नागरिकों की जागरूकता और सफाई मित्रों की मेहनत की वजह से मध्यप्रदेश स्वच्छता में देश का अग्रणी राज्य बना है। उन्होंने कहा कि विभाग लगातार धरातल पर काम कर रहा है ताकि नागरिकों की भागीदारी और बढ़ाई जा सके।
