पंजाब के अमृतसर में दशहरा के दिन बड़ा रेल हादसा हो गया। यहां के जौड़ा फाटक के पास स्थित एक मैदान में लोग रावण दहन देख रहे थे। ये सभी लोग रेल ट्रैक पर खड़े थे। तभी तेज रफ्तार ट्रेन की चपेट में आने से 61 लोगों की जान चली गई और 70 से अधिक लोगों के घायल होने की खबर है। हादसा इतना दर्दनाक है कि इसकी पूरी तस्वीरें भी नहीं दिखाई जा सकती हैं।
Pics: दो ट्रेनों की आवाजाही के बीच हुआ अमृतसर रेल हादसा, हर तरफ बिखर गए शव
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हादसे पर नवजोत कौर सिद्धू का बयान आया है। नवजोत कौर सिद्धू ने कहा कि वहां पर पर्याप्त पुलिस बल मौजूद था। रेलवे ट्रैक पर बहुत सालों से रावण दहन होता रहा है। छह जगह रावण जलाए गए और ये सभी रेलवे ट्रैक के पास है। ये रेलवे की बड़ी लापरवाही है। ट्रेन काफी तेज थी और उनकी स्पीड कम नहीं की गई। हमने तुरंत कमीश्नर साहब से बात की और पूछा मैं घटनास्थल पर आऊं।
हम सारी रात यहीं पर है। जब तक सभी को सुविधा मुहैया नहीं करा लेते। पता ही नहीं चला कि ये लोग ट्रैक पर सेल्फी ले रहे थे या फिर कैसे पहुंच गए। हमारे इलाके के ये लोग हैं। हमने ट्रैक पर नहीं बैठाया। इस पर रातनीति करने करने वालों को शर्म आनी चाहिए। खबरों के मुताबिक नवजोत सिंह सिद्धू की पत्नी नवजोत कौर सिद्धू घटना के वक्त मंच पर मौजूद थी। हादसे के बाद वह वहां से चली गई। प्रशासक को लेकर लोगों में काफी गुस्सा है।