'तेरे नाम' फेम अभिनेत्री भूमिका चावला ने हिंदी फिल्म जगत में अपना जो नाम बनाया है, उसमें सलमान खान के साथ आई उनकी इस फिल्म का बड़ा योगदान है। है। ‘तेरे नाम’, ‘दिल ने जिसे अपना कहा’ के बाद भूमिका एक बार फिर से सलमान के साथ 'किसी का भाई किसी की जान' में वापसी कर रही हैं। हिंदी फिल्मों के अलावा भूमिका तमिल, तेलुगू और मलयालम फिल्मों में भी अच्छा काम करती रही हैं। फिल्म 'किसी का भाई किसी की जान' के सिलसिले में मिलीं भूमिका चावला से ‘अमर उजाला’ की खास बातचीत:
Bhumika Chawla Interview: सलमान खान की हीरोइन का बिंदास बयान, हीरो अगर 50 साल का है तो हीरोइन भी कम से कम...
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आपको हिंदी फिल्म इंडस्ट्री में 22 साल हो गए हैं तो इन सालों में आपने खुद में क्या बदलाव देखे हैं?
जब मैं पीछे मुड़ कर देखती हूं तो खुशी होती है लेकिन साथ ही लगता है कि इतनी भाग्यशाली रही हूं कि इतने सालों तक लगातार काम कर रही हूं। मेरे लिए यह सौभाग्य की बात है कि मैं काफी सारी अच्छी फिल्मों का हिस्सा रही हूं। मैं हिंदी के साथ ही और भी कई भाषाओं की फिल्मों में काम करती रही हूं और वहां भी अच्छा काम ही किया है। ऊपर वाले ने मुझे बहुत कुछ दिया है तो उसके लिए तो आभार कभी खत्म नहीं होगा। अभी भी मैं बहुत कुछ करना चाहती हूं। खूब काम करना चाहती हूं। ऐसे किरदार करना चाहती हूं जो अब तक मैंने नहीं किए।
तो वह किस तरह के किरदार हैं जो आप करना चाहती हैं ?
मुझे लगता है मैं हास्य बहुत अच्छे से कर सकती हूं। क्योंकि जो मेरे बहुत करीबी लोग हैं वह जानते हैं कि मैं कितनी मजाकिया हूं। इसके अलावा मैं ऐक्शन करना चाहूंगी। थ्रिलर हो तो उसमें भी मजा आएघा। इस तरह के काफी सारे किरदार करना चाहती हूं। ये सारे किरदार मैं मुख्यधारा के सिनेमा के अलावा भी करना चाहूंगी। मैं अलग अलग भाषाओं में काम करती हूं तो वहां देखती हूं कि कितना अलग अलग काम हो रहा है।
साउथ की अलग अलग भाषाओं में आपने काफी काम किया है लेकिन हिंदी में आपने चुनिंदा काम ही किया, ऐसा क्यों?
मुझे लगता है जब आप काम करें तो आपको भी लगे कि हां कुछ अच्छा किया है और आगे कुछ साल बाद अपना काम मुड़ कर देखें तो अच्छा लगना चाहिए। मैंने ऐसे ही काम किया। शुरुआत में मैं कुछ चुनिंदा काम ही करना पसंद करती थी। कई बार ऐसा हुआ कि मैंने कोई फिल्म साइन की और वहां कोई ऐसी शर्त होती थी जिसकी वजह से वह फिल्म नहीं हो पाई। एक वक्त था जब मैंने काफी बड़ी फिल्में साइन की थीं। फिल्म छह महीने या एक साल रुकी और उसके बाद प्रोडयूसर और पूरी टीम बदल गई। उस दौरान ऐसा था कि मैं एक फिल्म करूंगी और बहुत अच्छी करूंगी लेकिन कुछ दिक्कतों की वजह से वह नहीं हो पता है।
साल 2000 वाले सलमान खान और साल 2023 वाले सलमान में आपने क्या बदलाव देखे हैं?
समय के साथ तो हर किसी में बदलाव आते हैं तो हम दोनों में भी आए हैं। लेकिन एक चीज जो सलमान में नहीं बदली वह है कि पहले भी वह जमीन से जुड़े हुए व्यक्ति रहे हैं और आज भी वह वैसे ही हैं। शांति से, प्यार से, वह तब भी बातें करते थे और अब भी वैसे ही बात करते हैं। वह खुद ही इस फिल्म 'किसी का भाई किसी की जान' के प्रोडयूसर हैं तो एक जिम्मेदारी भी दिखी इस बार।
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