{"_id":"5d15b05a8ebc3e3cf6223b11","slug":"foreign-language-course-best-career-option-for-students-to-earn-money","type":"photo-gallery","status":"publish","title_hn":"पैसा कमाने के साथ-साथ पहचान बनाना चाहते हैं तो इस क्षेत्र में करियर बनाएं, एक्सपर्ट दे रहे टिप्स","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
पैसा कमाने के साथ-साथ पहचान बनाना चाहते हैं तो इस क्षेत्र में करियर बनाएं, एक्सपर्ट दे रहे टिप्स
Fri, 28 Jun 2019 12:01 PM IST
खुशबू गोयल
रिशु राज सिंह, अमर उजाला, चंडीगढ़
रिशु राज सिंह, अमर उजाला, चंडीगढ़
Published by: खुशबू गोयल
Updated Fri, 28 Jun 2019 12:01 PM IST
विज्ञापन
फाइल फोटो
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
पैसा कमाने के साथ-साथ दुनिया भर में अपनी एक पहचान भी बनाना चाहते हैं, तो इस फील्ड में करियर बनाएं। इसके लिए एक्सपर्ट टिप्स दे रहें हैं, ध्यान से पढ़ लें।
फाइल फोटो
ग्लोबलाइजेशन का जमाना है, ऐसे में फॉरेन लैंग्वेज में स्किल प्रोफेशनल्स की मांग तेजी से बढ़ी है और बड़ी संख्या में युवाओं को रोजगार मिल रहा है। दो या दो से अधिक फॉरेन लैंग्वेज की जानकारी रखने वाले युवाओं को नौकरी और व्यापार दोनों में ग्लोबल एक्सपोजर मिल रहा है। इसलिए स्टूडेंट्स में इन दिनों फ्रेंच, रशियन, जर्मन, जापानी, चाइनीज, कोरियन, स्पेनिश आदि विदेशी भाषाओं को सीखने की ललक बढ़ गई है। यही कारण है कि पंजाब यूनिवर्सिटी में विदेशी भाषाओं में कोर्स करने के लिए कई गुना ज्यादा आवेदन आ रहे हैं। कई भाषाओं के जानकार युवाओं को बढ़ोतरी के ज्यादा अवसर मिलते हैं। ऐसे लोग अन्य लोगों की तुलना में ज्यादा कमाते हैं। यह बात कई शोध में भी साबित हो चुकी है।
फाइल फोटो
फॉरेन लैंग्वेज के कोर्स और क्वालिफिकेशन
पंजाब यूनिवर्सिटी में फॉरेन लैंग्वेज में पोस्ट ग्रेजुएशन डिग्री, 3 साल का एडवांस डिप्लोमा, 2 साल का डिप्लोमा और एक साल का सर्टिफिकेट कोर्स कराया जाता है। 12वीं पास कोई भी युवा इन कोर्सेज में दाखिले के लिए आवेदन कर सकता है। अलग-अलग कोर्स में प्रवेश के लिए अलग-अलग योग्याताएं हैं। कई डिपार्टमेंट प्रवेश परीक्षा के आधार पर कोर्स में प्रवेश देते हैं। कुछ मेरिट के आधार पर दाखिला देते हैं। जानकारों की मानें तो फॉरेन लैंग्वेज सीखने के लिए अंग्रेजी अच्छी हो तो ठीक वरना कम अंग्रेजी जानने वाले स्टूडेंट्स को कोई समस्या नहीं होती। स्टूडेंट का किसी भी एक भाषा पर अच्छी पकड़ होना जरूरी है।
पंजाब यूनिवर्सिटी में फॉरेन लैंग्वेज में पोस्ट ग्रेजुएशन डिग्री, 3 साल का एडवांस डिप्लोमा, 2 साल का डिप्लोमा और एक साल का सर्टिफिकेट कोर्स कराया जाता है। 12वीं पास कोई भी युवा इन कोर्सेज में दाखिले के लिए आवेदन कर सकता है। अलग-अलग कोर्स में प्रवेश के लिए अलग-अलग योग्याताएं हैं। कई डिपार्टमेंट प्रवेश परीक्षा के आधार पर कोर्स में प्रवेश देते हैं। कुछ मेरिट के आधार पर दाखिला देते हैं। जानकारों की मानें तो फॉरेन लैंग्वेज सीखने के लिए अंग्रेजी अच्छी हो तो ठीक वरना कम अंग्रेजी जानने वाले स्टूडेंट्स को कोई समस्या नहीं होती। स्टूडेंट का किसी भी एक भाषा पर अच्छी पकड़ होना जरूरी है।
विज्ञापन
विज्ञापन
फाइल फोटो
फॉरेन लैंग्वेज प्रोफेशनल्स को मिलता है अच्छा वेतन
फॉरेन लैंग्वेज कोर्स करने से विदेश में जाकर रिसर्च कर सकते हैं या आगे की पढ़ाई करने में आसानी होती है। अपने देश में ही उस लैंग्वेज के टीचर बन सकते हैं। केंद्रीय विद्यालय और कई प्राइवेट स्कूल अब सीनियर सेकेंडरी लेवल पर ही फॉरेन लैंग्वेज पढ़ाते हैं। उसमें भी कैरियर बना सकते हैं। इसके अलावा ट्रांसलेटर या इंटरप्रेटर को सरकारी विभागों और निजी कंपनियों में काफी अच्छा वेतन मिलता है। एक ट्रांसलेटर को शुरुआत में 20 से 30 हजार रुपये की सैलरी आसानी से मिल जाती है। इसी तरह, इंटरप्रेटर 40 से 50 हजार रुपये प्रति माह वेतन पाते हैं। विदेशी कंपनियों के साथ इस तरह के काम के लिए लोगों को प्रति माह लाखों रुपये तक मिलते हैं। फ्रीलांसिंग के जरिए तमाम अनुवादक घर बैठे अच्छी कमाई कर रहे हैं। होटल और टूरिज्म इंडस्ट्री में बतौर गाइड लोग एक दिन में हजारों रुपये कमा लेते हैं।
फॉरेन लैंग्वेज कोर्स करने से विदेश में जाकर रिसर्च कर सकते हैं या आगे की पढ़ाई करने में आसानी होती है। अपने देश में ही उस लैंग्वेज के टीचर बन सकते हैं। केंद्रीय विद्यालय और कई प्राइवेट स्कूल अब सीनियर सेकेंडरी लेवल पर ही फॉरेन लैंग्वेज पढ़ाते हैं। उसमें भी कैरियर बना सकते हैं। इसके अलावा ट्रांसलेटर या इंटरप्रेटर को सरकारी विभागों और निजी कंपनियों में काफी अच्छा वेतन मिलता है। एक ट्रांसलेटर को शुरुआत में 20 से 30 हजार रुपये की सैलरी आसानी से मिल जाती है। इसी तरह, इंटरप्रेटर 40 से 50 हजार रुपये प्रति माह वेतन पाते हैं। विदेशी कंपनियों के साथ इस तरह के काम के लिए लोगों को प्रति माह लाखों रुपये तक मिलते हैं। फ्रीलांसिंग के जरिए तमाम अनुवादक घर बैठे अच्छी कमाई कर रहे हैं। होटल और टूरिज्म इंडस्ट्री में बतौर गाइड लोग एक दिन में हजारों रुपये कमा लेते हैं।
विज्ञापन
फाइल फोटो
कहां-कहां मौजूद हैं नौकरियों के अवसर
विदेशी भाषाओं के जानकारों के लिए सरकारी और निजी दोनों क्षेत्रों में जॉब्स की तमाम संभावनाएं हैं। दूतावास, सरकारी विभाग, टूरिज्म इंडस्ट्री, हॉस्पिटेलिटी सेक्टर, मनोरंजन उद्योग, जनसंपर्क, विज्ञापन, प्रकाशन उद्योग, एविएशन सेक्टर, एफएमसीजी उद्योग, शैक्षणिक संस्थान आदि क्षेत्रों में विदेशी भाषाओं के जानकारों को अच्छे अवसर प्राप्त हो सकते हैं। बीपीओ या कॉल सेंटर के अलावा बैंकिंग सेक्टर में भी विदेशी भाषा के जानकारों की खूब मांग है। विदेशी न्यूजपेपर या टीवी चैनलों में वहां की भाषा के जानकारों को संवाददाता के रूप में रखा जा रहा है। ऑनलाइन कंटेंट राइटर या टेक्निकल ट्रांसलेटर बन सकते हैं।
विदेशी भाषाओं के जानकारों के लिए सरकारी और निजी दोनों क्षेत्रों में जॉब्स की तमाम संभावनाएं हैं। दूतावास, सरकारी विभाग, टूरिज्म इंडस्ट्री, हॉस्पिटेलिटी सेक्टर, मनोरंजन उद्योग, जनसंपर्क, विज्ञापन, प्रकाशन उद्योग, एविएशन सेक्टर, एफएमसीजी उद्योग, शैक्षणिक संस्थान आदि क्षेत्रों में विदेशी भाषाओं के जानकारों को अच्छे अवसर प्राप्त हो सकते हैं। बीपीओ या कॉल सेंटर के अलावा बैंकिंग सेक्टर में भी विदेशी भाषा के जानकारों की खूब मांग है। विदेशी न्यूजपेपर या टीवी चैनलों में वहां की भाषा के जानकारों को संवाददाता के रूप में रखा जा रहा है। ऑनलाइन कंटेंट राइटर या टेक्निकल ट्रांसलेटर बन सकते हैं।