निवाड़ी थाना क्षेत्र के पतला कस्बे में शनिवार तड़के खेत में करंट दौड़ने से सिंचाई कर रहे पिता-पुत्र की मौके पर ही मौत हो गई। बिजली का तार टूटकर खेत में पड़ा था। गुस्साए ग्रामीणों ने पावर कारपोरेशन पर लापरवाही का आरोप लगाते हुए तीन घंटे हंगामा किया और जेई को सस्पेंड कराने की मांग की। मोदीनगर विधायक, एसडीएम, सीओ मौके पर पहुंचे और लोगों को शांत कराया। मृतकों को पांच-पांच लाख के चेक और एक लाख कैश मुआवजा दिया गया है।
खेत में ही बन गई किसान बाप-बेटे की कब्र, दिल दहला देने वाली मौत से मचा हड़कंप
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
जेई और लाइनमैन के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर घटना की जांच की जा रही है। पतला कस्बा निवासी किसान अनिल (42) शनिवार तड़के करीब पांच बजे घेर के पास गन्ने की फसल की सिंचाई के लिए खेत गए थे। जैसे ही उन्होंने पानी देना शुरू किया पहले से टूटकर गिरे एलटी लाइन की तार से पूरे खेत में करंट फैल गया। करंट की चपेट में आकर अनिल वहीं तड़पने लगे। पास के ही खेत पर काम कर रहे एक किसान ने अनिल के पिता सत्यवीर (65) को सूचना दी। सत्यवीर खेत में पहुंचे और बेटे को बचाने के दौरान करंट की चपेट में आ गए। दोनों की मौके पर ही मौत हो गई। मौत की सूचना फैलते ही गांव के लोग इकट्ठा हो गए और प्रशासन और पावर कारपोरेशन के खिलाफ नारेबाजी करने लगे। उन्होंने जमकर हंगामा काटा और परिवार को 50 लाख के मुआवजे की मांग की।
आरोप है कि निवाड़ी सबस्टेशन के जेई सचिन की लापरवाही से दोनों की मौत हुई है। विधायक मंजू शिवाच, एसडीएम अतुल कुमार, सीओ देवेंद्र मिश्र आदि अधिकारी मौके पर पहुंचे और लोगों को शांत कराया। आनन-फानन में प्रशासन ने परिवार के लोगों को 5-5 लाख के दो चेक और एक लाख रुपये कैश मुआवजे के रूप में दिए। परिजनों ने परिवार के सदस्य को सरकारी नौकरी की भी मांग की। इस पर अधिकारियों ने आश्वासन दिया। सीओ ने बताया कि शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है। परिजनों की शिकायत पर जेई सचिन और लाइनमैन संजय के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर मामले की जांच की जा रही है।
बेटे को बचाने के लिए 10 मिनट तक जूझता रहा पिता: प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि बेटे अनिल को बचाने के लिए उसके पिता सत्यवीर ने पहले लकड़ी के डंडे से तार को हटाने की कोशिश की। इसके बाद उन्होंने रबड़ के पट्टे से उसे बचाने की कोशिश की। करीब दस मिनट तक बेटे को बचाने की कोशिश के दौरान उनका पैर फिसल गया और वह भी करंट की चपेट में आ गए, जिससे उनकी भी मौत हो गई। बता दें कि इससे पहले कई बिजली कर्मचारियों और पशुओं को भी करंट लग चुका है।
दो मौतों के बाद परिवार में मच गया कोहराम: एक ही परिवार के दो लोगों की मौत होने से परिजनों का बुरा हाल है। अनिल के तीनों बच्चे पिंकी, वंश व हर्ष और पत्नी सदमे में हैं। लोगों ने बताया कि अनिल ही परिवार का पालन-पोषण करने वाला था। एसडीएम अतुल कुमार ने बताया कि उन्हें डीएम मिनिस्ती एस ने निर्देश दिए हैं कि आने वाले तीन दिनों में मोदीनगर के सभी गांवों में बिजली विभाग नौ जेई, बड़े गांव के पांच और छोटे गांव के तीन व्यक्तियों के सहयोग से सभी केबलों की जांच की जाएगी। यह टीम तीन दिन बाद ही मामले की जांच कर एक रिपोर्ट शासन को भेजेगी। इसके अलावा उन्होंने निवाड़ी जेई सचिन के सस्पेंड कराने की रिपोर्ट के आदेश भी पारित कर दिए हैं। साथ ही मृतकों की पत्नी को मुख्यमंत्री विधवा पेंशन के तहत पांच लाख रुपये दिलाने की एक रिपोर्ट भी शासन को भेजी है।