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Shajapur News: छत से टपकते पानी के बीच बच्चों ने दी परीक्षा, खुली व्यवस्थाओं की पोल

न्यूज डेस्क, अमर उजाला, शाजापुर Published by: शाजापुर ब्यूरो Updated Fri, 20 Feb 2026 10:46 PM IST
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सार

शाजापुर जिले के शासकीय स्कूल में 5वीं-8वीं बोर्ड परीक्षा के दौरान 144 छात्रों भीगते हुए टाटपट्टी पर परीक्षा दी। परीक्षा के दौरान छत से लगातार पानी टपकता रहा। इसका वीडियो सामने आया है। 

Children took their exams amid water dripping from the roof, exposing the poor arrangements
शाजापुर जिले के स्कूल में टपकते पानी के बीच परीक्षा देते परीक्षार्थी - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार

पाचवीं और आठवीं की बोर्ड परीक्षा की शुरुआत शुक्रवार से हुई है। पहले ही दिन जिले में परीक्षा केंद्रों पर बदहाली की तस्वीर सामने आई है। यहां ग्राम पिपलिया गोपाल स्थित शासकीय माध्यमिक विद्यालय में शुक्रवार को कक्षा 5वी और 8वीं की बोर्ड परीक्षा के दौरान छात्रों को टपकती छत के नीचे बैठना पड़ा। हिंदी का पहला पेपर दे रहे 144 विद्यार्थी टाटपट्टी पर बैठकर परीक्षा दे रहे थे, तभी बारिश शुरू हो गई।

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बारिश के कारण परीक्षा कक्ष की छत से पानी टपकने लगा, जिससे बच्चों को भीगते हुए परीक्षा देने को मजबूर होना पड़ा। परीक्षा का समय दोपहर 2 बजे से शाम 5 बजे तक था। तस्वीरों में साफ दिख रहा था कि बाल्टी और मग रखकर पानी को फैलने से रोकने की कोशिश की जा रही थी, लेकिन इसके बावजूद टाटपट्टी और फर्श गीले हो गए थे। बच्चों के कपड़ों पर भी पानी टपक रहा था। यह शासकीय स्कूल तीन दिन पहले भी बच्चों से शौचालय की सफाई कराने के मामले में चर्चा में आया था। अब एक बार फिर शिक्षा विभाग की लापरवाही सामने आई है, जहां छात्रों को ऐसी प्रतिकूल परिस्थितियों में परीक्षा देनी पड़ी।
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अचानक से आया पानी
मामले में स्कूल की शिक्षिका शबाना परवीन ने बताया कि उन्हें बारिश होने की जानकारी नहीं थी। उन्होंने कहा कि परीक्षा शुरू होते ही बारिश भी आ गई। अचानक छत के रास्ते क्लास में पानी आना शुरू हो गया।

शुजालपुर क्षेत्र में भी जमीन पर बैठे परीक्षार्थी
शुजालपुर क्षेत्र के  ग्राम भीलखेड़ी के एक परीक्षा केंद्र पर फर्नीचर के अभाव में छात्रों को जमीन पर बैठकर हिंदी का प्रश्नपत्र हल करना पड़ा। मामला भीलखेड़ी के शासकीय स्कूल के पास स्थित मांगलिक भवन में बने परीक्षा केंद्र की है। विकासखंड शिक्षा अधिकारी डीएस मालवीय ने बताया कि अकेले भीलखेड़ी में वाहन समय पर उपलब्ध न होने के कारण यह समस्या आई थी। उन्होंने दावा किया कि समस्या के तत्काल समाधान के लिए फर्नीचर पहुंचा दिया गया है।

मालवीय के अनुसार, शुजालपुर विकासखंड में अशासकीय और शासकीय स्कूलों को मिलाकर कक्षा 5वीं में कुल 3660 और कक्षा 8वीं में 3590 परीक्षार्थी पंजीकृत हैं। दोनों कक्षाओं के लिए हिंदी का पहला पेपर दोपहर 2 बजे से 4:30 बजे तक आयोजित किया गया। क्षेत्र में कुल 38 परीक्षा केंद्रों पर कोई नकल प्रकरण दर्ज नहीं किया गया। आकस्मिक जांच दल ने जामनेर सहित शुजालपुर के सरस्वती शिशु मंदिर, एसेंट पब्लिक स्कूल और शासकीय बालक उमावि सिटी में भी निरीक्षण किया, जहां कोई नकल का मामला सामने नहीं आया।

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