फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें

कभी पॉकेटमनी के लिए टैक्सी चलाते थे रणदीप हुड्डा, चार साल बाद मिला था ये ऑफर

Tue, 20 Aug 2019 08:11 AM IST
Avinash Pal एंटरटेनमेंट डेस्क अमर उजाला
एंटरटेनमेंट डेस्क अमर उजाला Published by: Avinash Pal Updated Tue, 20 Aug 2019 08:11 AM IST
विज्ञापन
birthday Special Bollywood Actor Randeep Hooda Life and Struggle
रणदीप हुड्डा - फोटो : सोशल मीडिया

20 अगस्त 1976 को रणदीप हुड्डा का जन्म हुआ था। हरियाणा के रहने वाले रणदीप ने बॉलीवुड में काफी कम फिल्में की हैं लेकिन कम फिल्मों में अपनी दमदार अदाकारी से उन्होंने दर्शकों के दिल पर एक गहरी छाप छोड़ी है। एक मध्यम परिवार से बॉलीवुड तक का सफर रणदीप के लिए आसान नहीं था।

birthday Special Bollywood Actor Randeep Hooda Life and Struggle
रणदीप हुड्डा - फोटो : file photo

रणदीप हुड्डा के पिता मेडिकल सर्जन हैं जबकि मां सामाजिक कार्यकर्ता। कॉलेज की पढ़ाई के लिए रणदीप ऑस्ट्रेलिया के मेलबॉर्न गए थे। जहां पर उन्होंने अपनी पॉकेटमनी के लिए टैक्सी चलाई। इसके अलावा वहां उन्होंने एक रेस्त्रां में और एक कार धुलाई करने वाली दुकान में भी काम किया था।

birthday Special Bollywood Actor Randeep Hooda Life and Struggle
Randeep Hooda - फोटो : file photo

रणदीप की शुरुआती पढ़ाई हरियाणा में हुई थी। उन्होंने स्विमिंग और घुड़सवारी भी सीखी है जिसमें उन्होंने कई राष्ट्रीय पुरस्कार भी जीते हैं। इस दौरान उनका थियेटर की तरफ रुझान बढ़ा और वह स्कूल में होने वाले नाटकों में हिस्सा लेने लगे।

विज्ञापन
विज्ञापन
birthday Special Bollywood Actor Randeep Hooda Life and Struggle
Randeep Hooda - फोटो : social media

रणदीप के पिता और बड़ी बहन अंजलि डॉक्टर हैं इसलिए उनका परिवार चाहता था कि वो भी डॉक्टर बनें लेकिन उन्होंने मार्केटिंग में ग्रेजुएशन और फिर एमबीए किया। भारत लौटने के बाद कुछ समय तक उन्होंने एक एयरलाइन कंपनी में भी काम किया था। 

पढ़ें: फिल्मों में आने से पहले वेटर का काम करते थे रणदीप हुड्डा, 3 साल तक चला था सुष्मिता सेन से अफेयर

विज्ञापन
birthday Special Bollywood Actor Randeep Hooda Life and Struggle
Randeep Hooda - फोटो : file photo

काम के साथ ही वह मॉडलिंग करने लगे और दिल्ली के एक थियेटर ग्रुप से भी जुड़ गए। एक नाटक के रिहर्सल के दौरान फिल्म निर्देशक मीरा नायर की नजर उन पर पड़ी और फिल्म 'मॉनसून वेडिंग' में उन्हें काम मिल गया। इस फिल्म के बाद अगली फिल्म के लिए रणदीप को चार साल का इंतजार करना पड़ा। जो कि 2005 में फिल्म 'डी' थी।

अगली फोटो गैलरी देखें
विज्ञापन
सबसे विश्वसनीय Hindi News वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें मनोरंजन समाचार से जुड़ी ब्रेकिंग अपडेट। मनोरंजन जगत की अन्य खबरें जैसे बॉलीवुड न्यूज़, लाइव टीवी न्यूज़, लेटेस्ट हॉलीवुड न्यूज़ और मूवी रिव्यु आदि से संबंधित ब्रेकिंग न्यूज़
 
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed