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Rajgarh: शाह पर दिग्विजय का पलटवार, बोले- जनाजा नहीं अर्थी निकलेगी वो भी कांग्रेस के सिपाहियों के कांधों पर
Sun, 05 May 2024 09:59 PM IST
राजगढ़ ब्यूरो
अमर उजाला, न्यूज डेस्क, राजगढ़
अमर उजाला, न्यूज डेस्क, राजगढ़
Published by: राजगढ़ ब्यूरो
Updated Sun, 05 May 2024 09:59 PM IST
सार
अमित शाह के दिग्विजय सिंह के जनाजे वाले बयान के बाद से और अधिक चर्चा में आई राजगढ़ सीट पर जनाजा और अर्थी जैसे शब्दों का इस्तेमाल रुकने का नाम नहीं ले रहा है। उसी बयान को लेकर दिग्विजय सिंह ने अमित शाह पर फिर से पलटवार किया है।
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दिग्विजय सिंह
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विस्तार
पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह शनिवार रात राजगढ़ जिले की ब्यावरा विधानसभा क्षेत्र के सुठालिया में थे। बीते दिनों केंद्रीय मंत्री अमित शाह द्वारा दिए गए जनाजा निकालने वाले बयान पर उन्होंने पलटवार किया है। इसमें उन्होंने जनाजा नहीं बल्कि अर्थी निकलने और वो भी कांग्रेस के कार्यकर्ताओ के कांधों पर निकलने की बात कही है।
आपको बता दें कि कुछ दिनों पूर्व ही केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने राजगढ़ जिले के खिलचीपुर में भाजपा प्रत्याशी रोडमल नागर के समर्थन में चुनावी सभा को संबोधित किया था। इसमें कहा था कि दिग्विजय सिंह को हराकर इस तरह से घर भेजना कि आशिक का जनाजा है जरा धूम से निकले, उसी को लेकर सुठालिया में आयोजित सभा में दिग्विजय सिंह ने अमित शाह के बयान पर पलटवार किया है।
दिग्विजय सिंह ने मंच से ही अपने कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए कहा कि अमित शाह ने अपने भारतीय जनता पार्टी के नेताओं से कहा, कार्यकर्ताओं से कहा कि, भाई दिग्विजय सिंह का जनाजा बड़े धूमधाम से निकालना। एक बात मैं आप से कहना चाहता हूं अमित शाह जी, पहली बात तो यह है कि आपके कोसने से दिग्विजय सिंह की मृत्यु नहीं होगी। दूसरा अगर हो भी गई तो मेरा जनाजा नहीं, अर्थी निकलेगी। वह भी मेरे कांग्रेस के कार्यकर्ताओं के कंधे पर उठेगी। आपके कंधों पर नहीं उठेगी। इस तरह की नफरत की बातें करते हैं, हमने कभी इस तरह की बातें कभी नहीं की हैं। ये एक संस्कार की बात होती है, एक राजनैतिक मूल्यों की बात होती है। मैं आपसे सिर्फ इतना अर्ज करना चाहता हूं कि मैंने चुनाव आपके भरोसे लड़ा है।
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गौरतलब है कि मध्यप्रदेश की राजगढ़ लोकसभा सीट से 77 वर्ष की उम्र में 33 वर्ष के बाद अपना अंतिम चुनाव लड़ रहे मध्यप्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह लगातार कार्यकर्ता के बीच अपनी पकड़ को मजबूत बनाए रखने में जुटे हैं। इसके लिए उन्होंने अपने प्रचार प्रसार में भीड़ एकत्रित करने की बजाय हर एक नेता को अपने अपने पोलिंग बूथ की जिम्मेदारी दी है।
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आपको बता दें कि कुछ दिनों पूर्व ही केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने राजगढ़ जिले के खिलचीपुर में भाजपा प्रत्याशी रोडमल नागर के समर्थन में चुनावी सभा को संबोधित किया था। इसमें कहा था कि दिग्विजय सिंह को हराकर इस तरह से घर भेजना कि आशिक का जनाजा है जरा धूम से निकले, उसी को लेकर सुठालिया में आयोजित सभा में दिग्विजय सिंह ने अमित शाह के बयान पर पलटवार किया है।
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दिग्विजय सिंह ने मंच से ही अपने कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए कहा कि अमित शाह ने अपने भारतीय जनता पार्टी के नेताओं से कहा, कार्यकर्ताओं से कहा कि, भाई दिग्विजय सिंह का जनाजा बड़े धूमधाम से निकालना। एक बात मैं आप से कहना चाहता हूं अमित शाह जी, पहली बात तो यह है कि आपके कोसने से दिग्विजय सिंह की मृत्यु नहीं होगी। दूसरा अगर हो भी गई तो मेरा जनाजा नहीं, अर्थी निकलेगी। वह भी मेरे कांग्रेस के कार्यकर्ताओं के कंधे पर उठेगी। आपके कंधों पर नहीं उठेगी। इस तरह की नफरत की बातें करते हैं, हमने कभी इस तरह की बातें कभी नहीं की हैं। ये एक संस्कार की बात होती है, एक राजनैतिक मूल्यों की बात होती है। मैं आपसे सिर्फ इतना अर्ज करना चाहता हूं कि मैंने चुनाव आपके भरोसे लड़ा है।
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गौरतलब है कि मध्यप्रदेश की राजगढ़ लोकसभा सीट से 77 वर्ष की उम्र में 33 वर्ष के बाद अपना अंतिम चुनाव लड़ रहे मध्यप्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह लगातार कार्यकर्ता के बीच अपनी पकड़ को मजबूत बनाए रखने में जुटे हैं। इसके लिए उन्होंने अपने प्रचार प्रसार में भीड़ एकत्रित करने की बजाय हर एक नेता को अपने अपने पोलिंग बूथ की जिम्मेदारी दी है।
