उत्तर प्रदेश के दुधवा नेशनल पार्क में एक दुर्लभ प्रजाति का सांप देखने को मिला। इस सांप की तस्वीर को जब सोशल मीडिया पर साझा किया गया, तो लोग इसे देखकर हैरान हो गए। लाल रंग के इस सांप की प्रजाति को रेड कोरल कुकरी कहा जाता है, जो कि बहुत ही दुर्लभ प्रजातियों में से एक है। इस सांप की तस्वीर को दुधवा नेशनल पार्क के एक स्टाफ ने क्लिक किया, जिसे वन्यजीव संरक्षण और पर्यटन संगठन वाइल्डलेंस द्वारा ट्विटर पर साझा किया गया।
बारिश होने के बाद उत्तर प्रदेश में निकला ऐसा दुर्लभ सांप, जिसकी खूबसूरती निहारते रह गए लोग
इस दुर्लभ प्रजाति के सांप को दुधवा में सबसे पहली बार साल 1936 में देखा गया था। इस सांप का जूलॉजिकल नाम "ओलिगोडोन खेरिएन्सिस" है। इसके बाद इस प्रजाति के सांप को साल 2019 के फरवरी महीने में देखा गया था। भारतीय वन सेवा के वरिष्ठ अधिकारी रमेश पांडे के मुताबिक, रेड कोरल कुकरी सांप को पिछले कुछ सालों में चार बार देखा गया है, जबकि इससे पहले यह सांप इतनी बार कभी भी नहीं देखा गया है।
उत्तराखंड में भी दिख चुका है ये सांप
बता दें कि इससे पहले साल 2015 में उत्तराखंड में पहली बार इस दुर्लभ प्रजाति के सांप को देखा गया था। वन विभाग के दावे के मुताबिक इस रहस्यमय सांप को लेकर अभी दुनिया के लोग अंजान हैं।
वाइल्डलेंस ने इस दुर्लभ प्रजाति के सांप की तस्वीर को रविवार को साझा करते हुए लिखा कि 'दुधवा नेशनल पार्क विविधता और आश्चर्य से भरा है। रेड कोरल कुकरी सांप, एक बहुत ही दुर्लभ सांप है। आज शाम कर्मचारियों की झोपड़ी के पास बारिश के बाद यह सांप दिखा।'
#Dudhwa National Park is full of diversity and surprises. Red coral kukri snake, a very rare snake... today evening after rain near staff cottage.
Courtesy: staff resident.#Snake #rare@rameshpandeyifs @ParveenKaswan @susantananda3 @htTweets @skumarias02 #wildlense pic.twitter.com/whk3Gtemde
विशेषज्ञों के मुताबिक रेड कोरल कुकरी सांप जहरीले नहीं होते हैं। ये सांप सिर्फ कीड़े और वॉर्म्स खाते हैं। अपने लाल नारंगी रंग और दांतों के वजह से इन सांपों को रेड कोरल कुकरी नाम दिया गया है। क्योंकि इन सांपों के दांत नेपाली "खुखरी" के तरह होते हैं, जो अंडे तोड़ने के काम आते हैं।