करावल नगर थाने में पुलिस हिरासत में फांसी लगाने के मामले में दीपक के परिवार ने आरोप लगाया है कि पुलिस के..
दिल्ली के थाने में लटका मिला शव, पुलिस पर लगे ये गंभीर आरोप
दीपक के परिवार ने आरोप लगाया है कि पुलिस के थर्ड डिग्री टॉर्चर के कारण उसकी मौत हो गई। बाद में उसे फंदे से लटका दिया गया। दीपक के दिव्यांग चाचा श्यामसुंदर ने आरोप लगाया है कि उसके खबर लेने थाने जाने पर उसे भी बंधक बना लिया गया। श्याम ने खुद की पिटाई के भी आरोप लगाया है। जिले के वरिष्ठ पुलिस अधिकारी श्याम के सभी आरोपों से इंकार कर रहे हैं। उनका कहना है कि दीपक एक भगोड़ा अपराधी था। पुलिस अपनी ड्यूटी कर रही थी। कोर्ट में पेशी से पूर्व उसने फांसी लगा ली।
दीपक की बुआ राजबाला ने बताया कि श्याम के कहने पर ही सोमवार को दीपक कोर्ट जाने को राजी हुआ था। कोर्ट में पेशी से पूर्व ही एसआई संदीप उसे कोर्ट से जबरन थाने ले आया। यहां लाकर उसे बुरी तरह पीटा। करीब 3.00 बजे पुलिसकर्मियों ने श्याम को कॉल कर दीपक के कपड़े लाने के लिए कहा था।
राजबाला का आरोप है कि कपड़े लेकर गए श्याम को भी पुलिसकर्मियों ने जबरन थाने में बिठा लिया। जब उसने बीमार होने और घर जाने की बात की तो उसे बुरी तरह पीटा गया। श्याम ने अपनी बहन राजबाला को फोन किया तो उसे छह बजे उसे छोड़ा गया। बाद में श्याम व राजबाला दीपक का खाना खिलाकर वापस घर आ गए। रात में राजबाला ने दीपक से मिलने का प्रयास किया तो उन्हें थाने से भगा दिया गया।
राजबाला ने पुलिसकर्मियों द्वारा रुपये भी मांगने का आरोप लगाया है। सुबह करीब 8.00 बजे श्याम ने थाने कॉल की तो वहां से बताया गया कि दीपक को कोर्ट ले जाया गया है। कोर्ट में उससे मुलाकात हो सकती है। परिवार घर पर मौजूद था। इस बीच दोपहर करीब 2.00 बजे एक स्थानीय नेता को श्याम के ंघर भेजकर दीपक के थाने में फांसी लगाने की बात बताई गई। इसके बाद पुलिस थाने पहुंची तो वहां से जीटीबी अस्पतल जाने के लिए कहा गय। परिजनें ने दीपक की लाश देखकर उसकी बुरी तरह पिटाई करने का आरोप लगाकर दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांगी की है।
