Year Ender 2024: भारत अंतरिक्ष विज्ञान के क्षेत्र में हर दिन नई ऊचाईयां छू रहा है। भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन(ISRO) अमेरिकी अतंरिक्ष एजेंसी (NASA) और यूरोपीय अंतरिक्ष एजेंसी (ESA) समेत दुनिया कई अंतरिक्ष एजेंसियां ब्रह्मांड के रहस्यों को सुलझाने के लिए आए दिन नए-नए मिशन लाॅन्च कर रही हैं। साल 2024 अंतरिक्ष क्षेत्र के लिए बेहद खास रहा है। इस साल अंतरिक्ष एजेंसियों ने कई मिशन लॉन्च किए, जिनमें यूरोपा क्लिपर और प्रोबा-3 समेत कई अंतरिक्ष मिशन शामिल है।
Year Ender 2024: साल 2024 में लॉन्च हुए ये खास अंतरिक्ष मिशन, एक तो एलियन जीवन की करेगा तलाश
Year Ender 2024: भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन(ISRO) अमेरिकी अतंरिक्ष एजेंसी (NASA) और यूरोपीय अंतरिक्ष एजेंसी (ESA) समेत दुनिया कई अंतरिक्ष एजेंसियां ब्रह्मांड के रहस्यों को सुलझाने के लिए आए दिन नए-नए मिशन लाॅन्च कर रही हैं।
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पोलारिस डॉन मिशन
एलन मस्क की कंपनी स्पेस-एक्स द्वारा पोलारिस डॉन मिशन को सितंबर, 2024 को लॉन्च किया। यह मिशन मानव युक्त था, जिसका उद्देश्य अंतरिक्ष खोज के नए तरीकों का परीक्षण करना था।
इसमें स्पेस-एक्स ड्रैगन कैप्सूल का इस्तेमाल किया है और मिशन के दौरान पहला कॉमर्सियल स्पेसवॉक किया गया। चालक ने पृथ्वी की निचली कक्षा में वैज्ञानिक अनुसंधान और तकनीकी परीक्षण किए।
यूरोपा क्लिपर मिशन
अमेरिकी अंतरिक्ष एजेंसी नासा ने अक्तूबर 2024 में इस मिशन को लॉन्च किया। मिशन का मकसद बृहस्पति के चंद्रमा यूरोपा का अध्ययन करना है। मुख्य रूप से उसकी बर्फीली सतह के नीचे छिपे महासागर की जांच करना। यह मिशन जीवन के संभावित संकेतों की तलाश करेगा और सतह के नीचे स्थित पानी के महासागर की संरचना और उसकी रासायनिक विशेषताओं को समझने में मदद करेगा। इसका मकसद यूरोपा पर एलियन की जीवन का तलाश करना भी है। बृहस्पति ग्रह के पास 95 चंद्रमा है, जिसमें यूरोपा चौथा सबसे बड़ा चांद है। इसकी सतह पर नमकीन पानी का बर्फीला समंदर है। वैज्ञानिकों का मानना है कि यूरोपा पर पृथ्वी से दोगुना पानी है। यह भी उम्मीद की जाती है कि यहां पर जीवन मौजूद हो सकता है। या पनप रहा हो। यह भी हो सकता है कि कभी पहले रहा हो।
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चांग-ई 6 मिशन
चीन का चांग-ई 6 मिशन मई, 2024 में लॉन्च किया गया। इस मिशन का मुख्य उद्देश्य चंद्रमा के दूरस्थ क्षेत्रों से नमूने लाकर उनका शोध करना था। इस मिशन के तहत लाए गए नमूनों से चंद्रमा के निर्माण, उसकी सतह की संरचना और उसके विकास के बारे में नई जानकारी मिली।
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तियानलोंग-3 मिशन
यह एक चीन का रॉकेट था, जिसे स्पेस पियोनीर ने मई 2024 में लॉन्च किया। इस मिशन का मकसद सैटेलाइट्स को पृथ्वी की कक्षा में स्थापित करना था। चीन की तरफ से तियानलोंग-3 को कॉमर्सियल अंतरिक्ष क्षमता को बढ़ाने और निजी अंतरिक्ष क्षेत्र में प्रतिस्पर्धा को प्रोत्साहित करने के लिए विकसित किया गया था।
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